मध्य प्रदेश

खेल मैदान के अभाव में दम तोड़ रही सिलवानी की युवा खेल प्रतिभाएं

नेशनल लेवल तक पहुंचने वाले खिलाड़ी भी नहीं कर पा रहे नियमित अभ्यास, सुविधाओं के लिए तरस रहे युवा
सिलवानी। नगर में वर्षों से एक व्यवस्थित खेल मैदान की मांग की जा रही है, लेकिन आज तक इस दिशा में कोई ठोस पहल नहीं हो पाई है। नतीजा यह है कि सिलवानी की प्रतिभाशाली युवा पीढ़ी खेल के क्षेत्र में अपनी प्रतिभा को निखारने से पहले ही संसाधनों के अभाव में पीछे छूट रही है।
खेल विशेषज्ञों और स्थानीय नागरिकों के अनुसार, सिलवानी में ऐसी कई छुपी हुई प्रतिभाएं हैं, जो राज्य और राष्ट्रीय स्तर तक अपना दमखम दिखा चुकी हैं। लेकिन अभ्यास के लिए न तो समुचित मैदान है और न ही आधारभूत सुविधाएं। नगर में एकमात्र महाविद्यालय का खेल मैदान है, जो नगर से काफी दूरी पर स्थित है, जिससे अधिकांश खिलाड़ियों के लिए वहां पहुंचना मुश्किल हो जाता है।
*गलियों में अभ्यास को मजबूर युवा*
स्थानीय युवाओं का कहना है कि खेल मैदान न होने के कारण उन्हें मोहल्लों और गलियों में अभ्यास करना पड़ता है, जिससे न तो सही प्रशिक्षण मिल पाता है और न ही खेल के प्रति गंभीरता बनी रहती है। खासकर बालिकाओं को इसका सबसे अधिक खामियाजा उठाना पड़ता है। उन्हें अभ्यास के लिए दूर किसी मैदान में भेजना प्रत्येक परिवार के लिए संभव नहीं होता, जिसके चलते कई बालिका खिलाड़ी अभ्यास से वंचित रह जाती हैं और धीरे-धीरे खेल से दूरी बना लेती हैं।
*जनप्रतिनिधियों और प्रशासन पर उठ रहे सवाल*
नगरवासियों का कहना है कि वर्षों से जनप्रतिनिधियों और प्रशासन से खेल मैदान की मांग की जा रही है, लेकिन अब तक मैदान के लिए ज़मीन तक उपलब्ध नहीं कराई गई है। यह स्थिति तब है जब सिलवानी में हर वर्ष कई स्थानीय एवं सरकारी स्तर की खेल प्रतियोगिताएं होती हैं — जिसमें क्रिकेट, कबड्डी, वॉलीबॉल आदि शामिल हैं।
*नेशनल खिलाड़ी, लेकिन कोई आधारभूत सुविधा नहीं*
यह विडंबना ही है कि एक ओर जहां क्षेत्र के कई खिलाड़ी राष्ट्रीय स्तर की प्रतियोगिताओं में भाग लेकर नगर का नाम रोशन कर रहे हैं, वहीं दूसरी ओर उन्हें स्थानीय स्तर पर अभ्यास करने के लिए कोई उपयुक्त स्थान नहीं मिल पा रहा। अगर उन्हें समुचित प्रशिक्षण और सुविधाएं मिलतीं, तो ये खिलाड़ी अंतरराष्ट्रीय स्तर तक अपनी पहुंच बना सकते थे।
गणमान्य नागरिकों ने उठाई मांग
पूर्व हिंदू उत्सव समिति अध्यक्ष नारायण यादव ने बताया कि सैकड़ों बुजुर्ग, महिला और बच्चे भी सुबह-शाम टहलने के लिए सुरक्षित और खुले स्थान के अभाव में सड़कों पर घूमने को मजबूर हैं। यदि नगर में एक व्यवस्थित खेल मैदान बन जाए, तो वह सभी आयु वर्ग के लोगों के लिए उपयोगी साबित होगा।
वहीं नगर के समाजसेवी अखिलेश बजाज ने कहा कि अगर सरकार सिलवानी में एक आधुनिक और पूर्ण रूप से विकसित खेल मैदान का निर्माण करवाए, तो न सिर्फ युवा वर्ग को अभ्यास की बेहतर सुविधाएं मिलेंगी, बल्कि वे सेना, पुलिस जैसी सेवाओं के लिए भी प्रभावी ढंग से तैयारी कर सकेंगे।
*एकजुट हो रही है खेलप्रेमियों की आवाज*
अब नगर के युवा और खेल प्रेमी संगठित होकर प्रशासन से अपील कर रहे हैं कि सिलवानी में शीघ्र ही एक पूर्ण विकसित खेल मैदान का निर्माण कराया जाए। यह न केवल खेल को बढ़ावा देगा, बल्कि क्षेत्र की प्रतिभाओं को एक सही मंच देने में सहायक सिद्ध होगा।
सिलवानी जैसे विकासशील नगर में खेल मैदान का निर्माण सिर्फ एक आवश्यकता नहीं, बल्कि प्रतिभाओं के भविष्य को संवारने का अवसर है।
*राष्ट्रीय स्तर तक खेल चुके खिलाड़ीयों का कहना है कि*
*शशांक जैन राष्ट्रीय खिलाड़ी बैडमिंटन*
प्रदेश सरकार से लेकर केन्द्र सरकार खेलों के महत्व को समझ रही है, लेकिन मैदानों की दुर्दशा किसी से छिपी नहीं हैं। मैं स्कूल लेबल से ही बैडमिंटन व क्रिकेट का खिलाड़ी रहा हूं। स्कूल से भी बाहर खेलने गया हूं। लेकिन दूसरी जगह तहसील स्तर पर ही बहुत अच्छे खेल मैदान है। उसकी अपेक्षा सिलवानी में इस ओर ध्यान ही नहीं दिया गया। जनप्रतिनिधियों को चाहिए कि वे यह सर्व सुविधायुक्त मैदान बनवाएं। इससे सभी को फायदा हो।
*दीपक सिंह राष्ट्रीय खिलाड़ी वॉलीबॉल*
क्षेत्र में प्रतिभाओं की कोई कमी नहीं है। सुविधा व संसाधनों का अभाव है। मैं खिलाड़ी होते हुए सुविधाओं के अभाव को समझता हूं। क्षेत्र के युवाओं में प्रतिभा की कोई कमी नहीं है लेकिन अच्छे खेल मैदान नहीं होने के कारण युवाओं की प्रतिभा निखर नहीं पा रही। लेकिन यदि मैदानों के साथ बच्चों को सुविधाएं उपलब्ध कराई जाएं तो वे क्षेत्र का नाम रोशन करेंगे। मैं चाहता हूं सबसे पहले यहां सर्व सुविधायुक्त मैदान बनाया जाए।
*आशी सोनी वॉलीबॉल राष्ट्रीय खिलाड़ी*
खेल मैदान की अभाव से खिलाड़ियों की प्रतिभा सिलवानी में दम तोड़ रही है। अगर सरकार सिलवानी नगर में बेहतर खेल सुविधाएं मुहैया कराए तो इस क्षेत्र से भी राष्ट्रीय अंतरराष्ट्रीय स्तर के खिलाड़ी निकल सकते हैं।
*मोहम्मद अली राष्ट्रीय खिलाड़ी बैडमिंटन*
किसी भी नगर गांव प्रदेश देश की उन्नति युवा वर्ग की अहम भूमिका होती है। उसके लिए युवा वर्ग तंदुरुस्त नशों से दूर हो, तभी युवा इसमें भागीदारी दर्ज करा सकते हैं। उन्होंने कहा क्षेत्र के युवाओं की खेल प्रतिभा को उभारने के लिए क्षेत्र में कोई भी खेल मैदान नहीं है जो सबसे बड़ी जरूरत है। सेना भर्ती, स्कूल और कॉलेज की खेलकूद प्रतियोगिता के लिए मैदान और ट्रैक के लिए स्थानीय युवा वर्षों से खेल मैदान की मांग कर रहे है। मगर आज तक प्रशासन और जनप्रतिनिधियों से केवल आश्वासन ही मिला है।

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