संन्यासी बाबा मंदिर में गूंजा राम नाम, श्रीराम कथा के छठे दिन केवट प्रसंग तक हुआ मार्मिक वर्णन

रिपोर्टर : सतीश चौरसिया
उमरियापान। नगर के प्रसिद्ध संन्यासी बाबा मंदिर परिसर में आयोजित संगीतमय श्रीराम कथा के छठे दिन श्रद्धा, भक्ति और भावनाओं का अद्भुत संगम देखने को मिला । कथा वाचक पंडित नीरज महाराज ने भगवान श्रीराम के चौदह वर्ष के वनवास का अत्यंत मार्मिक एवं विस्तारपूर्वक वर्णन करते हुए अयोध्या त्याग से लेकर केवट प्रसंग तक की कथा सुनाई, जिसे सुनकर श्रद्धालु भावविभोर हो उठे।
पंडित नीरज महाराज ने संगीतमय शैली में श्रीराम के त्याग, मर्यादा और आदर्श जीवन का ऐसा जीवंत चित्रण किया कि पूरा कथा पंडाल राममय वातावरण में डूब गया । कथा के दौरान माता सीता की पतिव्रता निष्ठा, भ्राता लक्ष्मण की सेवा भावना और निषादराज व केवट के प्रसंगों ने श्रोताओं की आंखें नम कर दीं।
विशेष रूप से केवट प्रसंग के वर्णन पर श्रद्धालु भावनाओं से अभिभूत दिखाई दिए, जहां निष्काम भक्ति और प्रभु प्रेम का अनूठा उदाहरण प्रस्तुत हुआ ।
श्रद्धालुओं ने श्रीराम कथा का रसपान कर स्वयं को धन्य बताया और “जय श्रीराम” के जयघोष से मंदिर परिसर गूंज उठा।
यह संगीतमय श्रीराम कथा संत श्री श्री 1008 बनवारी दास जी महाराज, भरभरा आश्रम की असीम कृपा से आयोजित की जा रही है । कथा का आयोजन प्रतिदिन दोपहर 3 बजे से सायं 6:50 बजे तक किया जा रहा है, जिसमें बड़ी संख्या में श्रद्धालु पहुंचकर कथा श्रवण कर रहे हैं।
आयोजन समिति ने क्षेत्रवासियों से अपील की है कि वे अधिक से अधिक संख्या में पहुंचकर इस पावन अवसर का लाभ उठाएं और श्रीराम कथा के पुण्य लाभ के सहभागी बनें।



