6 शिक्षकों को किया अटैच, स्कूल में तोड़फोड़, चक्काजाम पर कार्यवाही
शिक्षकों के बीच आपसी विवाद एवं हंगामा तथा पढ़ाई ठप होने से स्कूल के बच्चों ने सड़क पर चक्काजाम किया था
गैरतगंज । जिले के गैरतगंज नगर के शासकीय बालक माध्यमिक विद्यालय में एक सप्ताह से ज्यादा समय पहले हुए शिक्षकों के बीच आपसी विवाद एवं हंगामे की घटना में शिक्षा विभाग ने की कार्रवाई की है।
यहां पदस्थ 6 शिक्षकों को हटाकर उन्हें अन्य शालाओं में अटैच कर दिया गया है, वहीं व्यवस्था के तौर पर अन्य शालाओं के शिक्षकों को शासकीय बालक माध्यमिक विद्यालय भेजा गया है।
नगर गैरतगंज के शासकीय बालक माध्यमिक विद्यालय में बीती 29 नवंबर को यहां पदस्थ शिक्षकों के बीच आपसी विवाद एवं हंगामा हो गया था तथा पढ़ाई ठप होने से स्कूल के बच्चों ने सड़क पर चक्काजाम कर दिया था। शिक्षा विभाग ने इस घटना के बाद जांच दल गठित कर पूरे मामले की जांच कराई तथा विभाग के अधिकारियों ने मौके पर जाकर निरीक्षण किया। जांच में शिक्षकों की कार्यप्रणाली सही न मानते हुए यहां पदस्थ 6 शिक्षकों को यहां से हटाकर अन्य शालाओं में अटैच किए जाने के आदेश शिक्षा विभाग ने कर दिए हैं। घटना के 12 दिन बाद यह कार्रवाई हुई है।
जिला शिक्षा अधिकारी एमएल राठौरिया का कहना है कि इस मामले में सभी पहलुओं पर जांच जारी है तथा प्रारंभिक तौर पर कार्रवाई करते हुए विवाद में शामिल रहे 6 शिक्षकों को शासकीय बालक माध्यमिक विद्यालय से हटाकर अन्य शालाओं में अटैच करने के आदेश जारी कर दिए गए हैं वहीं अन्य शालाओं से शिक्षकों को शासकीय बालक माध्यमिक विद्यालय भेजकर पढ़ाई सुचारू की जा रही है।
6 शिक्षकों को किया अन्य जगह अटैचः शासकीय बालक माध्यमिक विद्यालय में विवाद एवं हंगामे में शामिल रहीं शिक्षिकाओं ऋतु नायक को मा.शाला अधियारी, शबाना बी को हायर सेकेंडरी स्कूल देहगांव, आविदा बेगम को मा.शाला गढ़ी, निशात खानम को मा.शा. करमोदी, सरोजबाला श्रीवास्तव को प्रा. शाला करमोदी खेड़ा एवं सुनीता जैन को हाईस्कूल जुझारपुर में आगामी आदेश तक के लिए अटैच कर दिया गया है।
दूसरे 6 शिक्षक पढ़ाने भेजेः बालक मिडिल स्कूल से 6 शिक्षकों को हटाए जाने के बाद यहां अन्य शालाओं से पढ़ाई के लिए शिक्षकों की व्यवस्था की गई है। शासकीय बालक माध्यमिक विद्यालय में जिनको अटैच किया गया है। उनमें राधा गौर प्रा शाला करमोदी खेड़ा से समता शर्मा प्रा. शाला मुडियाखेड़ा से यदुनाथ सिंह यादव माध्यमिक शाला गढ़ी से कमलसिंह रजक जुझारपुर से श्रीकांत चतुर्वेदी हाईस्कूल जुझारपुर से एवं सीमा भारके प्रा. शाला हैदरी शामिल हैं। जिनको आगामी आदेश तक के लिए शैक्षणिक व्यवस्था में तैनात किया गया है।
बड़ी घटना के बाद भी कार्रवाई के नाम पर केवल औपचारिताः मिडिल स्कूल में घटित हुई इतनी बड़ी घटना में विभाग द्वारा की गई कार्रवाई केवल औपचारिता भर है। क्या स्कूल में हुए नुकसान एवं छात्र छात्राओं के भविष्य के साथ खिलवाड़ करने वाले दोषी शिक्षकों को एक स्कूल से दूसरे स्कूल अटैच करने भर से इस प्रकार के घटनाक्रम रुक जाएंगे। शिक्षा विभाग के आला अधिकारियों द्वारा शिक्षको पर अनुशासनात्मक कार्रवाई के स्थान पर मात्र दिखावा कर पूरे मामले पर पर्दा डाला जा गया है।
अंग्रेजी माध्यम के छात्र छात्राओं का भविष्य अधर में: शिक्षा विभाग के आला अधिकारियों द्वारा की गई इस पूरी कार्रवाई का सबसे ज्यादा असर इस स्कूल में पढ़ने वाले अंग्रेजी माध्यम के छात्र छात्राओं पर पड़ा है। इस स्कूल में वर्तमान में 11 छात्र छात्राएं अंग्रेजी माध्यम से अध्ययनरत हैं। जिनकी पढ़ाई का जिम्मा अटैच कर दी गई शिक्षिका ऋतु नायक संभालती थीं। यह बच्चे सरकारी स्कूल में रहते हुए भी अंग्रेजी माध्यम से अध्ययनरत रहते हुए हमेशा अव्वल रहे हैं। परंतु विभाग की कार्रवाई के बाद अब इन बच्चों का भविष्य अधर में जाने की संभावना बढ़ गई है। क्योंकि अंग्रेजी माध्यम के शिक्षण की व्यवस्था पृथक से नहीं की गई है।
इस संबंध में एमएल राठौरिया, जिला शिक्षा अधिकारी, रायसेन का कहना है कि बालक मिडिल स्कूल गैरतगंज के मामले में विभाग द्वारा जांच की जा रही है। फिलहाल विवाद में शामिल रहे शिक्षकों को हटाकर अन्य शिक्षकों को व्यवस्था में लगाया गया है। शैक्षणिक व्यवस्था ठीक रखी जाएगी।



