डीईओ एवं टीआई दमोह की गंगा जमुना स्कूल प्रकरण में संदिग्ध भूमिका : धर्मेन्द्र चौबे

ब्यूरो चीफ : भगवत सिंह लोधी
दमोह। भारतीय मजदूर संघ के विभाग प्रमुख धर्मन्द्र चौबे ने अपने साथियों के साथ दमोह कलेक्टर और दमोह पुलिस अधीक्षक को ज्ञापन सौंपते हुए बताया है कि गंगा जमुना स्कूल में चल रही जिहादी गतिविधियों पर संज्ञान लेकर स्कूल प्रबंधन के संचालकों पर एफआईआर दर्ज की गई है चूंकि प्रथम जांच में जिला शिक्षा अधिकारी दमोह एवं नगर निरीक्षक दमोह ने प्रशासन को गलत और झूठी जानकारी देकर गंगा जमुना स्कूल को क्लीन चिट दे दी, न दी होती तो जिला कलेक्टर दमोह एवं पुलिस अधीक्षक दमोह को दमोह नगर में लोक निंदा का पात्र नहीं बनना पड़ता और न ही जिहादियों को सेफ्टिक कवर मिल पाता। इससे उक्त प्रकरण में इन दोनों अधिकारियों की संलग्नता प्रकट होती है इसलिए जो अपराधिक प्रकरण स्कूल संचालन समिति पर दर्ज हो रहे है। वहीं धाराये इन पर भी दर्ज की जावें। मुद्दे से ध्यान भटकाने के लिए जिला शिक्षा अधिकारी दमोह ने मोन्टी रैकवार और गोलू बजाज पर शासकीय कार्य में बाधा 353 धारा का प्रकरण दर्ज कराया है जो बेबुनियाद व झुठा है अतः उक्त प्रकरण को निरस्त करने का कष्ट करें। शीघ्र कार्यवाही करे ताकि जन आक्रोश शांत हो सके।
इस दौरान प्रमुख रूप से मनोहरलाल चौहान, अखिलेश रजक, मुन्ना असाटी, आलोक मिश्रा, कीर्ति कांत दुबे, अंकित असाटी, नकुल ठाकुर, आशीष पाठक, धर्मेंद्र शर्मा, महेश शांडिल्य सहित प्रमुख पदाधिकारी और कार्यकर्ताओं की मौजूदगी



