धरती को हरा-भरा बनाने का संकल्प, ढीमरखेड़ा न्यायालय परिसर में न्यायाधीश ने किया पौधरोपण

पर्यावरण संरक्षण का दिया प्रेरक संदेश, अधिक से अधिक वृक्ष लगाने का किया आह्वान
रिपोर्टर: सतीश चौरसिया
उमरियापान। पर्यावरण संरक्षण और हरित वातावरण के निर्माण के उद्देश्य से गुरुवार को ढीमरखेड़ा न्यायालय परिसर में पौधरोपण कार्यक्रम का आयोजन किया गया । यह कार्यक्रम मध्यप्रदेश राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण के निर्देशानुसार प्रधान जिला एवं सत्र न्यायाधीश एवं अध्यक्ष जिला विधिक सेवा प्राधिकरण जितेन्द्र कुमार शर्मा के मार्गदर्शन में संपन्न हुआ ।
कार्यक्रम के दौरान माननीय न्यायिक मजिस्ट्रेट पूर्वी तिवारी ने न्यायालय परिसर में पौधरोपण कर पर्यावरण संरक्षण का संदेश दिया । उन्होंने कहा कि “वन हैं तो जीवन है ।” वृक्ष मानव जीवन के लिए ऑक्सीजन का सबसे बड़ा स्रोत हैं और पर्यावरण संतुलन बनाए रखने में उनकी महत्वपूर्ण भूमिका है । उन्होंने सभी नागरिकों से अधिक से अधिक पौधे लगाने तथा उनके संरक्षण का संकल्प लेने का आह्वान किया ।
इस अवसर पर उपस्थित लोगों को पर्यावरण संरक्षण, हरियाली बढ़ाने और आने वाली पीढ़ियों के लिए स्वच्छ एवं सुरक्षित वातावरण तैयार करने का संदेश दिया गया । कार्यक्रम के अंत में सभी ने अधिक से अधिक पौधरोपण कर प्रकृति के संरक्षण में सक्रिय योगदान देने का संकल्प लिया ।



