धार्मिक

राम नाम अमर मंत्र है जिसे भगवान शिव ने अपने कंठ में धारण किया

कलयुग में यही नाम जीव के उद्धार का एकमात्र साधन है जो पापों का नाश कर मोक्ष प्रदान करता है कथा व्यास : पंडित रेवाशंकर शास्त्री
सिमरिया कला में शिव महापुराण कथा का चौथा दिवस राम नाम की महिमा का अपार : पंडित रेवाशंकर शास्त्री

सिलवानी। तहसील क्षेत्र की ग्राम पंचायत सिमरिया कला में रघुवंशी परिवार द्वारा आयोजित श्री शिवमहापुराण कथा का आयोजन श्रद्धा और भक्ति भाव के साथ जारी है। शुक्रवार को कथा का चौथा दिवस रहा, जिसमें कथा व्यास पंडित रेवाशंकर शास्त्री ने श्रद्धालुओं को शिवमहापुराण की अमृतमयी कथा का रसपान कराया।कथा के दौरान बड़ी संख्या में श्रद्धालु एवं भक्तगण उपस्थित रहे और भगवान शिव की महिमा का श्रवण कर भावविभोर हो उठे। आयोजनकर्ता रामस्वरूप रघुवंशी एवं उनके परिवार द्वारा पूरे श्रद्धाभाव से इस धार्मिक अनुष्ठान का आयोजन कराया जा रहा है। चौथे दिवस की कथा में पंडित रेवाशंकर शास्त्री ने राजा दक्ष प्रसंग का विस्तार से वर्णन किया। उन्होंने बताया कि माता पार्वती द्वारा यज्ञ अग्नि में देह त्याग करने के पश्चात भगवान शिव ने रौद्र रूप धारण किया और अपनी जटा से वीरभद्र को प्रकट किया जिन्होंने दक्ष यज्ञ का विध्वंस किया। इस प्रसंग के माध्यम से उन्होंने अहंकार त्यागने और भगवान की भक्ति में लीन रहने का संदेश दिया। कथा व्यास ने श्रद्धालुओं को संबोधित करते हुए कहा कि भगवान शिव स्वयं निरंतर राम नाम का जप करते हैं। शिवजी राम को परमब्रह्म मानते हैं और विष्णु सहस्रनाम के समान राम नाम की महिमा बताते हैं। शिवमहापुराण के अनुसार एक बार राम नाम का उच्चारण करना विष्णु के हजार नामों के जप के बराबर फलदायी माना गया है। उन्होंने बताया कि जब माता पार्वती ने भगवान शिव से पूछा कि आप सदैव किस मंत्र का जप करते हैं, तब शिवजी ने उत्तर दिया कि वे निरंतर राम राम का जप करते हैं। राम नाम स्वयं ब्रह्म का स्वरूप है जो आत्मा को पवित्र और मन को शांत करता है। कथा व्यास पंडित रेवाशंकर शास्त्री ने कहा कि राम नाम अमर मंत्र है जिसे भगवान शिव ने अपने कंठ में धारण किया है। कलयुग में यही नाम जीव के उद्धार का एकमात्र साधन है, जो पापों का नाश कर मोक्ष प्रदान करता है। उन्होंने श्रद्धालुओं से आह्वान किया कि वे जीवन में सदैव राम नाम का स्मरण करें और धर्म के मार्ग पर चलें।
कथा स्थल पर प्रतिदिन भक्ति संगीत और धार्मिक वातावरण से पूरा गांव भक्तिमय बना हुआ है। आयोजन आगामी दिनों में भी जारी रहेगा।

Related Articles

Back to top button