अंधे कत्ल के आरोपी पुलिस गिरफ्त में, पुरानी रंजिश के चलते जयपाल सिंह ठाकुर की ढाबे पर हत्या
थाना सुल्तानगंज पुलिस ने हत्या के प्रकरण के अज्ञात आरोपियो का किया खुलासा
पुरानी रंजिस के चलते आरोपियान राजपाल उर्फ राज दांगी, गब्बर दांगी, गौरव दांगी ने दिया था घटना को अंजाम
कई घंटो के सीडीआर, पीएसटीएन डाटा खंगालने एवं रिकार्डिंग की आवाज से मिला अज्ञात आरोपियो का सुराग
ब्यूरो चीफ: शब्बीर अहमद
बेगमगंज । 2 दिसंबर 23 को सूचना प्राप्त हुई कि जयपाल दांगी अपने ढावे पर खून में लथपथ हालत मृत पडा है जिसके सिर एवं शरीर में जगह जगह चोट होकर खून निकला है। मृतक जयपाल दांगी ढावा चलाने के साथ साथ खेती किसानी का काम करता था अंधे कत्ल की घटना से सुल्तानगंज व आस- पास के क्षेत्र के किसानो में भय व्याप्त होकर क्षेत्र में सनसनी फैल गयी थी। मृतक की पोस्टमार्टम रिपोर्ट एवं चोटो के आधार पर मृतक के साथ मारपीट की जाना ज्ञात होने पर किसी अज्ञात व्यक्ति द्वारा मृतक की हत्या का अपराध पाया जाने से अपराध धारा 302 भादवि का पंजीबद्ध कर अनुसंधान में लिया गया।
प्रकरण की गंभीरता को देखते हुये पुलिस महानिरीक्षक, पुलिस उप महानिरीक्षक एवं पुलिस अधीक्षक रायसेन विकाश कुमार शाहवाल के निर्देशन में अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक रायसेन कमलेश कुमार खरपुसे के मार्गदर्शन में एसडीओपी सिलवानी अनिल सिह मौर्य, थाना प्रभारी सुल्तानगंज उनि श्यामराज सिह के नेतृत्व में टीमे तैयार की गई जिसमें एक टीम घटना स्थल से संकलित साक्ष्यो के आधार पर घटना स्थल एवं संभावित स्थलो पर परिजनो एवं संदेहीयानो से पूछताछ एवं दूसरी टीम पीएसटीएन, सीडीआर डेटा खंगालने में लगाई गई।
किस प्रकार पकङाये आरोपी दौराने अनुसंधान प्राप्त तकनीकी साक्ष्य मोबाइल आडियो रिकार्डिंग एवं पीएसटीएन, सीडीआर डेटा के आधार पर जब संदेहियानो से पूछताछ की गई तो पहले तो वे पुलिस को गुमराह करते रहे परन्तु मनोवैज्ञानिक ढंग से पूछताछ करने पर अंततः टूट गये और मृतक जयपाल से राज दांगी के पुराने झगडे की रंजिश के चलते बदला लेने की नियत से जयपाल पिता बलराम दांगी निवासी ग्राम सुनवाहा की मारपीट कर हत्या करना स्वीकार कर लिया। आरोपियो को चूकि जानकारी थी कि मृतक रात में उसके खेत में बने ढावे में अकेले ही रहता है इसलिये योजना बनाकर रात में तीनो आरोपियो राजपाल दांगी, गौरव दांगी, गब्बर दांगी ने मिलकर डंडो से मृतक के सिर एवं शरीर पर मारपीट कर हत्या कर दी और वहाँ से भागकर उनके द्वारा हत्या में उपयोग किये गये आलाजरर/साक्ष्यो को छुपा दिये। आरोपियो ने मारपीट के बाद मृतक जयपाल का मोबाइल भी अपने साथ लेकर के चले गये थे जिनको मोबाइल के चालू होने का आभास होने पर आरोपियो द्वारा मोबाइल को तोङकर के फेंक दिया गया था। घटना के दौरान मृतक के मोबाइल पर बात-चीत की रिकार्डिंग एवं अन्य साक्ष्यों के आधार पर वरिष्ठ अधिकारियो के निर्देशन में सुल्तानगंज थाना पुलिस की गठित टीमों द्वारा अंधे कत्ल की गुत्थी को लगातार क्षेत्र में रहकर अनवेषण कर सुलझा लिया। दौराने अनुसंधान घटना में आरोपियो द्वारा प्रयुक्त आलाजरर/साक्ष्यों को आरोपियो से जप्त कर एवं आरोपियो को गिरफ्तार किया जाकर न्यायिक अभिरक्षा हेतु माननीय न्यायालय के समक्ष पेश किये गये हैं। उक्त आरपियोगणो में राज दांगी आदतन अपराधी है जिसके विरूद्ध चौकी बिलेहरा थाना सुरखी में अपराध पंजीबद्ध होना पाये गये हैं।
पुलिस ने राजपाल उर्फ राज दांगी पिता मानसिह दांगी उम्र 20 साल निवासी ग्राम खुरई चौकी बिलेहरा थाना सुरखी जिला सागर, गौरव पिता राकेश दांगी उम्र 19 साल निवासी ग्राम बकस्वाहा चौकी बिलेहरा थाना सुरखी जिला सागर, गब्बर पिता उदय सिह दांगी उम्र 24 साल निवासी ग्राम बकस्वाहा चौकी बिलेहरा थाना सुरखी जिला सागर को गिरफ्तार किया गया।
गौरतलब है कि विगत दिनों में राजस्थान में करणी सेना के अध्यक्ष की हत्या की घटना पर से देशव्यापी विरोध प्रदर्शन करणी सेना द्वारा किया जा रहा है, चूंकि मृतक जयपाल दांगी भी करणी सेना में सुल्तानगंज क्षेत्र का संयोजक था जिस कारण से सुल्तानगंज एवं रायसेन जिले की करणी सेना सदस्यो व समाज के लोगों में जयपाल की हत्या को लेकर रोष व्याप्त था। वर्तमान देशकाल परिस्थिति को मद्देनजर रखते हुये सुल्तानगंज थाना पुलिस द्वारा उक्त घटना की गंभीरता को प्राथमिकता से लेकर तत्परता पूर्वक तकनीकी एवं जमीनी स्तर पर सघन अनुसंधान कर अंधे कत्ल का खुलासा किया जाकर आरोपियानो को गिरफ्त में लिया गया।
इस कार्यवाही में थाना प्रभारी सुल्तानगंज उनि श्यामराज सिंह, उनि तरूणविक्रम सिंह चौहान थाना सिलवानी, उनि संदीप पवार थाना बेगमगंज, थाना सुल्तानगंज स्टाफ सउनि रामकुमार सिह, प्रधान आरक्षक सुरेश ताण्डिलकर, प्रधान आरक्षक कल्याणसिह गुर्जर, आरक्षक दीपेन्द्र सिह राजपूत, आरक्षक गजेन्द्र दांगी, आरक्षक आकाश राजौरिया, आरक्षक राघवेन्द्र सिह, आरक्षक सोवेन्द्र ठाकुर, आरक्षक मनोज दांगी, आरक्षक संजय देवल, आरक्षक पंकज, सैनिक वीरसिंह, सैनिक हर्षित शर्मा एवं आरक्षक अंकित खटीक, आरक्षक अजय राणा थाना वेगमगंज एवं सायबर सेल टीम सउनि सुरेन्द्र धाकङ, प्रधान आरक्षक आशीष काष्देकर, प्रधान आरक्षक मुन्ना मसराम, आरक्षक शुभम चिढार, आरक्षक जयदेव कुर्मी, रासयेन की सरायनीय एवं महत्वपूर्ण भूमिका रही है। जिन्हे वरिष्ठ अधिकारियो द्वारा पुरूष्कृत करने की घोषणा की गई है।



