अचानक बदला मौसम: गर्मी से मिली राहत, लेकिन किसानों पर टूटी आफत

सिलवानी। क्षेत्र में शनिवार को मौसम ने अचानक करवट लेकर लोगों को चौंका दिया। पिछले दो दिनों से तेज गर्मी और उमस के बीच गुरुवार और शुक्रवार को तेज हवाओं के साथ बादलों की आवाजाही जरूर देखी गई थी, लेकिन शनिवार दोपहर से शुरू हुई हल्की बारिश और बूंदाबांदी शाम तक जारी रही। इस बदलाव से जहां आमजन को भीषण गर्मी से राहत मिली, वहीं किसानों के लिए यह राहत बड़ी परेशानी बनकर सामने आई।
दरअसल, क्षेत्र के वेयरहाउसों में हजारों क्विंटल गेहूं खुले आसमान के नीचे रखा हुआ है। अचानक हुई बारिश के कारण बड़ी मात्रा में यह गेहूं भीग गया, जिससे किसानों को भारी नुकसान उठाना पड़ रहा है। किसानों का कहना है कि लंबे समय से तुलाई की प्रक्रिया धीमी चल रही है, जिसके कारण उन्हें अपनी उपज सुरक्षित रखने में दिक्कत हो रही है।
शनिवार को मौसम खराब होने के कारण वेयरहाउसों में गेहूं की तुलाई का कार्य पूरी तरह बंद रहा। वहीं रविवार को अवकाश होने के चलते तुलाई कार्य फिर से शुरू नहीं हो सकेगा, जिससे किसानों की परेशानी और बढ़ गई है।
किसानों ने बताया कि एक ओर उनकी स्लाट बुकिंग नहीं हो पा रही है, वहीं दूसरी ओर मौसम की मार से उनकी मेहनत पर पानी फिरता नजर आ रहा है। खुले में रखा गेहूं भीगने से उसकी गुणवत्ता प्रभावित होने का खतरा भी बढ़ गया है, जिससे उन्हें उचित समर्थन मूल्य मिलने में भी दिक्कत आ सकती है।
स्थानीय किसानों ने प्रशासन से मांग की है कि वेयरहाउसों में गेहूं के सुरक्षित भंडारण के लिए तत्काल व्यवस्था की जाए और तुलाई प्रक्रिया में तेजी लाई जाए, ताकि किसानों को राहत मिल सके।



