Aaj ka Panchang आज का पंचांग शनिवार, 06 मई 2023
आचार्य श्री गोपी राम (ज्योतिषाचार्य) जिला हिसार हरियाणा मो. 9812224501
✦••• जय श्री हरि •••✦
🧾 आज का पंचाग 🧾
शनिवार 06 म ई 2023
शनि देव जी का तांत्रिक मंत्र – ऊँ प्रां प्रीं प्रौं सः शनैश्चराय नमः।।
☄️ दिन (वार) -शनिवार के दिन क्षौरकर्म अर्थात बाल, दाढ़ी काटने या कटाने से आयु का नाश होता है । अत: शनिवार को बाल और दाढ़ी दोनों को ही नहीं कटवाना चाहिए।
शनिवार के दिन प्रात: पीपल के पेड़ में दूध मिश्रित मीठे जल का अर्ध्य देने और सांय पीपल के नीचे तेल का दीपक जलाने से कुंडली की समस्त ग्रह बाधाओं का निवारण होता है ।
शनिवार के दिन पीपल के नीचे हनुमान चालीसा पड़ने और गायत्री मन्त्र की àएक माला का जाप करने से किसी भी तरह का भय नहीं रहता है, समस्त बिग़डे कार्य भी बनने लगते है ।
शिवपुराण के अनुसार शनि देव पिप्लाद ऋषि का स्मरण करने वाले, उनके भक्तो को कभी भी पीड़ा नहीं देते है इसलिए जिन के ऊपर शनि की दशा चल रही हो उन्हें अवश्य ही ना केवल शनिवार को वरन नित्य पिप्लाद ऋषि का स्मरण करना चाहिए।
शनिवार के दिन पिप्पलाद श्लोक का या पिप्पलाद ऋषि जी के केवल इन तीन नामों (पिप्पलाद, गाधि, कौशिक) को जपने से शनि देव की कृपा मिलती है, शनि की पीड़ा निश्चय ही शान्त हो जाती है ।
🔮 शुभ हिन्दू नववर्ष 2023 विक्रम संवत : 2080 नल, शक संवत : 1945 शोभन
🌐 संवत्सर नाम अनला
🔯 शक सम्वत : 1945 (शोभकृत् संवत्सर)
☸️ काली सम्वत् 5124
🕉️ संवत्सर (उत्तर) पिंगल
☣️ आयन – उत्तरायण
☀️ ऋतु – सौर ग्रीष्म ऋतु
🌤️ मास – ज्येष्ठ मास प्रारंभ
🌖 पक्ष – कृष्ण पक्ष
📆 तिथि – प्रतिपदा तिथि 09:52 PM तक उसके बाद द्वितीया
✏️ तिथि के स्वामी – प्रतिपदा तिथि के स्वामी अग्नि देव जी और द्वितीया तिथि के स्वामी भगवान ब्रह्मा जी है।
💫 नक्षत्र- स्वाति 09:39 PM तक उपरांत विशाखा
🪐 नक्षत्र स्वामी – विशाखा नक्षत्र के स्वामी गुरु है। तथा नक्षत्र के देवता इंद्र और अग्नि हैं।
📣 योग : व्यतीपात – 07:29:34 तक, वरियान – 29:20:08 तक
⚡ प्रथम करण : बालव – 10:31 ए एम तक
✨ द्वितीय करण – कौलव – 09:52 पी एम तक
🔥 गुलिक काल : – शनिवार को शुभ गुलिक प्रातः 6 से 7:30 बजे तक ।
⚜️ दिशाशूल – शनिवार को पूर्व दिशा का दिकशूल होता है ।यात्रा, कार्यों में सफलता के लिए घर से अदरक खाकर, घी खाकर जाएँ ।
🤖 राहुकाल -सुबह – 9:00 से 10:30 तक राहु काल में कोई भी शुभ कार्य नहीं करना चाहिए |
🌞 सूर्योदयः- प्रातः 05:29:00 A.M
🌅 सूर्यास्तः- सायं 06:31:00 P.M
👸🏻 ब्रह्म मुहूर्त : 04:12 ए एम से 04:54 ए एम
🌇 प्रातः सन्ध्या : 04:33 ए एम से 05:37 ए एम
🌟 अभिजित मुहूर्त : 11:51 ए एम से 12:45 पी एम
🔯 विजय मुहूर्त : 02:32 पी एम से 03:25 पी एम
🐃 गोधूलि मुहूर्त : 06:58 पी एम से 07:19 पी एम
🏙️ सायाह्न सन्ध्या : 06:59 पी एम से 08:03 पी एम
💧 अमृत काल : 12:35 पी एम से 02:09 पी एम
🗣️ निशिता मुहूर्त : 11:56 पी एम से 12:39 ए एम, मई 07
🚓 यात्रा शकुन-शर्करा मिश्रित दही खाकर घर से निकलें।
👉🏽 आज का मंत्र-ॐ प्रां प्रीं प्रौं स: शनयै नम:।
🤷🏻♀️ आज का उपाय-शनि मंदिर में इमरती चढाएं।
🪵 वनस्पति तंत्र उपाय-शमी के वृक्ष में जल चढ़ाएं।
⚛️ पर्व एवं त्यौहार – देवर्षि नारद जयंती, ज्येष्ठ मास प्रारंभ, स्वतंत्रता सेनानी मोतीलाल नेहरू जन्म दिवस, विश्व हास्य दिवस, अंतर्राष्ट्रीय आहार निषेध दिवस, विश्वस्त सहयोगी भूलाभाई देसाई पुण्य तिथीं
✍🏼 विशेष – प्रतिपदा तिथि को कद्दू एवं कूष्माण्ड का दान एवं भक्षण दोनों ही त्याज्य बताया गया है। प्रतिपदा तिथि वृद्धि देनेवाली तिथि मानी जाती है। साथ ही प्रतिपदा तिथि सिद्धिप्रद तिथि भी मानी जाती है। इस प्रतिपदा तिथि के स्वामी अग्नि देवता हैं। यह प्रतिपदा तिथि नन्दा नाम से विख्यात मानी जाती है।
🗾 Vastu tips 🗽
खाली दीवार पर लगा दें कोई तस्वीर आपने वो कहावत तो सुनी होगी- खाली दिमाग शैतान का घर। जब आप खाली होते हैं, जब आपके पास कोई काम नहीं होता तो ढेर सारे अच्छे-बुरे विचार आपके दिमाग में चलते रहते हैं। आप कुछ न कुछ सोचते रहते हैं इसलिए अगर आप कहीं बाहर से या ऑफिस से आकर घर पर किसी ऐसी जगह पर बैठते हैं जहां सामने दिवार पर कुछ न हो, वह बिल्कुल खाली हो तो और यह आपके रोज बैठने की निश्चित जगह है तो उस दिवार पर कोई पॉजिटिव तस्वीर लगाएं। आप चाहे तो अपने ही परिवार के सदस्यों की एक तस्वीर भी उस दीवार पर लगा सकते हैं। इससे आपका मन सकारात्मक रहेगा।
खाली दीवार की तरफ मुंह कर के बैठने से होती है ये दिक्कत
वहीं अगर आप अकेले खाली दिवार की तरफ मुंह करके बैठेंगे तो आप निगेटिव विचारों से घिरे रहेंगे जो कि आपके लिए बिल्कुल भी ठीक नहीं है। वास्तु शास्त्र के मुताबिक, खाली दीवार की ओर मुंह कर के बैठने से आपके आत्मविश्वास में कमी आती है। तो अब समय रहते अपनी आदतों में बदलाव कर लें या फिर उसमें सुधार, क्योंकि तभी आपका जीवन संवर पाएगा।
♻️ जीवनोपयोगी कुंजियां ⚜️
नहाने के बाद क्या नहीं करना चाहिए
नहाने के बाद पानी क्यों नहीं पीते नहाने के बाद पानी पीने से बचना चाहिए। दरअसल, जब आप नहाते हैं तो बॉडी का तापमान कुछ और होता है और ब्लड सर्कुलेशन अलग होता है। ऐसे में जब आप पानी पीते हैं, ये ब्लड सर्कुलेशन को अचानक से और प्रभावित करता है जिससे आपका ब्लड प्रेशर असंतुलित हो सकता है। इसलिए, दोनों के बीच में थोड़ा सा गैप रखें।
त्वचा को तेजी से न रगड़ें नहाने के बाद त्वचा को तेजी से न रगड़ें। दरअसल, ये आपकी स्किन को अंदर से डिहाइड्रेट करने का काम करती है। ये पानी के कणों को त्वचा से खींच लेती है और आपकी स्किन सूख जाती है। इससे खुजली और खुश्की जैसी समस्याएं हो सकती हैं।
🍋 आरोग्य संजीवनी 🍊
दांत दर्द में अमरूद के पत्ते: आज से नहीं सालों से दांतों के दर्द के लिए अमरूद का पत्ता इस्तेमाल होता आया है। दरअसल, इन पत्तों में दांतों में होने वाली सड़न को कम करने, सूजन दूर करने और दांतों को स्वस्थ बनाए रखने का गुण है। इन पत्तों में एंटीबैक्टीरियल और एंटीइंफ्लेमेटरी गुण है जो कि दांतों में लगे बैक्टीरिया को मारने और सूजन को दूर करने में मददगार है। तो, सवाल ये है कि दांतों के लिए अमरूद के पत्तों का इस्तेमाल कैसे करें और इसके फायदे क्या हैं।
दांतों के लिए कैसे इस्तेमाल करें अमरूद के पत्ते-
दांतों के लिए अमरूद के पत्ते को पीस कर आप इसका लेप बना सकते हैं या फिर आप इसका अर्क इस्तेमाल कर सकते हैं। इसके लिए आपको करना ये है कि
अमरूद के ताजे पत्ते लें।
थोड़ा सा पिपली और लौंग लें।
इसमें थोड़ा सा नमक भी मिला लें।
अब इन सबको सिल बट्टे पर पीस लें।
अब इस दरदर पेस्ट को अपने दांतों पर लगाएं।
इसके अलावा आप इस पेस्ट से अर्क निकाल कर भी अपने दांतों पर लगा सकते हैं।
📗 गुरु भक्ति योग 🕯️
आचार्य श्री गोपी राम ने बहुत से ऐसी बातों व नीतियों का जिक्र किया है जो कि व्यक्ति को जीवन में सफलता हासिल करने में मदद करती हैं. वहीं जीवन के कुछ नियमों के बारे में भी खुलकर बताया गया है. यदि व्यक्ति के जीवन में कभी खुशी तो कभी गम आते रहते हैं. ऐसे में खुश होने पर उसका अधिक इजहार न करें और दुखी होने पर भी खुद से कोई वादा न करें. क्योंकि खुशी और गम तो जीवन में आते-जाते रहते हैं लेकिन इस दौरान किए गए कुछ काम जीवन में बहुत गहरा प्रभाव डालते हैं. जिसकी वजह से व्यक्ति को कई बार बुरे परिणाम भुगतने पड़ते हैं. इसलिए आचार्य श्री गोपी राम का कहना है कि खुशी या दुख में कुछ काम भूलकर नहीं करने चाहिए. आइए जानते हैं इन कामों के बारे में.
खुश होने पर न करें कोई वादा हमारा कहना है कि व्यक्ति के जीवन में यदि कोई खुशी या प्रसन्नता का मौका आया है तो उसका बहुत अधिक इजहार नहीं करना चाहिए. प्रसन्न होने पर कोई वादा भी देना चाहिए. खुशी के मौके पर अपनी भावनाओं को काबू में रखें क्योंकि कई बार खुशी में ऐसा वादा कर बैठता है जिसकी वजह से बाद में नुकसान उठाना पड़ता है.
दुख में निर्णय लेने से बचें हमारे के अनुसार अगर जीवन में दुख या बुरा समय आया है तो कोई भी निर्णय न लें. क्योंकि बुरा समय होने पर व्यक्ति अपने सोचने समझने की शक्ति खो बैठता है और इस दौरान लिया गया निर्णय आपको मुश्किल में डाल सकता है. इसलिए बेहतर है कि दुख की घड़ी में कोई निर्णय न लें.
क्रोध में जवाब जब व्यक्ति क्रोधित होता है तो वह सही-गलत की समझ खो बैठता है और उसकी जुबां से ऐसी बातें निकल जाती हैं जो कि जिंदगीभर के लिए रिश्तों में दरार ला सकती हैं. इसलिए क्रोधित होने पर व्यक्ति को अपने मुंह पर ताला लगा लेना चाहिए. क्रोध की स्थिति में जबाव न देना ही सबसे बेहतर उपाय है और ऐसे में खुद को शांत रखने की कोशिश करें
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⚜️ प्रतिपदा तिथि शुक्ल पक्ष में अशुभ तथा कृष्ण पक्ष में शुभ फलदायिनी मानी जाती है। आज प्रतिपदा तिथि को अग्निदेव से धन प्राप्ति के लिए एक अत्यंत ही प्रभावी उपाय कर सकते हैं। इस अनुष्ठान से अग्निदेव से अद्भुत तेज प्राप्त करने के लिए भी आज का यह उपाय कर सकते हैं। साथ ही आज किसी विशिष्ट मनोकामना की पूर्ति भी इस अनुष्ठान के माध्यम से अग्निदेव से करवायी जा सकती हैं। इसके लिए आज अग्नि घर पर ही प्रज्ज्वलित करके गाय के शुद्ध देशी घी से (ॐ अग्नये नम: स्वाहा) इस मन्त्र से हवन करना चाहिये।
शास्त्र के अनुसार जिस व्यक्ति का जन्म प्रतिपदा तिथि में होता है वह व्यक्ति अनैतिक कार्यों में संलग्न रहने वाला होता है। ऐसा व्यक्ति कानून के विरूद्ध जाकर काम करने वाला भी होता है। ऐसे लोगों को मांस मदिरा काफी पसंद होता है अर्थात ये तामसी भोजन के शौकीन होते हैं। आम तौर पर इनकी दोस्ती ऐसे लोगों से होती है जिन्हें समाज में सम्मान की दृष्टि से नहीं देखा जाता अर्थात बदमाश और ग़लत काम करने वाले लोग।

