भाजपा जिलाध्यक्ष के बाद सरपंचों ने कलेक्टर को लिखा पत्र

पंचायतों की गोचर भूमि से अवैध कब्जा हटाने की मांग की
रिपोर्टर : मनीष यादव
टीकमगढ़ । जिले में गोचर भूमि से अवैध कब्जा हटाए जाने के संबंध में तीन पंचायत के सरपंच ने कलेक्टर के नाम पत्र लिखा है। इसके पहले भाजपा जिलाध्यक्ष भी गोचर भूमि से अतिक्रमण हटाए जाने के संबंध में कलेक्टर को पत्र लिख चुके हैं। बावजूद इसके जिला प्रशासन की ओर से इस दिशा में कार्रवाई नहीं की जा रही है।
दरअसल, सड़क पर घूम रहे गोवंश से आए दिन दुर्घटनाएं हो रही है। इस मामले को लेकर कई बार साधु संत आंदोलन कर चुके हैं। बावजूद इसके निराश्रित गोवंश को गौशालाओं में शिफ्ट नहीं किया जा रहा है। इस संबंध में ग्राम पंचायत बौरी, मऊघाट और कुअरपुरा के सरपंच ने कलेक्टर के नाम पत्र लिखा है।
पत्र के माध्यम से उन्होंने ग्राम पंचायत में गोचर भूमि से अवैध कब्जा हटाए जाने की मांग की है। सरपंचों ने कहा है कि गोचर भूमि खाली हो जाने से गोवंश को व्यवस्थित किया जा सकेगा। इसके पहले भाजपा जिलाध्यक्ष अमित नुना ने कलेक्टर को पत्र लिखा था। उन्होंने गोचर भूमि से कब्जा हटाए जाने के संबंध में 16 मई को पहला पत्र और 24 मई को दूसरा स्मरण पत्र कलेक्टर को दिया था।
पत्र के माध्यम से उन्होंने टीकमगढ़ तहसील के ग्राम पंचायत मऊघाट, नयाखेरा, मानिकपुरा, हीरानगर, बौरी, महाराजपुरा, मामौन, माडूमर और बड़ागांव तहसील की ग्राम पंचायत दरगुवां, परा, मौखरा, भैंसवारी, अन्तौरा, अमरपुर, डूड़ाटौरा में गोचर और अन्य शासकीय भूमि से अवैध कब्ज़ा हटाए जाने की मांग की थी।
बारिश के मौसम में होती है सड़क दुर्घटनाएं
भाजपा जिलाध्यक्ष ने बताया कि बारिश के मौसम में ज्यादातर गोवंश सड़क पर बैठ जाता है। जिससे सड़क दुर्घटनाओं में जान-माल और पशुधन की हानि होगी। उन्होंने बारिश के मौसम से पहले गौचर भूमि को अतिक्रमण मुक्त कराने के लिए आवश्यक कार्रवाई करने की मांग की है। अब तीन पंचायत के सरपंच ने इस मामले में कलेक्टर को पत्र रखा है।



