पर्यावरण की सुरक्षा और समृद्धि के लिए करें अधिक से अधिक पौधरोपण : राजपूत

एक पेड़ मां के नाम अभियान अंतर्गत पौधरोपण कार्यक्रम संपन्न
सिलवानी। शनिवार को एक पेड़ अपनी मां के नाम कार्यक्रम नगर के महाविद्यालय में आयोजित किया गया। कार्यक्रम में सर्व प्रथम मुख्य अतिथियों द्वारा मां सरस्वती जी के समक्ष दीप प्रज्ज्वलित किया गया और कॉलेज के छात्रों द्वारा सरस्वती वंदना, स्वागत गीत से स्वागत किया। जनभागीदारी समिति के अध्यक्ष श्याम साहू द्वारा मुख्य अतिथियों का फूल मालाओं से स्वागत किया। एवं स्मृति चिन्ह देकर सम्मानित किया।
कार्यक्रम में एसडीएम प्रकाश नायक द्वारा एक पेड़ मां के नाम अभियान के तहत सम्पूर्ण तहसील में आयोजित किए जा रहे पौधरोपण कार्यक्रमों के बारे में बताया गया। सिलवानी ब्लाक में लगभग 50 हजार पौधे लगाये जा रहे है, नगर परिषद द्वारा 10 हजार, जनपद पंचायत 21 हजार सहित सभी विभागों में 20 हजार पौधे लगाने का लक्ष्य निर्धारित किया गया है। प्राचार्य डॉ बीडी खरवार ने महाविद्यालय के अपग्रेड के संबध में जानकारी दी।नगर परिषद अध्यक्ष प्रतिनिधि विभोर नायक ने भी कार्यक्रम को संबोधित कर पौधारोपण की आवश्यकता पर प्रकाश डाला और लोगो से अपने घर, खेत, खलिहान, निजी भूमि पर पौधे लगाने का आव्हान किया।
प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने विश्व पर्यावरण दिवस के पुनीत अवसर पर 5 जून को बुद्ध जयंती पार्क में एक पौधा लगाकर एक पेड़ मां के नाम अभियान की शुरुआत की थी। आज मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव द्वारा भोपाल में एक पेड़ मां के नाम अभियान अंतर्गत पौधरोपण किया गया है। पर्यावरण की सुरक्षा और समृद्धि के लिए समर्पित इस अभियान में सभी नागरिकों की सहभागिता जरूरी है। सभी नागरिक अधिक से अधिक पौधे लगाएं तथा उनकी देखभाल और सुरक्षा भी करें। यह विचार पूर्व विधायक रामपाल सिंह राजपूत ने सिलवानी महाविद्यालय में एक पेड़ मां के नाम अभियान अंतर्गत आयोजित पौधरोपण कार्यक्रम में व्यक्त किए।
रामपाल सिंह राजपूत ने कहा कि वर्तमान में पर्यावरण संरक्षण और संवर्धन महती आवश्यकता है। तापमान में हो रही वृद्धि को कम करने तथा भू-जल स्तर को ऊपर लाने अधिक से अधिक पौधरोपण जरूरी है। यही पौधे बड़े होकर वृक्ष का आकर लेंगे तथा वातावरण में ऑक्सीजन की मात्रा बढ़ाने के साथ ही प्रदूषण नियंत्रण में भी योगदान देंगे।
कोरोना किस चीज की आवश्यकता महसूस हुई थी ? जबसे ज्यादा आक्सीजन की आवश्यकता पड़ी थी। आने वाली पीढ़ी के संकट का समय आ रहा है, पौधारोपण ही इन समस्याओं का समाधान होगा, आज अनाज उत्पादन में केमिकल युक्त हो गया है, जो बीमारी का कारण बन रही है, इसलिए जैविक खेती कर दूषित अनाज से बचा जा सकता है। उन्होंने सभी नागरिकों से न्यूनतम एक फलदार पौधा लगाने का आग्रह किया। पौधा लगाने के उसकी सुरक्षा भी करना जिम्मेदारी निभानी होगी।




