Today Panchang आज का पंचांग रविवार, 27 जुलाई 2025

आचार्य श्री गोपी राम (ज्योतिषाचार्य) जिला हिसार हरियाणा मो. 9812224501
✦••• जय श्री हरि •••✦
🧾 आज का पंचांग 🧾
रविवार 27 जुलाई 2025
27 जुलाई 2025 दिन रविवार को श्रावण मास के शुक्ल पक्ष कि तृतीया तिथि है। आज मधुश्रवा नाम का एक प्रसिद्ध व्रत जो गुजरात – महाराष्ट्र में भी मनाया जाता है, वो आज ही हैं। आज गुजरात – महाराष्ट्र में मनाया जाने वाला एक और प्रसिद्ध ठकुराइन जयन्ती हैं। आज स्वर्णगौरी व्रत एवं सुकृतव्रत भी है। आज जयपुर का तीजमेला एवं सम्पूर्ण भारतवर्ष में मनाया जानेवाला हरियाली तीज का पावन व्रत भी है। आज जैन लोगों का भी तृतीया उपवास भी है। आज रवियोग एवं यमघंट योग भी है। आज सभी सनातनियों को “हरियाली तीज के पावन पर्व व्रत” की हार्दिक शुभकामनाएं एवं अनन्त – अनन्त बधाईयाॅं।।
भगवान सूर्य जी का मंत्र : ऊँ घृणि सूर्याय नम: ।।
🌠 रविवार को की गई सूर्य पूजा से व्यक्ति को घर-परिवार और समाज में मान-सम्मान की प्राप्ति होती है। रविवार के दिन उगते हुए सूर्य को देव को एक ताबें के लोटे में जल, चावल, लाल फूल और रोली डालकर अर्ध्य करें।
इस दिन आदित्य ह्रदय स्रोत्र का पाठ करें एवं यथा संभव मीठा भोजन करें। सूर्य को आत्मा का कारक माना गया है, सूर्य देव को जल देने से पितृ कृपा भी मिलती है।
रविवार के दिन भैरव जी के दर्शन, आराधना से समस्त भय और संकट दूर होते है, साहस एवं बल की प्राप्ति होती है। रविवार के दिन जी के दर्शन अवश्य करें ।
रविवार के दिन भैरव जी के मन्त्र ” ॐ काल भैरवाय नमः “ या ” ॐ श्री भैरवाय नमः “ की एक माला जाप करने से समस्त संकट, भय दूर होते है, रोगो, अकाल मृत्यु से बचाव होता है, मनवांछित लाभ मिलता है।
🔮 शुभ हिन्दू नववर्ष 2025 विक्रम संवत : 2082 कालयक्त विक्रम : 1947 नल
🌐 कालयुक्त संवत्सर विक्रम संवत 2082,
✡️ शक संवत 1947 (विश्वावसु संवत्सर), चैत्र
☮️ गुजराती सम्वत : 2081 नल
👸🏻 शिवराज शक 352
☸️ काली सम्वत् 5126
🕉️ संवत्सर (उत्तर) क्रोधी
☣️ आयन – दक्षिणायन
☂️ ऋतु – सौर वर्षा ऋतु
⛈️ मास – श्रावण मास
🌘 पक्ष – शुक्ल पक्ष
📅 तिथि – रविवार श्रावण माह के शुक्ल पक्ष तृतीया तिथि 10:42 PM तक उपरांत चतुर्थी
✏️ तिथि स्वामी – तृतीया तिथि की स्वामी माँ गौरी और कुबेर जी है ।तृतीया: किसी भी पक्ष की तीसरी तारीख को तृतीया तिथि या तीज कहते है।
💫 नक्षत्र – नक्षत्र मघा 04:23 PM तक उपरांत पूर्व फाल्गुनी
🪐 नक्षत्र स्वामी – मघा नक्षत्र का स्वामी ग्रह केतु है। इसके अतिरिक्त, मघा नक्षत्र के देवता पितृ (पूर्वज) माने जाते हैं।
⚜️ योग – वरीयान योग 03:13 AM तक, उसके बाद परिघ योग
⚡ प्रथम करण : तैतिल – 10:36 ए एम तक
✨ द्वितीय करण : गर – 10:41 पी एम तक वणिज
🔥 गुलिक काल : रविवार को शुभ गुलिक काल 02:53 पी एम से 04:17 पी एम
🤖 राहुकाल (अशुभ) – सायं 4:51 बजे से 6:17 बजे तक। राहु काल में शुभ कार्य करना वर्जित माना गया है।
⚜️ दिशाशूल – रविवार को पश्चिम दिशा की यात्रा नहीं करनी चाहिये, यदि अत्यावश्यक हो तो पान एवं घी खाकर यात्रा कर सकते है।
🌞 सूर्योदयः- प्रातः 05:18:00
🌄 सूर्यास्तः- सायं 06:38:00
👸🏻 ब्रह्म मुहूर्त : 04:17 ए एम से 04:58 ए एम
🌆 प्रातः सन्ध्या : 04:37 ए एम से 05:40 ए एम
🌟 अभिजित मुहूर्त : 12:00 पी एम से 12:55 पी एम
🔯 विजय मुहूर्त : 02:43 पी एम से 03:38 पी एम
🐃 गोधूलि मुहूर्त : 07:15 पी एम से 07:36 पी एम
🏙️ सायाह्न सन्ध्या : 07:15 पी एम से 08:18 पी एम
💧 अमृत काल : 01:56 पी एम से 03:34 पी एम
🗣️ निशिता मुहूर्त : 12:07 ए एम, जुलाई 28 से 12:49 ए एम, जुलाई 28
❄️ रवि योग : 04:23 पी एम से 05:40 ए एम, जुलाई 28
🚓 यात्रा शकुन-ईलायची खाकर यात्रा प्रारम्भ करें।
👉🏼 आज का मंत्र-ॐ घृणि: सूर्याय नम:।
💁🏻 आज का उपाय-विष्णु मंदिर में झूला भेंट करें।
🪵 वनस्पति तंत्र उपाय-बेल के वृक्ष में जल चढ़ाएं।
⚛️ पर्व एवं त्यौहार – रवि योग/ हरियाली तीज (झूला तीज)/मूल समाप्त/ मधुसत्रवा तृतीया/ मुस्लिम ज़फ़र मासारंभ/ काला दिवस, सीआरपीएफ स्थापना दिवस, दादा-दादी और बुजुर्गों के लिए विश्व दिवस, राष्ट्रीय प्रेम दयालुता दिवस, केंद्रीय रिजर्व पुलिस बल स्थापना दिवस, घरेलू हिंसा/घरेलू दुर्व्यवहार दिवस, भारतीय राजनीतिज्ञ तथा महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री उद्धव ठाकरे जन्म दिवस, भारत के 11वें राष्ट्रपति डॉ. अब्दुल कलाम स्मृति दिवस, भारतीय उपराष्ट्रपति कृष्णकांत पुण्य तिथि
✍🏼 तिथि विशेष – तृतीया तिथि में नमक का दान तथा भक्षण दोनों ही त्याज्य बताया गया है। तृतीया तिथि एक सबला अर्थात बल प्रदान करने वाली तिथि मानी जाती है। इतना ही नहीं यह तृतीया तिथि आरोग्यकारी रोग निवारण करने वाली तिथि भी मानी जाती है। इस तृतीया तिथि की स्वामिनी माता गौरी और इसके देवता कुबेर देवता हैं। यह तृतीया तिथि जया नाम से विख्यात मानी जाती है। यह तृतीया तिथि शुक्ल पक्ष में अशुभ फलदायिनी मानी जाती है।
🗼 Vastu tips 🛕
वास्तु शास्त्र की मानें तो मोगरा ऐसा पौधा है जिसकी खुशबू मन को सुकून देती है। साथ ही आसपास की नकारात्मकता भी दूर कर देती है और घर का माहौल ठीक हो जाता है। वास्तु शास्त्र में मोगरे के पौधे को सौभाग्य बढ़ाने वाला माना गया है। यह पौधा घर की सुंदरता तो बढ़ाता ही है साथ घर में पॉजिटिव एनर्जी भी लाता है। मोगरे का संबंध शुक्र और चंद्रमा से है। चूंकि शुक्र प्रेम, आर्कषण और ऐश्वर्य का प्रतीका है और चंद्रमा मन और शांति का प्रतीक होता है। यही कारण है कि इस पौधे से घर में प्रेम बढ़ता है और मन शांत रहता है।
किस दिशा में लगाना चाहिए? वास्तु शास्त्र में कहा गया है कि मोगरे के पौधे को अगर सही दिशा में लगाए जाए तो ज्यादा प्रभावी होता है। इसलिए इस पौधे को उत्तर-पश्चिम में लगाना बेहद शुभ है। इस दिशा को घर में तालमेल के संबंध से जोड़ा जाता है। अगर घर में यह दिशा नहीं समझ आ रहा तो आप इसे घर के मुख्य द्वार पर भी लगा सकते हैं।
♻️ जीवनोपयोगी कुंजियां ⚜️
सोने से पूर्व आवश्यक रूप से परमात्मा के सामने बैठकर अपनी दिनचर्या उसे सुनाएँ | यदि कोई भूल की हो, किसी का दिल दुखाया हो या पीड़ा पहुंचाई हो तो शमा मांगे | सोते समय TV या इन्टरनेट का उपयोग न करें |
परमात्मा से गुड नाईट कर के सोयें | सोते समय कोई चिंता या किसी की याद न हो | परमात्मा की स्मृति में सोयें | नींद नहीं आ रही है तो इसकी भी चिंता न करें | मन ही मन कोई भजन गुनगुनाएं |आप को नींद कब आ जाएगी पता भी न पड़ेगा |
सुबह को जल्दी उठकर परमात्मा की याद में कम से कम 30 मिनट बैठें | फिर निवृत होकर व्यायाम करें व् सैर को जाएँ |
दिन में एक घंटे से ज्यादा न सोयें अन्यथा रात्रि को नींद गहरी नहीं आएगी | शारीरिक श्रम की आदत डालें | शरीर थका होता है तो नींद अच्छी आती है |_
नींद न आने का एक कारण यह भी है की सोने का समय है रात्रि के 11 बजे से पूर्व | इसके पश्चात सोते हैं तो निद्रा चक्र बिगड़ जाता है | में अपने अनुभव से कहता हूँ कि शैया पर जाने के 5 मिनट के अन्दर नींद आ जाती है | अगर देरी से सोते हैं तो कुछ ज्यादा समय लगता है व् नींद डिस्टर्ब हो जाती है व् गहरी नहीं आती |
🍒 आरोग्य संजीवनी 🍇
शतावरी फायदे: महिलाओं के लिए लाभकारी: हार्मोनल संतुलन बनाए रखता है, मासिक धर्म की अनियमितता और मेनोपॉज के लक्षणों को कम करता है। प्रजनन स्वास्थ्य: महिलाओं और पुरुषों दोनों में प्रजनन क्षमता को बढ़ाता है। पाचन तंत्र के लिए: अम्लपित्त (एसिडिटी) और अल्सर जैसी समस्याओं में राहत देता है। रक्त शर्करा नियंत्रण: मधुमेह रोगियों के लिए सहायक। त्वचा और बालों के लिए: एंटीऑक्सीडेंट गुण त्वचा को स्वस्थ रखते हैं।
उपयोग: मात्रा: 1-2 ग्राम चूर्ण को दूध या पानी के साथ, सुबह या रात को लें। वैकल्पिक: इसे घी या शहद के साथ मिलाकर ले सकते हैं। सावधानी: गर्भवती या स्तनपान कराने वाली महिलाएं डॉक्टर की सलाह लें।
कौंच बीज फायदे: यौन स्वास्थ्य में सुधार: यह लिबिडो और यौन शक्ति को बढ़ाता है, विशेष रूप से पुरुषों में। मांसपेशियों का विकास: बॉडी बिल्डिंग और वजन बढ़ाने में सहायक। तंत्रिका तंत्र के लिए: पार्किंसंस रोग जैसे न्यूरोलॉजिकल विकारों में लाभकारी (एल-डोपा की उपस्थिति के कारण)। हार्मोनल संतुलन: टेस्टोस्टेरोन और डोपामाइन के स्तर को बढ़ाता है।
उपयोग: मात्रा: 1-2 ग्राम चूर्ण को दूध या पानी के साथ, रात को लें। वैकल्पिक: इसे भूनकर या शहद के साथ ले सकते हैं। सावधानी: अधिक मात्रा में सेवन से सिरदर्द या अनिद्रा हो सकती है।
📖 गुरु भक्ति योग 🕯️
🌊 जब अगस्त्य मुनि ने समुंद्र का सारा जल पी लिया 🌊
एक समय था जब देवताओं के आग्रह पर अगस्त्य मुनि ने सभी समुंदरों का जल पी लिया था ताकि देवता राक्षसों का वध कर सके ।
आज हम आपको उसकी कथा बताएँगे ।राक्षस राज वृत्तासुर का वध एक समय दैत्यों का राजा वृत्तासुर था जो देव राजा इंद्र व उनकी सेना पर आक्रमण करता रहता था। सभी देवता उससे परेशान थे इसलिये देव इंद्र ने महर्षि दधीचि की स्तुति कर उनकी हड्डियों से शक्तिशाली वज्र का निर्माण किया व वृत्तासुर का वध कर डाला । वृत्तासुर का वध होते ही दैत्य सेना में हाहाकार मच गया व सभी अपने जीवन की रक्षा करने के लिए इधर-उधर भागने लगे।
सभी राक्षस समुंद्र में छुप गए वृत्तासुर के वध के पश्चात दैत्यों के पास कोई राजा नही था तब सभी धरती पर अपना जीवन बचाने के लिए छुपने लगे लेकिन देवता उनको ढूंढ-ढूंढ कर मार रहे थे। इसलिये सभी दैत्यों ने समुंद्र के नीचे छुपने का सोचा ताकि देवता उन्हें ढूंढ ना सके। यह सोचकर सभी दैत्य समुंद्र की गहराइयों में जाकर छिप गए।
देवता हुयें परेशान दैत्यों के समुंद्र में छिपे होने के कारण देवताओं को उन्हें ढूंढने में बहुत समस्या आ रही थी। चूँकि समुंद्र अति विशाल होने के साथ-साथ बहुत गहरा भी था व साथ ही पानी के अंदर देखा नही जा सकता था। इसलिये देवता दैत्यों का वध कर पाने में असमर्थ थे। साथ ही दैत्य रात्रि में समुंद्र से बाहर निकल कर ऋषि मुनियों पर आक्रमण कर उन्हें खा जाते थे जिस कारण देवताओं की शक्ति कम होती जा रही थी।
सभी देवता गए भगवान विष्णु के पास दैत्यों के छल से परेशान होकर सभी देवता भगवान विष्णु के पास गए व उनसे सहायता मांगी। भगवान विष्णु ने कहा कि दैत्यों को तभी मारा जा सकता हैं जब समुंद्र का जल सूख जाये । इसके लिए उन्होंने उपाय सुझाया कि पृथ्वी पर ही अगस्त्य मुनि नामक एक महान तपस्वी रहते है जो अपनी शक्ति से समुंद्र के जल को पीकर उसे सुखा सकते है ।
देवताओं ने मांगी अगस्त्य मुनि से सहायता भगवान विष्णु से आदेश पाकर सभी देवता अगस्त्य मुनि से सहायता मांगने गए। जब ऋषि अगस्त्य ने देवताओं की समस्या सुनी तब वे उनकी सहायता करने को तैयार हो गए । वे सभी देवताओं के साथ समुंद्र के तट पर गए व अपने हाथ से जल लेकर पीने लगे ।
देखते ही देखते सारे समुंद्र का जल समाप्त हो गया व दैत्य उसमे साफ दिखने लगे। दैत्यों के बाहर आते ही सभी देवताओं ने उन पर भीषण आक्रमण कर दिया व सभी का वध कर दिया। कुछ दैत्य डरकर वहां से भागकर पुनः पाताल लोक चले गए।
इस प्रकार अगस्त्य मुनि ने समुंद्र का जल पीकर देवताओं व ऋषि मुनियों की सहायता की व दैत्यों का अंत करवाया। जब देवताओं ने राक्षसों का वध करने के पश्चात अगस्त्य मुनि से समुंद्र का जल वापस लौटाने को बोला तो उन्होंने इसमें असमर्थता दिखाई व उन्हें बताया कि अब वह सारा जल पच चुका है।
देवता गए भगवान ब्रह्मा के पास सभी देवता अगस्त्य मुनि के द्वारा समुंद्र का जल ना लौटा पाने के कारण भगवान ब्रह्मा से सहायता मांगने गए तब भगवान ब्रह्मा ने बताया कि कुछ समय के पश्चात भागीरथ इस पृथ्वी पर आयेंगे व उनके तप से माँ गंगा का इस पृथ्वी पर आगमन होगा। उन्ही के जल से विश्व के सभी समुंद्र पुनः भर जायेंगे।
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⚜️ तृतीया तिथि केवल बुधवार की हो तो अशुभ मानी जाती है। अन्यथा इस तृतीया तिथि को सभी शुभ कार्यों में लिया जा सकता है। आज तृतीया तिथि को माता गौरी की पूजा करके व्यक्ति अपनी मनोवाँछित कामनाओं की पूर्ति कर सकता है। आज तृतीया तिथि में एक स्त्री माता गौरी की पूजा करके अचल सुहाग की कामना करे तो उसका पति सभी संकटों से मुक्त हो जाता है। आज तृतीया तिथि को भगवान कुबेर जी की विशिष्ट पूजा करनी चाहिये। देवताओं के कोषाध्यक्ष की पूजा आज तृतीया तिथि को करके मनुष्य अतुलनीय धन प्राप्त कर सकता है।


