अच्छे दामों से किसान खुश, मंडी में तेजी , किसानों के आसार और बढ़ सकते है पूसा बासमती धान के रेट

उत्पादन भी हर साल से अच्छा, मजदूर न मिलने से, हार्वेस्टर से भी निकल रही पूसा धान
क्रांति धान की सरकारी तुलाई का इंतजार कर रहे है कि जल्द हो तुलाईं
रिपोर्टर : राजकुमार रघुवंशी
सिलवानी। इन दिनों किसानों में खुशी की चमक है। लगातार कुछ वर्षो से किसान धान की खेती में उत्पादन और रेट से परेशान थे पर इस वर्ष धान के रेट तीन हजार से 3380 तक है। इस वर्ष भी लागत एकड़ पर 25 हजार के लगभग से 30 हजार है पूरा खर्च, किसानों का कहना है। की इस वर्ष उत्पादन में भी अंतर आया है। हर वर्ष से ज्यादा इस वर्ष धान का उत्पादन बढ़ा है। एव धान का रेट भी अच्छा है। किसान अपनी धान मंडी लाकर या घर से दावत आदि कंपनी को बेंच रहे है।इस वर्ष दबा भी कम डली गई है। एव बारिश भी अच्छी हुई है। पर मजदूर न मिलने से किसान हार्वेस्टर से पूसा बासमती निकलवा रहे है।तो कुछ किसान थ्रेशर लगवा रहे है।इस वर्ष धान की कटाई साढ़े 4 हजार तक की एकड़ चल रही है। पर हार्वेस्टर से 25 रुपए पर एकड़ काटी जा रही है। किसानों का कहना है की इस वर्ष धान के रेट और बढ़ सकंगे क्यों की धान में नमी है और तेज भाव हैं तो अंगे और रेट बढ़ सकते है।।
क्रांति धान की तुलाई के लिए इंतजार कर रहे किसान।
किसानों ने क्रांति धान लगाई है तो किसी ने बोनी की है। किसानों की क्रांति धान आ चुकी है अब किसान सरकारी तौल का इंतजार कर रहे है। किसानों का कहना है की क्रांति धान की तुलाई शीघ्र हो।
पानी ज्यादा गिरने से कावर खेतो में बतर नही,समय से नही हो पाएगी बोनी।
इस वर्ष अधिक पानी गिरने से भरार कावर खेतो में बखन्नी नही हो पा रही है। क्यों की खेतो मे अधिक नमी है। जिस कारण से किसान बोनी के लिए खेत तियार नही कर पा रहे है। अधिक नमी और बीच में बारिश के खतरे के कारण इस वर्ष गेहूं की ज्यादा बोनी हों रही है। और अधिक नमी होने के कारण गेहूं की फसल सही नही उग रही है।
मूंग की खेती के लिए जल्दी बोनी की सोच किसानों की
लगातार कुछ वर्षो से मूंग की फसल में किसान ज्यादा ध्यान दे रहे है।जहा पानी पर्याप्त मात्रा में है 60 दिन की मूंग की फसल में उत्पादन ठीक और भाव भी अच्छे मिल रहे है। इस कारण से किसान ज्यादा मूंग की खेती पर ध्यान दे रहे है।




