डिजिटल मीडिया पत्रकारों को भी मिलेगा सरकारी योजनाओं का लाभ

केंद्र सरकार ने पत्र जारी कर दी जानकारी
ब्यूरो चीफ : मनीष श्रीवास
नईदिल्ली। नई दिल्ली सूचना एवं प्रसारण मंत्रालय, भारत सरकार ने एक अहम स्पष्टीकरण जारी करते हुए कहा है कि अब डिजिटल मीडिया में काम करने वाले पत्रकार भी सरकारी पत्रकार कल्याण योजनाओं और अन्य लाभों के पात्र हैं। यह जानकारी सामाजिक कार्यकर्ता पीयूष जोशी के द्वारा की याचिकाओं के जवाब में दी गई है।
मंत्रालय ने अपने पत्र (सं. जे-11013/36/2024-डीएम) में कहा कि डिजिटल मीडिया पत्रकारों के लिए सूचना प्रौद्योगिकी (मध्यवर्ती दिशानिर्देश और डिजिटल मीडिया आचार संहिता) नियम, 2021 लागू होते हैं। इसके तहत ओटीटी प्लेटफॉर्म और डिजिटल समाचार पोर्टलों को भी नियामक दायरे में लाया गया है और उनके लिए तीन-स्तरीय शिकायत निवारण प्रणाली बनाई गई है। इसके साथ ही मंत्रालय ने साफ किया है कि प्रिंट और टीवी पत्रकारों की तरह डिजिटल मीडिया पत्रकार भी सरकारी मान्यता और योजनाओं के तहत लाभ पाने के हकदार हैं। इससे यह स्पष्ट हो गया है कि डिजिटल मीडिया को अब मुख्यधारा की पत्रकारिता के बराबर का दर्जा मिलने की ओर कदम बढ़ चुका है।
*इस निर्णय से क्या बदलेगा?*
डिजिटल पत्रकार अब सरकारी स्वास्थ्य बीमा, पेंशन, और आपातकालीन सहायता योजनाओं में आवेदन कर सकेंगे।
*राज्यों की विज्ञापन नीति में शामिल होने का रास्ता साफ होगा।*
पत्रकारिता क्षेत्र में डिजिटल माध्यमों को कानूनी और सामाजिक पहचान मिलने में मदद मिलेगी।
यह फैसला उन हजारों डिजिटल पत्रकारों के लिए राहत की खबर है जो वर्षों से सरकारी मान्यता और सुरक्षा की माँग कर रहे थे।



