श्मशान की भूमि से हटाया गया कब्जा, खबर का असर
अतिक्रमणकारियों का आरोप: बिना सूचना हटाया गया अतिक्रमण
रिपोर्टर : सतीश चौरसिया
उमरियापान । 17 मार्च गुरुवार को को मृगांचल एक्सप्रेस में “श्मशान भूमि किया गया कब्जा, जिम्मेदार नही दे रहे ध्यान” शीर्षक से समाचार को प्रमुखता से प्रसारित किया गया था, जिस पर प्रशासन ने संज्ञान लेते हुए अतिक्रमण हटाया गया।
उमरियापान नायब तहसीलदार द्वारा मौके पर पहुंचकर अन्य राजस्व कर्मियों की मौजूदगी में अतिक्रमण हटाया गया।
नायब तहसीलदार द्वारा बेदखली आदेश में लेख किया है कि हल्का पटवारी द्वारा अपने प्रतिवेदन में प्रतिवेदित किया जाता है कि ग्राम उमरियापान, प.ह.नं. 17 कि शासकीय भूमि खसरा नं.466 रकवा 3.511 हे. में से रकवे 0.18 हे. भूमि जिसमें ग्रामवासियों का मरघट/मुर्दा जलाने हेतु संरक्षित है। उक्त भूमि पर अनावेदकों सचिन पिता रोहणी मिश्रा एवं राजेश पिता धन्नू ठाकुर निवासी उमरियापान द्वारा अवैध कब्जा कर मकान निर्माण किया जा रहा है। इसी तारतम्य में मौके से अतिक्रमण हटाया गया। सूत्रों ने बताया कि जिस जगह से अतिक्रमण हटाया गया है वह श्मशान की भूमि है और अभी भी मौके पर लगभग 10 से 20 मकान बने हुये है जिनका हटाने की हिम्मत प्रशासन नहीं उठा पा रहा है।
प्रशासन की कार्यवाही द्ववेषपूर्ण
अतिक्रमण करने वाले सचिन एवं राजेश ने बताया कि हमको पंचायत द्वारा नोटिस जारी किया गया था जिसमें हमारे द्वारा अतिक्रमण अलग करने के लिये कुछ दिनों का समय मांगा गया था। इस बीच उमरियापान नायब तहसीलदार द्वारा बेदखली आदेश क्रमांक-रा.प्र.क्र.346 /ना.तह./2022-23 उमरियापान दिनांक 17 मार्च 2023 को जारी किया गया। सचिन एवं राजेश ने बताया कि हमको किसी तरह का कोई नोटिस प्राप्त नहीं हुआ है। प्रशासन द्वारा गुण्डागर्दी करते हुये दिनांक 17 मार्च को नोटिस मौके पर लगाकर उसी दिन अतिक्रमण हटा दिया गया है जो प्रशासन की गुण्डागर्दी को दर्शाता है। वहीं म.प्र.भू-राजस्व संहिता 1959 में वर्णित प्रावधानों के तहत यह व्यवस्था लागू की गई है कि कोई भी अतिक्रमण अलग करने के पहले संबंधित व्यक्ति को सूचित किया जायेगा एवं अतिक्रमण अलग करने के लिये कुछ समय प्रदान करना आवश्यक है। अतिक्रमण करने वाले ने बताया कि लिहाजा बिना विधि प्रक्रिया को अपनाये बिना नायब तहसीलदार, आरआई एवं हल्का पटवारी द्वारा कार्यवाही की गई है इस संबंध में कलेक्टर एवं संभागायुक्त के समक्ष शिकायत की जायेगी।


