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2023 में 30 की बजाय 59 दिन का होगा सावन, अधिक मास का असर : चातुर्मास भी 148 दिन का रहेगा, दीपावली दशहरा भी देरी से आएंगे

सिलवानी। 2023 में अधिकमास यानी पुरुषोत्तम मास वाला साल होगा, क्योंकि हिंदू नवसंवत्सर के हिसाब से आने वाला साल 13 महीने का होगा। 2023 में सावन माह 59 दिन का रहेगा। वहीं अधिकमास की अवधि 18 जुलाई से 16 अगस्त तक रहेगी। इस बार अधिकमास का असर यह होगा कि जुलाई के बाद आने वाले सभी बड़े त्योहार 2022 की तुलना में 12 से 19 दिन की देरी से आएंगे। ज्योतिषाचार्य के अधिकमास हर तीन साल में आता है। खास बात यह है कि यह पीछे की ओर चलता है। जैसे वर्ष 2018 में अधिकमास भाद्रपद में था तो वर्ष 2020 में आश्विन में था। अब सावन माह अधिकमास होगा। इसी अंतर को पाटने के लिए नवसंवत्सर में अधिकमास की व्यवस्था की गई है।

हर साल 11 दिन का अंतर : पंडित भूपेंद्र शास्त्री ने बताया कि सौर मास 365 दिन का जबकि चंद्रमास 354 दिन का होता है। इस कारण हर साल 11 दिन का अंतर आता है जो तीन साल में बढ़कर एक महीने से कुछ अधिक हो जाता है। यह 32 माह 16 दिन के अंतराल से हर तीसरे साल में होता है।…… इसलिए कहते हैं पुरुषोत्तम मास : पौराणिक मान्यताओं के अनुसार इस अधिकमास का कोई स्वामी न होने के कारण देवताओं ने इसे अशुद्ध माना और इसमें कोई भी मांगलिक कार्य कैसे करें, इस संशय में पड़ गए, तब भगवान विष्णु ने कहा था कि आज से मैं इस अधिकमास को अपना नाम देता हूं, इसलिए इसे अधिकमास को पुरुषोत्तम मास कहा जाता है।……. 29 जून से शुरू होगा चातुर्मास : वर्ष 2022 में देवशयनी एकादशी 10 जुलाई से चातुर्मास शुरू हुआ था, जो 4 नवंबर तक रहा। कुल 117 दिन का चातुर्मास रहा। 2023 में देवशयनी एकादशी 29 जून से चातुर्मास शुरू होगा जो 23 नवंबर को देवउठनी एकादशी पर समाप्त होगा यानी कि नए साल में पूरे 148 दिन अर्थात 5 महीने में 3 दिन कम का चातुर्मास होगा।… जुलाई के बाद देरी से आएंगे त्योहार : रक्षाबंधन : इस साल 11 अगस्त को मनाया गया, नए साल में 30 अगस्त को रक्षाबंधन मनेगा।

गणेश चतुर्थी : वर्ष 2022 में 31 अगस्त को थी जो वर्ष 2023 में 19 सितंबर को रहेगी। शारदीय नवरात्र: इस साल 26 सितंबर को नवरात्र की शुरुआत हुई थी, जबकि नए साल में

ये 15 अक्टूबर से शुरू होगी। दशहरा: वर्ष 2022 में दशहरा 5 अक्टूबर को मनाया गया था, जबकि नए साल में 24 अक्टूबर

दीपावली : इस साल 24 अक्टूबर को मनाई गई। थी, लेकिन नए साल में 12 नवंबर को मनाई जाएगी।

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