आर्थिक रूप से टूट चुकी महिला, राज्य आजीविका मिशन से जुड़कर किया रोजगार शुरू

ब्यूरो चीफ : शब्बीर अहमद
बेगमगंज । मप्र ग्रामीण राज्य आजीविका मिशन से जुड़कर ग्रामीण अंचल के अनेक गांवों की महिलाओं ने स्वंय का रोजगार स्थापित कर आर्थिक रूप से स्वावलंबी बनकर अपने परिवार का सहारा बन रही है।
सरकार द्वारा महिलाओं को आर्थिक रूप से स्वावलंबी बनाने के उद्देश्य मध्य प्रदेश ग्रामीण आजीविका मिशन के माध्यम से विभिन्न योजनाओं के तहत प्रशिक्षित किए जाने के बाद स्वयं का रोजगार स्थापित करने के लिए प्रोत्साहित किया जा रहा है ।
इसी तारतम्भ में ग्राम कीरतपुर की एक बेरोजगार महिला द्वारा मिशन से प्रशिक्षित होने के बाद स्वयं का व्यवसाय दीदी की रसोई तहसील प्रांगण में स्थापित कर एक मिसाल कायम कर दी है।
मध्य प्रदेश ग्रामीण राज्य आजीविका मिशन बेगमगंज के समन्वयक सुधीर सोनी की प्रेणना से प्रेरित होकर लक्ष्मी स्व- सहायता समूह कीरतपुर की सदस्य श्रीमती रंजना पति कमलेश कुमार के द्वारा 50 हजार का पर्सनल लोन लेकर तहसील प्रांगण में दीदी की रसोई नाम से कैंटीन स्थापित की है।
जो उन्हें आर्थिक रूप से स्वावलंबी बनाकर उन्हें एवं उनके परिवार का पालन – पोषण में सहायक बन गई है। प्रतिदिन अच्छी कमाई होने से वो उत्साहित हैं।
तहसील कर्मचारियों एवं वहां काम के लिए आने वाले किसानों एवं हितग्राहियों के लिए कैंटीन खुलने से सुविधा हो गई है। अब उन्हें तहसील के बाहर सड़क के दूसरी तरफ नहीं जाना पड़ रहा है। यहीं कैंटीन पर ताजा नाश्ते के साथ चाय -कॉपी मिलने से उन्हें लंच में राहत मिल रही है।
दीदी की रसोई संचालक रंजना ने सरकार की प्रशंसा करते हुए बताया कि मध्य प्रदेश राज्य ग्रामीण आजीविका मिशन के माध्यम से उन्हें स्वंय का रोजगार करने का हौसला मिला है। उनके पति कमलेश कुमार ग्राम वीरपुर में 26 साल से अतिथि शिक्षक थे लेकिन उनकी नौकरी छूटने के बाद परिवार पर आर्थिक संकट आ गया था। परिवार की गुजरबसर एवं बच्चों की पढ़ाई को लेकर सभी चिंतित थे ।
ऐसे में मिशन समन्वयक सुधीर सोनी द्वारा उन्हें खुद का रोजगार शुरू करने के लिए प्रेरित किया गया। जिनकी प्रेरणा से उन्होंने कैंटीन खोलकर चाय नाश्ते का व्यवसाय शुरू किया।
जिसमें वह काफी हद तक सफल हो रही है।
आज उन्हें रोज रोटी एवं बच्चों की पढ़ाई की चिंता नहीं है। वह अपने इस व्यवसाय को अच्छे से बढ़ाना चाहती हैं ताकि वह एवं उनका परिवार आर्थिक रूप से मजबूत हो सके।



