बाल भिक्षा को मुख्य धारा में रखने लेकर हुई विशेष चर्चा, जिला सीईओ -जयति सिंह

ब्यूरो चीफ : मनीष श्रीवास
जबलपुर । जबलपुर जिले में बाल भिक्षा व सड़क पर रहने वाले प्रतिभागियों के नामांकित धारा से जुड़ने के लिए जिला पंचायत की कार्यपालन अधिकारी जयति सिंह की मौजूदगी में महिला एवं बाल विकास एवं नामांकन के संबंधित अधिकारियों के साथ विभी नामांकन से जुड़ी बैठक की गईं । इस बैठक में कहा गया है कि पहले भी ऐसे शिष्यों को मुख्य धारा में लाने का प्रयास किया गया था, लेकिन आज भी व्याख्या पर बाल भिक्षावृत्ति देखने को मिलती है। अत: इसके रोकने के लिए प्रभावशाली कदम उठाये जायेंगे। जिसमें मुखयोग्य रूप से ऐसे प्रतिभागियों को समाज की मुखय धारा से जोड़ने के साथ उनके उज्जवल विकास को शामिल किया गया है! इस प्रमुख जीवन उपयोगी सहायक उपलबध स्थापना और ऐसे प्रतिभागियों की पहचान कर ऊपर यू कहा गया है कि अंतिम दर्शन कर एक प्रभावशाली योजना बनाई गई है। जिसमें बाल भिक्षावृत्ति जैसे सामाजिक कलंक को दूर किया जायेगा । वहीं लक्ष्य समूह पर विशेष केन्द्रित करने को कहा गया! बिना किसी सहायता के पूर्णत: अकेले रहने वाले, ऐसे वे परिवार के साथ रहते हैं! रात में परिवार के साथ रहते हैं, परिवार के साथ सड़क पर रहने वाले बाल , दोस्त परिवार के जोड़े, अस्तांग जोड़े, निराश्रित जोड़े और काम के आरोपे, बाल भिक्षुक, कचरा या पी साक्षात्कारी बने रहने वालों की पहचान सुनिश्चित करने को कहा गया। साथ ही उन्होंने अपने सर्वे में ऐसे सभी बाल भिक्षा मांगने वालो पर फोक्स करने के निर्देश दिए। स्थानों के रेसकव्यू में परामर्श अभिलेखों पर भी ज़ोर दिया जाये । साथ ही बैठक में बाल कल्याण की दिशा में कार्य करने को कहा गया। जिसमें मुख्य रूप से उनकी शिक्षा, चिकित्सा की पुष्टि के साथ नशा मुक्ति और बाल भिक्षावृत्ति की रोकथाम जोरों पर की जा सकें । इस दौरान महिला एवं बाल विकास गृह सामाजिक नित्याय, बाल कल्याण प्रशासन, राजसव, उच्च स्तरीय शिक्षा, श्रेणी जनजाति एवं श्रेणी जाति कल्याण, श्रम, लोक शिक्षा एवं परिवार कल्याण विभाग के अधिकारियों को बाल कल्याण की दिशा में कार्य करने को कहा गया। साथ ही ऐसे क्षेत्र जहां पर बाल भिक्षु और सड़क पर रहने वाले लोग अभ्यारण्य देखने जाते हैं उन क्षेत्रों के बारे में भी आविष्कारक जानकारी धारक बाल कल्याण के लिए प्रभावशाली कार्य करने के लिए कहा गया है।



