ज्योतिषधार्मिक

Today Panchang आज का पंचांग बुधवार, 13 मई 2026

आचार्य श्री गोपी राम (ज्योतिषाचार्य) जिला हिसार हरियाणा मो. 9812224501
         *_जय श्री हरि_*
🧾 *_आज का पंचांग_* 🧾           
*बुधवार  13 मई  2026_*
ॐ एकदन्ताय विद्महे वक्रतुंडाय धीमहि तन्नो बुदि्ध प्रचोदयात ।।
☄️ *_दिन (वार) – बुधवार के दिन तेल का मर्दन करने से अर्थात तेल लगाने से माता लक्ष्मी प्रसन्न होती है धन लाभ मिलता है।
*_बुधवार का दिन विघ्नहर्ता गणेश का दिन हैं। बुधवार के दिन गणेश जी के परिवार के सदस्यों का नाम लेने से जीवन में शुभता आती है।
*_बुधवार के दिन गणेश जी को रोली का तिलक लगाकर, दूर्वा अर्पित करके लड्डुओं का भोग लगाकर उनकी की पूजा अर्चना करने से सभी मनोकामनाएं पूरी होती हैं।
🔮 *_शुभ हिन्दू नववर्ष 2026 विक्रम संवत : 2083 सिद्धार्थी विक्रम : 1969 शर्वरी_*
🌐 *_रौद्र संवत्सर विक्रम संवत 2083,_*
✡️ *_शक संवत 1948 (पराभव संवत्सर), चैत्र_*
☮️ *_गुजराती सम्वत : 2082 पिङ्गल_*
☸️ *_काली सम्वत् 5127_*
🕉️ *_संवत्सर (बृहस्पति) पराभव_*
☣️ *_आयन –  उत्तरायण_*
☂️ *_ऋतु – सौर ग्रीष्म ऋतु_*
☀️ *_मास – ज्यैष्ठ मास_*
🌒 *_पक्ष – कृष्ण पक्ष_*
📆 *_तिथि – बुधवार ज्येष्ठ माह के कृष्ण पक्ष एकादशी तिथि 01:30 PM तक उपरांत द्वादशी_*
📝 *_तिथि स्वामी – एकादशी के देवता हैं विश्वेदेवगणों और विष्णु। इस तिथि को विश्वेदेवों पूजा करने से संतान, धन-धान्य और भूमि आदि की प्राप्ति होती है।_*
💫 *_नक्षत्र- नक्षत्र उत्तरभाद्रपदा 12:17 AM तक उपरांत रेवती_*
🪐 *_नक्षत्र स्वामी – उत्तरा भाद्रपद नक्षत्र के स्वामी शनि हैं। नक्षत्र देवता अहिर्बुध्न्य इन्हें भगवान शिव का एक रूप माना जाता है।_*
⚜️ *_योग – विष्कुम्भ योग 08:54 PM तक, उसके बाद प्रीति योग_*
⚡ *_प्रथम करण – बालव 01:30 PM तक_*
✨ *_द्वितीय करण – कौलव 12:31 AM तक, बाद तैतिल_*
🔥 *_गुलिक काल : – बुधवार को शुभ गुलिक 11:10 से 12:35 बजे तक_*
⚜️ *_दिशाशूल – बुधवार को उत्तर दिशा में दिशा शूल होता है ।इस दिन कार्यों में सफलता के लिए घर से सुखा / हरा धनिया या तिल खाकर जाएँ_*
🤖 *_राहुकाल : – बुधवार को राहुकाल दिन 12:35 से 2:00 तक । राहु काल में कोई भी शुभ कार्य नहीं करना चाहिए_*
🌞 *_सूर्योदयः – प्रातः 05:30:56_*
🌅 *_सूर्यास्तः – सायं 19:03:40_*
👸🏻 *_ब्रह्म मुहूर्त : प्रातः काल 04:08 ए एम से 04:50 ए एम_*
🌇 *_प्रातः सन्ध्या प्रातः काल 04:29 ए एम से 05:32 ए एम_*
🌟 *_अभिजित मुहूर्त : कोई नहीं_*
🔯 *_विजय मुहूर्त : दोपहर 02:33 पी एम से 03:27 पी एम_*
🐃 *_गोधूलि मुहूर्त : सायं काल 07:02 पी एम से 07:23 पी एम_*
🌌 *_सायाह्न सन्ध्या : सायं काल 07:04 पी एम से 08:06 पी एम_*
💧 *_अमृत काल : सायं काल 07:41 पी एम से 09:13 पी एम_*
🗣️ *_निशिता मुहूर्त : रात्रि काल 11:56 पी एम से 12:38 ए एम, मई 14_*
☃️ *_पञ्चक : पूरे दिन_*
🚓 *_यात्रा शकुन-हरे फ़ल खाकर अथवा दूध पीकर यात्रा पर निकलें।_*
👉🏼 *_आज का मंत्र-ॐ ब्रां ब्रीं ब्रौं स: बुधाय नम:।_*
🤷🏻‍♀️ *_आज का उपाय-किसी बटुक को सवाकिलो साबुत मूंग परिपूरित कांस्य पात्र भेंट करें।_*
🪵 *_वनस्पति तंत्र उपाय-अपामार्ग के वृक्ष में जल चढ़ाएं।_*
⚛️ *_पर्व एवं त्यौहार – कृष्ण परशुराम द्वादशी/ अपरा एकादशी सर्वे (स्मार्त), पञ्चक जारी/ गण्ड मूल/ सीता माता प्राकट्य दिवस/ आध्यात्मिक गुरु श्री श्री रविशंकर प्राकट्योत्सव/ऐतिहासिक लाल किले का निर्माण पूर्ण दिवस, राष्ट्रपति फखरुद्दीन अली अहमद जन्म दिवस, भारतीय लेखक आर. के. नारायण स्मृति दिवस, संत निरंकारी मिशन के बाबा हरदेव सिंह स्मृति दिवस, स्वतंत्रता सेनानी मथुरा प्रसाद मिश्र वैद्य जन्म दिवस, राष्ट्रीय एकता दिवस, राष्ट्रीय सेब पाई दिवस, राष्ट्रीय फ्रूट कॉकटेल दिवस, राष्ट्रीय लेप्रेचौन दिवस, राष्ट्रीय रात्रि शिफ्ट कर्मचारी दिवस
✍🏼 *_तिथि विशेष – एकादशी तिथि को चावल एवं दाल नहीं खाना चाहिये तथा द्वादशी को मसूर नहीं खाना चाहिये। यह इस तिथि में त्याज्य बताया गया है। एकादशी को चावल न खाने अथवा रोटी खाने से व्रत का आधा फल सहज ही प्राप्त हो जाता है। एकादशी तिथि एक आनन्द प्रदायिनी और शुभफलदायिनी तिथि मानी जाती है। एकादशी को सूर्योदय से पहले स्नान के जल में आँवला या आँवले का रस डालकर स्नान करना चाहिये। इससे पुण्यों कि वृद्धि, पापों का क्षय एवं भगवान नारायण के कृपा कि प्राप्ति होती है।         
🗽 *_Vastu tips_* 🗺️
वास्तु के अनुसार एक्वेरियम में मछलियों की संख्या भी महत्वपूर्ण मानी जाती है। आमतौर पर 9 मछलियां रखना शुभ होता है, जिसमें एक काली मछली शामिल करने की सलाह दी जाती है। माना जाता है कि काली मछली नकारात्मक ऊर्जा को कम करती है और बाकी मछलियां सकारात्मकता बढ़ाती हैं।
*_देखभाल से बढ़ता है शुभ प्रभाव एक्वेरियम की साफ-सफाई और पानी की गुणवत्ता का ध्यान रखना बेहद जरूरी है। गंदा पानी या बीमार मछलियां घर की ऊर्जा को प्रभावित कर सकती हैं। इसलिए नियमित देखभाल से इसका सकारात्मक असर लंबे समय तक बना रहता है।           
🔏 *जीवनोपयोगी कुंजियां* ⚜️
*_गर्मी का पीक- इस समय धूप और गर्मी अपने चरम पर होती है। सूर्य की किरणें अपने पीक पर होती हैं। अगर आप इस वक्त घर से बाहर निकलते हैं तो शरीर की नेचुरल कूलिंग प्रणाली पर अतिरिक्त दबाव पड़ता है। गर्मी के तनाव को हल्के में नहीं लेना चाहिए, भले ही शुरुआत में इसके लक्षण दिखाई न दें।
*_निर्जलीकरण- इस वक्त धूप में निकलने से तेजी से निर्जलीकरण होने का खतरा रहता है। इस समय अगर आप थोड़ी देर के लिए भी बाहर निकलते हैं, तो तुरंत पसीना आने लगता है और शरीर सूखने लगता है। जब तक प्यास या थकान जैसे लक्षण दिखाई देते हैं, तब तक शरीर पहले से ही इसकी भरपाई करने में लगा होता है।
*_थकान- तेज गर्मी में निकलने से जब शरीर से पसीना अधिक निकल जाता है तो थकान और कमजोरी महसूस होने लगती है। कई बार इंसान को इसका अहसास नहीं होता है लेकिन सिरदर्द, चक्कर आना और असामान्य थकान जैसे शुरुआती लक्षणों पर भी गौर करना चाहिए।       
🧬 *आरोग्य संजीवनी* 🩸
जैसे-जैसे उम्र 50 के पार होती है, शरीर को ऐसे पोषण की जरूरत होती है जो पाचन, हृदय और ऊर्जा के स्तर को सही रखे। ऐसे में केला एक बेहतरीन और सस्ता विकल्प है।
*_यहाँ इसके मुख्य लाभ दिए गए हैं:_*
*_रक्तचाप (BP) पर नियंत्रण: केले में भरपूर पोटेशियम होता है। यह शरीर से अतिरिक्त नमक (सोडियम) को बाहर निकालने में मदद करता है, जिससे रक्तचाप संतुलित रहता है और धमनियों पर दबाव कम होता है।
*_दिल की सेहत: पोटेशियम और मैग्नीशियम मिलकर हृदय की धड़कन को नियमित रखते हैं। यह कोलेस्ट्रॉल मुक्त होता है, इसलिए दिल के लिए सुरक्षित स्नैक है।
*_बेहतर पाचन: इसमें मौजूद फाइबर कब्ज की समस्या को दूर करता है। यह चबाने और पचाने में बहुत आसान होता है, जो बढ़ती उम्र में एक बड़ा फायदा है।
*_स्थिर ऊर्जा: केले में विटामिन B6 और प्राकृतिक शर्करा होती है, जो आपको बिना किसी भारीपन के दिन भर सक्रिय रखती है।
*_मांसपेशियों में आराम: अक्सर रात में पैरों में होने वाली ऐंठन पोटेशियम की कमी से हो सकती है। केला खाने से मांसपेशियों को आराम मिलता है।
👉🏼 *_सावधानी: अगर आप डायबिटीज (Sugar) के मरीज हैं या आपको किडनी की कोई समस्या है, तो इसे अपने आहार में शामिल करने से पहले एक बार अपने डॉक्टर की सलाह जरूर लें।             
📖 *गुरु भक्ति योग* 🕯️
   जन्म पत्रिका मे राहु जिस भाव मे जिस राशि मे विद्यमान होते हैं लीक से हटकर कारकतत्व प्रदान करते है नवम भाव धर्म का स्थान माना जाता है मे राहु की स्थिति होने पर जातक का धर्म के प्रति द्रष्टिकोण अलग प्रकार का रहता है या धर्म के प्रति सोच अलग प्रकार की रहती है ।
         *_राहु छाया ग्रह है जिस भाव जिस राशि मे विद्यमान होगे के भावेश की स्थिति के अनुसार फल प्रदान करते है उपरोक्त स्थिति मे भाग्येश की स्थिति विचारणीय रहेगी जन्म कुंडली मे नवमेश बली अवस्था मे शुभ प्रभाव युक्त होने पर राहु उत्तम फल प्रदायक रहेगे , इसके विपरीत भाग्येश कमजोर निर्बली अवस्था मे होने पर जातक के भाग्य फल प्राप्त मे अवरोध एवं विभिन्न प्रकार का बाधाऐ रहेगी ।
         *_नवम भाव मे राहु -नवम भाव मे राहु की स्थिति होने पर पिता व कुटुम्ब के ज्येष्ठ लोगो से दुख , अत्यंत प्रेमी मनुष्य की हानि , बन्धु वियोग , स्थानांतरण , समुद्र या तीर्थ यात्रा , गंगा स्नान , सत्कर्म की ओर चित्त का फल जातक को प्राप्त होता है ।
       *_जन्म कुंडली मे राहु का अंशबल अन्य ग्रहो की युति , दृष्टि , नवांश मे स्थिति , राहु पर भाग्येश की दृष्टि फल प्रदान करने की क्षमता को प्रभावित करेगी के अनुसार फल स्वाभाविक रूप से प्रभावित रहेगा जो कि जन्म कुंडली विशेष मे विद्यमान सभी ग्रहो की परिस्थितयो से निर्धारित होगा ।
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⚜️ *_एकादशी तिथि के देवता विश्वदेव होते हैं। नन्दा नाम से विख्यात यह तिथि शुक्ल पक्ष में शुभ तथा कृष्ण पक्ष में अशुभ फलदायिनी मानी जाती है। एकादशी तिथि एक आनंद प्रदायिनी और शुभ फलदायी तिथि मानी जाती है। इसलिये आज दक्षिणावर्ती शंख के जल से भगवान नारायण का पुरुषसूक्त से अभिषेक करने से माँ लक्ष्मी प्रशन्न होती है एवं नारायण कि भी पूर्ण कृपा प्राप्त होती है।।
*_यदि एकादशी तिथि रविवार और मंगलवार को पड़ती है तो मृत्युदा योग बनाती है। इस योग में शुभ कार्य करना वर्जित है। इसके अलावा एकादशी तिथि शुक्रवार को होती है तो सिद्धा कहलाती है। ऐसे समय में किसी भी कार्य की सिद्धि प्राप्ति का योग निर्मित होता है। यदि किसी भी पक्ष में एकादशी सोमवार के दिन पड़ती है तो क्रकच योग बनाती है, जो अशुभ होता है। इसमें शुभ कार्य निषिद्ध बताये गये हैं। एकादशी तिथि नंदा तिथियों की श्रेणी में आती है। वहीं किसी भी पक्ष की एकादशी तिथि पर भगवान विष्णु की पूजा करना शुभ माना जाता है।।

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