नाबालिग बालिका का विवाह रुकवाकर उमरियापान पुलिस ने दिखाई संवेदनशीलता

रिपोर्टर : सतीश चौरसिया
उमरियापान। बाल संरक्षण और सामाजिक जिम्मेदारी निभाते हुए उमरियापान पुलिस ने ग्राम भटगवां में होने जा रहे एक नाबालिग बालिका के बाल विवाह को समय रहते रुकवाकर सराहनीय कार्य किया है।
जानकारी के अनुसार 13 मई 2026 को सूचना प्राप्त हुई थी कि ग्राम भटगवां में 15 वर्षीय बालिका का विवाह कराया जा रहा है। इस संबंध में माननीय न्यायालय जे.एम.एफ.सी. ढीमरखेड़ा द्वारा जांच के निर्देश भी प्राप्त हुए थे। सूचना मिलते ही उमरियापान पुलिस तत्काल मौके पर पहुंची और कार्रवाई शुरू की।
पुलिस टीम ने बालिका के माता-पिता एवं परिजनों को बाल विवाह निषेध अधिनियम के प्रावधानों की जानकारी देते हुए समझाइश दी कि नाबालिग बालिका का विवाह कराना कानूनन अपराध है। साथ ही इससे बालिका के स्वास्थ्य, शिक्षा और भविष्य पर पड़ने वाले दुष्प्रभावों के बारे में भी अवगत कराया गया।
पुलिस की समझाइश के बाद परिजनों ने विवाह कार्यक्रम तत्काल रोक दिया। परिजनों ने आश्वासन दिया कि बालिका के बालिग होने के बाद ही विधिसम्मत तरीके से विवाह किया जाएगा।
उमरियापान पुलिस की त्वरित और संवेदनशील कार्रवाई की क्षेत्र में सराहना की जा रही है। इस कार्रवाई में थाना प्रभारी उप निरीक्षक महेन्द्र जायसवाल, उप निरीक्षक भरत सिंह मार्को, प्रधान आरक्षक आशीष झारिया, आरक्षक अजय तिवारी सहित थाना स्टाफ की महत्वपूर्ण भूमिका रही।



