हलषष्ठी व्रत पर मातृशक्ति ने की संतान की दीर्घायु और सुख-समृद्धि की कामना

रिपोर्टर : सतीश चौरसिया
उमरियापान। बड़े-बुजुर्गों एवं बच्चों का जीवन मंगलमय और सुखमय हो, इसी मंगलकामना के साथ हलषष्ठी व्रत का पर्व श्रद्धा और भक्तिभाव के साथ मनाया गया । इसी क्रम में समाजसेवी एवं अधिवक्ता रेखा अंजू तिवारी के निज निवास पर माता हलषष्ठी एवं भगवान श्रीकृष्ण के बड़े भाई बलदाऊ जी के जन्मोत्सव के अवसर पर विधि-विधान एवं मंत्रोच्चार के साथ पूजा-अर्चना, हवन-यज्ञ किया गया ।
समाजसेवी एवं अधिवक्ता रेखा अंजू तिवारी ने बताया कि हलषष्ठी व्रत हिंदू सनातन धर्म की धार्मिक आस्था एवं प्राचीन परंपराओं से जुड़ा महत्वपूर्ण पर्व है । माताएं दिनभर व्रत रखकर परिवार की सुख-शांति, संतान की दीर्घायु और उज्ज्वल भविष्य की कामना करती हैं । इस अवसर पर विधिवत पूजन-अर्चन, वंदन एवं कथा श्रवण किया गया । साथ ही भगवान विघ्नहर्ता श्रीगणेश, भगवान कार्तिकेय, भगवान भोलेनाथ एवं माता पार्वती से परिवार और समाज में सुख-शांति बनाए रखने की प्रार्थना की गई ।
भाद्रपद कृष्ण पक्ष में मनाए जाने वाले हरछठ व्रत को लेकर शहरी एवं ग्रामीण क्षेत्रों की महिलाओं में विशेष उत्साह देखने को मिला । इस अवसर पर समाजसेवी रेखा नामदेव, शिक्षिका, मीना विश्वकर्मा, निधि नामदेव, गोलू लड्डू विश्वकर्मा एवं अधिवक्ता रेखा अंजू तिवारी सहित अन्य मातृशक्तियों ने ढोलक, झांझ-मंजीरे के साथ भक्तिभाव से सुंदर भजन-कीर्तन किया। सभी ने माता हलषष्ठी से अपनी संतानों की लंबी उम्र, उत्तम स्वास्थ्य और उज्ज्वल भविष्य की मंगलकामना की ।
पूजन एवं धार्मिक अनुष्ठान के पश्चात शाम को व्रत का पारंपरिक रूप से पारण किया गया । व्रती महिलाओं ने बिना हल चलाए प्राप्त होने वाली वस्तुओं में पसई के चावल, महुआ, दूध, दही, मट्ठा एवं फलों का फलाहार किया ।



