सीधी की घटना को लेकर कांग्रेसियों ने धरना प्रदर्शन के बाद मुख्यमंत्री का पुतला फूंका, और राजपाल के नाम सौंपा ज्ञापन
ब्यूरो चीफ : शब्बीर अहमद
बेगमगंज । सीधी जिले में भाजपा के विधायक प्रतिनिधि द्वारा एक आदिवासी के साथ की गई निंदनीय घटना को लेकर ब्लॉक कांग्रेस कमेटी द्वारा बस स्टैंड स्थित संविधान निर्माता डॉक्टर भीमराव अंबेडकर की मूर्ति के निकट कांग्रेस कार्यकर्ताओं द्वारा धरना प्रदर्शन किया जाकर महामहिम राज्यपाल के नाम का ज्ञापन तहसीलदार एसआर देशमुख को सौंपा और मौका पाकर मुख्यमंत्री का पुतला दहन किया ।
हालांकि पुलिस और कार्यकर्ताओं के बीच तीखी नोकझोंक और झूमा झटकी पुतले को लेकर हुई बावजूद इसके कांग्रेस कार्यकर्ता पुतला जलाने में सफल हो गए। नगर पालिका की दमकल से पानी की बौछारें बरसा कर आग बुझाने का प्रयास किया गया और कार्यकर्ताओं को तितर-बितर किया।
धरना प्रदर्शन के दौरान अपने -अपने संबोधन में जिला कांग्रेस अध्यक्ष देवेंद्र पटेल, मप्र कांग्रेस कमेटी के पूर्व महामंत्री राजेंद्र सिंह तोमर , ब्लॉक कांग्रेस कमेटी अध्यक्ष संदीप विश्वकर्मा, किसान नेता सौरभ शर्मा, बैजनाथ यादव एडवोकेट, प्रकाश पटेल, सेवादल अध्यक्ष प्यारे आकाश आदि ने घटना की निंदा कर इसे इंसानियत के नाम पर कलंकित निरूपित करते हुए महामहिम राज्यपाल से दलितों एवं आदिवासियों पर अमानवीय अत्याचार करने वालों को संरक्षण दिए जाने वाली भाजपा की शिवराज सरकार को तत्काल बर्खास्त कर राष्ट्रपति शासन लगाए जाने की मंच से मांग की और आरोप लगाया कि मध्यप्रदेश में जब से भाजपा की सरकार बनी है तब से 17 वर्षों में रिकॉर्ड के अनुसार सबसे ज्यादा अत्याचार एवं अनाचार की घटनाएं दलितों एवं आदिवासियों के साथ घटित हुई हैं। जिनके मामले भी दर्ज होकर न्यायालय में विचाराधीन है। और कई घटनाओं में तो प्रकरण भी दर्ज नहीं हो सके हैं पुलिस ने भाजपा के नेताओं के प्रभाव एवं दबाव में उन्हें दबा दिया।
इस अवसर पर ग्रामीण ब्लॉक कांग्रेस कमेटी अध्यक्ष जाहर सिंह लोधी, सुल्तानगंज ब्लॉक कांग्रेस अध्यक्ष नत्थू सिंह, कंछेदीलाल शर्मा, मुन्ना राजा चांदोडा, बैजनाथसिंह यादव एडवोकेट, राजेंद्र यादव, हिंदू उत्सव समिति अध्यक्ष संजय राय, मुस्लिम त्योहार कमेटी अध्यक्ष शकील हां ठेकेदार, बबलू यादव, नासिर नवाब, मुजाहिद अहमद, संतोष कंडया , विजय पहलवान, अकरम पटेल, जफर शाह, सीएम साहू, शाकिर मंसूरी, श्रीप्रकाश जैन, प्रकाश पटेल, इरशाद बाबू , उपेंद्र ठाकुर , लोकेंद्र लोधी, राकेश श्रीवास, राजू नेमा, चंद्रेश जैन, प्रवीण समैया, गोविंद साहू, संदीप जैन, हर्ष गुप्ता, पवन दुबे, रिहान खान, नस्सू ठेकेदार, सोमिल यादव इत्यादि सहित सैकड़ों की संख्या में मौजूद कार्यकर्ताओं द्वारा घटना की घोर निंदा करते हुए प्रदेश सरकार एवं मुख्यमंत्री के खिलाफ नारेबाजी की।
धरना प्रदर्शन के बाद अचानक युवक कांग्रेस के कुछ कार्यकर्ता पीछे से मुख्यमंत्री का पुतला लेकर प्रकट हुए और बस स्टैंड चौराहे पर उसमें आग लगा दी पुलिस ने तब पानी की केनन बौछार करते हुए पुतले की आग को बुझाया और कार्यकर्ताओं को पीछे हटाने का प्रयास किया । पुलिस एवं कार्यकर्ताओं की छीना -छपटी में मुख्यमंत्री का पुतला टूट कर बिखर गया।




