पत्नी ने लिया पति के साथ जाने का फैसला, मां बोली अब तुम हमारे लिए मर गई चली जाओ
परिवार परामर्श केन्द्र से ही पत्नी को किया पति के साथ विदा, उसके फैसले को सराहा
रिपोर्टर : शिवलाल यादव
रायसेन । आपस में हुए झगड़े के बाद मायके में रह रही पत्नी ने परिवार परामर्श केन्द्र में समझाइश के बाद पति के साथ जाने का निर्णय लिया। उसके फैसले पर उसकी मां ने कहा कि अब तुम हमारे लिए मर गईं। मां के कड़वे वचन के बावजूद पत्नी अपने निर्णय पर कायम रही और उसे परिवार परामर्श केन्द्र से ही उसके पति व साथ के साथ भेजा गया। साथ ही पति को सख्त हिदायत दी गई कि आगे से वह उसकी पत्नी का अच्छे से ख्याल रखेगा।
घर में आर्थिक तंगी और पति पत्नी में होने वाले झगड़ों के साथ एक पत्नी अपनी ससुराल से आकर रायसेन अपने मायके में रहने लगी। मामला परिवार परामर्श केन्द्र में आने पर दोनों पक्षों को समझाया। पत्नी ने बताया पति मारपीट करता है, पति ने कहा पत्नी कड़वे वचन कहती है, जिससे झगड़ा होता है, उसकी आर्थिक स्थिति से ज्यादा खर्च की उम्मीद करती है। दोनों की काउंसलिंग की गई तो दोनों ने अपनी-अपनी गलती मानी और उन्हें सुधारते हुए साथ रहने का निर्णय लिया। हालांकि उनके इस निर्णय से पत्नी की मां राजी होती नहीं दिखी और उसने अपनी बेटी से यह तक बोल दिया कि अब उसकी जिंदगी में जो हो वह खुद जाने हमारे लिए वह मर चुकी है। मां की इस उलाहना के बाद बावजूद पत्नी अपने निर्णय पर कायम रही। उसके इस निर्णय की परिवार परामर्श केन्द्र में सभी ने सराहना की और पति से सख्ती से हिदायत दी की आगे से वह उसके साथ मारपीट नहीं करेगा और उसका पूरा ख्याल रखेगा। दोनों को शुभकामनाओं के साथ परिवार परामर्श केन्द्र से एक साथ भेजा गया।
एक अन्य मामले में एक रिटायर्ड हेडकांस्टेबल की पत्नी ने शिकायत की थी कि उसका पति उसका व बच्चों का ख्याल नहीं रखता उसकी 15 बीघा जमीन है, उस पर भी दूसरे लोगों ने कब्जा कर रखा है। उसके बच्चे के नाम जमीन की जाए। पति अपने बच्चे के नाम जमीन करने को तैयार हो गया, साथ ही वह पत्नी को भी उसके व्यक्तिगत खर्च के लिए हर माह 2 हजार रुपए देगा और घर की जरूरत का सामान भी लाएगा। परिवार परामर्श केन्द्र की बैठक में 7 प्रकरण रखे गए।जिसमें से 5 प्रकरण निराकृत किए गए व 2 प्रकरणों में पक्षकारों को आगामी तारीख दी गई है।
बैठक में एसडीओपी रवि शर्मा, अध्यक्ष कैलाश श्रीवास्तव, सलाहकार अशोक गुप्ता, चेतन राय, अनीता राजपूत, एएसआई अनिल वर्मा, प्रधान आरक्षक लक्ष्मण प्रसाद, आरक्षक लोकेंद्र मौर्य उपस्थित रहे। उल्लेखनीय है कि एसपी विकास शाहवाल के निर्देशन व एएसपी अमृतलाल मीणा के मार्गदर्शन में हर मंगलवार को एसडीओपी कार्यालय में परिवार परामर्श केंद्र की बैठक आयोजित की जाती है, जिसके माध्यम से पारिवारिक विवादों को आपसी सहमति से सुलझाने का प्रयास किया जाता है।



