नैशनल हाईवे पर घायल लंगूर का किया रेस्क्यू, खून से लतपट दर्द से परेशान

इलाज के बाद ली राहत की सांस, सौंपा गया वन विभाग को
ब्यूरो चीफ : मनीष श्रीवास
कटनी। नैशनल हाईवे 30 कटनी जबलपुर सड़क मार्ग में किसी अज्ञात वाहन से वन जीव लंगूर ज़ख्मी हालात में खून से लतपट यहां वहां दर्द से परेशान हो रहा था। जिसकी सूचना पशु प्रेमी को अवगत कराई गई। बिना देर किए हुए वानर राज लंगूर का बड़ी ही मेहनत के साथ उसका रेस्क्यू किया गया।
पशु प्रेमी एवं गौ रक्षा कमांडों अमिता श्रीवास ने बताया कि नैशनल हाईवे 30 पर घायल हुए लंगूर का बीते दिवस चाका बाईपास से सूचना प्राप्त हुई थीं कि एक लंगूर को अज्ञात वाहन की टक्कर से एक हाथ कट गया वहीं जबड़ा टूट गया है । साथ ही लंगूर बहुत ही जख्मी अवस्था में कई घंटे से एक स्थान पर लहूलुहान अवस्था मे बैठा है मानो वो भी एम्बुलेंस के आने का इंतजार कर रहा हो। सूचना लगते ही तत्काल स्थान पर पहुंच कर देखा गया तो बहुत से राहगीर भी उसकी मदद पर लगे थे।
इस घटित घटना को लेकर जन सेवक एडवोकेट सुनील मिश्रा द्वारा वन विभाग को सूचित किया गया । परंतु वन विभाग की टीम आई तो जरूर लेकिन वन विभाग की टीम के पास किसी भी प्रकार के उपकरण न होने की वजह से वह हाँथ पे हाँथ रखे एक स्थान मे खडे तमाशा देखते रहे।
क्या सुरक्षा एवं उपचार को लेकर इनका कोई दायित्व नहीं बनता है। केवल नाम भर के लिए वन सुरक्षा कर्मी कहे जाते हैं।
कड़ी मेहनत और लगन के बाद 4 घंटे की मेहनत मशक्कत के बाद पशु प्रेमी के सदस्यों ने लंगूर का रेस्क्यू किया गया।
इस सफल कार्य के दौरान – पशु प्रेमी जितेंद्र बर्मन, जन सेवक सुनील मिश्रा, सेन समाज विकास संगठन युवा महिला मोर्चा प्रदेश अध्यक्ष, गौ रक्षा कमांडो फोर्स जिला अध्यक्ष पशु प्रेमी अमिता श्रीवास एवं स्थानीय लोगों की मदद से लंगूर को पड़कर वन विभाग के हवाले सुपुर्द किया गया।
इस कार्य के दौरान वन विभाग के पास कोई उपकरण थे न ही पिंजरा जिससे वन विभाग के प्रति व्यवस्थाओं की सबसे बड़ी कमी और टीम की कमी सामने दिखाई दी।



