करेंट की चपेट से गायों की मौत, बारिश के दिनों में विद्युत पोल मे बढ़ती है करेंट की समस्या

जिम्मेदारी किसकी? ट्रांसफार्मर से जमीन में फैले करेंट ने ली तीन गायों की जान, विद्युत विभाग की बड़ी लापरवाही, मेंटेनेंस केवल खाना पूर्ति
ब्यूरो चीफ : मनीष श्रीवास
जबलपुर। जबलपुर जिले से लेकर ग्रामीण क्षेत्रों में लगातार बारिश के समय अधिकत्तर करेंट से हुई मौतों की घटना ज्यादा होती हैं। जिससे कभी मानव जीवन पर खतरा तो कभी बेजुबान पशुओं को अपनी जान देकर चुकानी पड़ती हैं। ऐसा ही फिर मामला ग्राम पंचायत तुनिया के अंतर्गत ग्राम घुल्लापाठ में लगे ट्रांसफार्मर से जमीन में फैले करेंट की चपेट में आकर तीन गायों की दर्दनाक मौत हो गई।
स्थानीय लोगों ने बताया कि ये घटना मैन रोड से लगभग 4 मीटर की दूरी पर हुई हैं जहां ट्रांसफार्मर के ठीक नीचे बारिश के चलते ज़मीन में फैले करेंट से बेजुबान पशुओं की मौत हो गई।
विद्युत कर्मचारियों के ढीले कार्य एवं नजर अंदाज करते हुए ग्रामीणों ने बताया कि खुले तारों और ओवरलोड ट्रांसफार्मर से अक्सर करेंट जमीन में उतर जाता है, लेकिन विद्युत विभाग आंखें मूंदे बैठा रहता है।
इस हादसे के वक्त तेज़ बारिश हो रही थी, जिससे जमीन पूरी तरह गीली हो चुकी थी और करेंट ने तेजी से उस स्थान पर फैल चुका था।
ये तो अच्छा रहा कि कोई ग्रामीण यहां से नहीं गुजरा वरना इसकी चपेट में आ जाता और यह हादसा और भी भयानक हो सकता था।
ग्रामीणों ने लगाएं विद्युत कर्मचारियों पर आरोप ? – ग्रामीणों ने आरोप लगाते हुए कहा कि मेंटेनेंस के नाम पर विद्युत विभाग सिर्फ खाना पूर्ति करता है। न पेड़ों की छंटाई होती है, न तारों की जांच – हालात यह हैं कि थोड़ी-सी बारिश होते ही पूरे इलाके की बिजली गुल हो जाती है।
और फिर विभाग का वही पुराना बहाना: “हवा-तूफान के कारण लाइट बंद की गई है।” लंबे समय से नहीं हुए व्यवस्थित सुधार कार्य।
अब गांव के लोग यह सवाल कर रहे हैं कि आख़िर कब तक ऐसी लापरवाही की कीमत जानवरों या इंसानों की जान देकर चुकानी पड़ेगी?



