23 जनवरी को भौम प्रदोष व्रत, नोट कर लें पूजा-विधि, मुहूर्त
Astologar Gopi Ram : आचार्य श्री गोपी राम (ज्योतिषाचार्य) जिला हिसार हरियाणा मो. 9812224501
🔥ॐ📿ll जय श्री महाकाल ll📿ॐ🔥
🔱 23 जनवरी को भौम प्रदोष व्रत, नोट कर लें पूजा-विधि, मुहूर्त
🥏 HEADLINES
♦️ पौष शुक्ल त्रयोदशी तिथि का प्रारंभः 22 जनवरी, सोमवार, 07:51 पीएम से.
♦️ पौष शुक्ल त्रयोदशी तिथि का समापनः 23 जनवरी, मंगलवार, 08:39 पीएम तक.
👉🏽 आचार्य श्री गोपी राम के अनुसार, हर माह के शुक्ल पक्ष और कृष्ण पक्ष की त्रयोदशी तिथि को प्रदोष व्रत रखा जाता है। प्रदोष व्रत के दिन भगवान भोलेनाथ की पूजा-आराधना का विधान है। धार्मिक मान्यता है कि प्रदोष व्रत रखने से अखंड सौभाग्य की प्राप्ति होती है और साधक के जीवन में सुख-समृद्धि और खुशहाली आती है। साथ ही देवों के देव महादेव अपने भक्तों की सभी मनोकामनाएं पूरी करते हैं। आइए जानते हैं आचार्य श्री गोपी राम से जनवरी माह के दूसरे प्रदोष व्रत की सही तिथि और विशेष उपाय…
⚜️ जनवरी माह का दूसरा प्रदोष व्रत : पंचांग के अनुसार, पौष माह शुक्ल पक्ष की त्रयोदशी तिथि यानी 23 जनवरी 2024 को दूसरा प्रदोष व्रत रखा जाएगा। जनवरी माह का दूसरा प्रदोष व्रत मंगलवार को पड़ रहा है। इसलिए इसे भौम प्रदोष व्रत कहा जाएगा। इस दिन भगवान शिव के साथ हनुमानजी की भी पूजा-उपासना की जाती है। मान्यता है कि इससे शिवजी और बजरंगबली अपने भक्तों के सारे कष्ट दूर करते हैं।
⚛️ शुभ मुहूर्त : पंचांग के अनुसार, पौष माह शुक्ल पक्ष की त्रयोदशी तिथि का आरंभ 22 जनवरी 2024 को रात 7 बजकर 51 मिनट पर होगा और अगले दिन यानी 23 जनवरी 2024 को रात 8 बजकर 39 मिनट पर समाप्त होगा। इसलिए उदयातिथि के अनुसार, इस साल 23 जनवरी 2024 को प्रदोष रखा जाएगा।
❄️ पूजा मुहूर्त : पौष माह के दूसरे प्रदोष व्रत के दिन शाम 5 बजकर 42 मिनट से लेकर 8 बजकर 33 मिनट तक प्रदोष काल मुहूर्त में पूजा-पाठ बेहद शुभ माना जाएगा।
💁🏻♀️ प्रदोष व्रत की पूजाविधि :
प्रदोष व्रत के दिन सुबह जल्दी उठें। स्नानादि के बाद स्वच्छ कपड़े पहनें। इसके बाद मंदिर की साफ-सफाई करें। भगवान शिव का स्मरण करें।शिवजी की प्रतिमा के सामने दीपक जलाएं।भोलेनाथ को धूप-दीप औरन नैवेद्य अर्पित करें। शिव चालीसा या शिव जी के मंत्रों का जाप करें। सायंकाल की पूजा के दौरान शिवजी का जलाभिषेक करें।उन्हें बेलपत्र, भांग, धतूरा और आक के फूल अर्पित करें। इसके बाद गणेशजी, माता पार्वती और शिवजी की आरती उतारें।
पूजा समाप्त होने के बाद सभी को प्रसाद बांटे और खुद भी सेवन करें।
🤷🏻♀️ भौम प्रदोष व्रत के उपाय :
▪️ मान्यता है कि भौम प्रदोष व्रत के दिन शिवजी को बेलपत्र, भांग और आक के फूल अर्पित करने से घर में सुख-समृद्धि और खुशहाली आती है।
▪️ कर्ज से छुटकारा पाने के लिए भौम प्रदोष के दिन हनुमान जी के पूजा-आराधना का बड़ा महत्व है। इस दिन हनुमान चालीसा और ऋणमोचक मंगल स्तोत्र का पाठ करने से कर्ज से मुक्ति मिलती है।
🍱 प्रदोष व्रत पूजन सामग्री
जल, गंगाजल, दूध, बेलपत्र, नीला फूल, सफेद चंदन, लाल या पीला गुलाल,अक्षत, धतूरा, आक का फूल, भांग, भस्म, फल, मिठाई, घी का दीपक, धूप, प्रदोष व्रत कथा की किताब, घंटी, मिठाई आदि.
🪐 मंगल प्रदोष व्रत के 3 फायदे
🔹 मंगल प्रदोष व्रत करने से भगवान शिव की कृपा प्राप्त होती है. यदि आप पर कोई कर्ज है तो व्रत रखकर शिव जी के साथ हनुमान जी की पूजा करें. ऐसा करने से आप कर्ज मुक्त हो सकते हैं.
🔹 यदि आपकी कुंडली में मंगल दोष है तो आपको भौम प्रदोष व्रत रखकर शिव पूजा करनी चाहिए. भगवान भोलेनाथ के आशीर्वाद से कुंडली के मंगल दोष के दुष्प्रभाव दूर हो सकते हैं.
🔹 प्रदोष व्रत करने से शारीरिक कष्ट दूर होते हैं, मन को शांति प्राप्त होती है. मन का विकार दूर होता है. शिव जी हर संकट दूर करते हैं.

