घंटों इंतजार के बाद भी आगंतुकों की कलेक्टर साहब से नहीं हुई मुलाकात
साहब मीटिंग में व्यस्त आगंतुक हाथ में अजी लिए घंटों बैठे रहते हैं
रिपोर्टर : शिवलाल यादव
रायसेन। बुधवार को दोपहर 1:00 से 3:30 बजे तक कलेक्टर के गलियारों में जिले से आए आगंतुक घंटों कलेक्टर साहब का इंतजार करते रहे अंदर बैठक चलती रही और कलेक्टर साहब बाहर बैठे आगंतुकों से मुलाकात नहीं कर सके यह आलम बुधवार को 3:30 कलेक्ट्रेट के गलियारे में नजर आया आगंतुक हाथों में अजी लेकर घंटों कलेक्टर साहब का इंतजार करते रहे लेकिन लापरवाही का यह आलम रहा आगंतुकों की अर्जी साहब तक नहीं पहुंच सकी बताया जाता है कि कलेक्टर साहब लगातार तीन घंटों से जरूरी फाइलें और बैठकों में हिस्सा लेते रहे लेकिन बाहर बैठे जिलेभर से आए आगंतुक हाथ में आवेदन लेकर बैठे रहे लेकिन उनकी कलेक्टर शास्त्र ना तो मुलाकात हुई और ना उनके आवेदनों पर सुनवाई जिससे वह निराश होकर टकटकी लगाए उनका इंतजार करते नजर आए। इस मामले में कलेक्टर अरविंद दुबे का कहना है कि कार्य कब बाहर बहुत ज्यादा था ।इसलिए मुझे मीटिंग में और जरूरी फाइल निपटाने में समय लगा ।ऐसी स्थिति में आगंतुकों को एडीएम आदित्य करिछारिया को आवेदन देकर अपनी समस्या बताना चाहिए। लेकिन जानकारी के अभाव में बेवजह कुर्सियों पर बैठे रहे । इसमें मेरा कोई कसूर नहीं है।
केस-1- सिलवानी निवासी किसान नंदराम 10 एकड़ जमीन को लेकर हाथों में अजी लिए बैठे थे उन्होंने बताया कि मैं पिछले 3 घंटों से कलेक्टर साहब का इंतजार कर रहे हैं लेकिन मुलाकात नहीं हो सकी जिससे वह काफी निराश हुए।
केस-2- उदयपुरा से आवेदन लेकर आए विष्णु प्रसाद आदिवासी अपने निजी प्लाट पर अतिक्रमण को लेकर परेशान रहे इस मामले की शिकायत कलेक्टर अरविंद दुबे को आवेदन देकर करना चाहते थे ।बुधवार को दोपहर से 3.30 तक उन्हें 3 घंटे प्रतीक्षा करना पड़ी लेकिन कलेक्टर अरविंद दुबे से उनकी मुलाकात नहीं हुई। जिससे वह निराश नजर आए ।उनका कहना है कि शिवलास सेन ने 15 वाय 30 का प्लाट कहीं खेत में नपती की थी और वह अपने वादे से मुकर गया ।अब दूसरी जगह अंदर प्लॉट देना चाह रहा है ।जबकि उसके बताए अनुसार प्लाट पर दूसरे को कब्जा करवा रखा है ऐसी स्थिति में काफी परेशान है।कलेक्टर अरविंद दुबे से मुलाकात ना होने पर उसकी चिंता और भी अधिक बढ़ गई।



