पूर्वी पश्चिम वनरेंज में तेंदूपत्ता की आवक, बिगड़ा मौसम बढ़ी चिंता

जंगलों में खुला मौसम मिलने पर वनवासियों को बंधी रोजगार की उमीद
रायसेन । सामान्य वन मण्डल सर्किल रायसेन के पूर्वी पश्चिमी वनरेंज तेंदूपत्ता लघु वनोपज समितियों में 10 मई से तेंदूपत्ता संग्रहण की शुरुआत हो गई है।डीएफओ विजय कुमार एसडीओ संदीप पटले ने बताया कि खुला मौसम बना रहा तो हम जल्द ही अपना लक्ष्य पूरा कर लेंगे।
वनवासियों, मजदूरों को चार हजार रुपए पारिश्रमिक: इस वर्ष तेंदूपत्ता से जुड़े वनवासियों तेंदूपत्ता मजदूरों को पारिश्रमिक चार हजार रुपए प्रति मानक बोरा मिलेगा। इससे वनवासी खासे उत्साहित हैं। इस मजदूरी के साथ उन्हें तेंदूपत्ता की बिक्री से मिलने वाले राशि का बोनस भी मिलेगा। इसके चलते वनवासी जंगलों में तेंदूपत्ता का संग्रहण करने में जुटे हुए है। रायसेन वनमण्डल की तेंदूपत्ता लघु वनोपज समितियों के अधीन कुछ ग्रामों में तेंदूपत्ता लाल बताया गया है। अभी यह परिपक्व नहीं हुआ है। इससे तेंदूपत्ता तोड़ने की शुरुआत नहीं हो पाई है। इस डिविजन के अधिकारियों के मुताबिक तेंदूपत्ता की शुरुआत में पांच दिन का समय लग सकता है। फिर भी जहां मौसम खुला है, वहां परिपक्व पत्ता खोजने कोशिश की जा रही है।
देर आए दुरुस्त आए की तर्ज रायसेन वनमण्डल की समितियों मे तेंदूपत्ता संग्रहण की शुरुआत हो गई है।रायसेन वनमण्डल की कुछ तेंदूपत्ता समितियों में पत्ता लाल होने से इंतजार बना हुआ है, तो वहीं कुछ वनमण्डल की समितियों में असमंजस है। वन अधिकारी-कर्मचारी कह रहे हैं कि जंगलों में खुला मौसम मिलने से वनवासियों के तेंदूपत्ता से रोजगार के आसार बन गए हैं।दरअसल
इस साल मार्च मेें शाख कर्तन के बाद अप्रेल में मौसम के उतार-चढ़ाव की मार तेंदूपत्ता पर पड़ी है। इसके चलते तेंदूपत्ता अपने निर्धारित समय से 15 दिन लेट हो गया है। फिर भी रायसेन वनमण्डल की समितियों में पांच में वनवासियों मजदूरों ने जंगलों पत्ते तुड़ाई शुरू कर दिया है।



