मध्य प्रदेश

सड़क पर बने गड्ढे करते है लोगों का स्वागत, जिम्मेदार अधिकारी बरत रहे है लापरवाही

सिलवानी से उदयपुरा मार्ग की हालत खस्ता, 28 किलो मीटर मार्ग में बने अनेको गड्ढे, दे रहे हादसे को आमंत्रण
विधानसभा मुख्यालय की पोल,
उदयपुरा मार्ग से नगर में प्रवेश करते ही खुल जाती है

सिलवानी। एमपीआरडीसी के जिम्मेदार अधिकारियों की लापरवाही के चलते विधानसभा मुख्यालय सिलवानी से उदयपुरा जाने वाले मार्ग की हालत खस्ता हो गई है। सड़क पर बने गड्ढे हादसे का कारण बन रहे है। संज्ञान में होने क बावजूद भी अधिकारी ना तो गड्ढों की मरम्मत करा रहे है और न सड़क निर्माण कराए जाने की पहल की जा रही हैं। नागरिक व वाहन चालक परेशानी के बीच आवागमन करने को मजबूर है। उदयपुरा मार्ग से सिलवानी नगर में प्रवेश करते ही खुल जाती है विधानसभा मुख्यालय की पोल, लेकिन अधिकारी लगातार बन रहे है लापरवाह।
सिलवानी से निकले स्टेट हाईवे 44 गाडरवाड़ा-गैरतगंज मार्ग की हालत खस्ता हो गई है, जिस पर आवागमन परेशानी भरा हो रहा है, लेकिन जिम्मेदार विभाग के अधिकारी सड़क निर्माण को लगातार नजर अंदाज कर रहे है फल स्वरुप नागरिकों में सरकार के प्रति असंतोष देखा जा रहा है। नगर के बजरंग चौराहा से उदयपुरा जाने वाले मार्ग पर अनगढ़ हनुमान मदिर से चंद्र कदम की दूरी पर कृष्णा होटल के सामने सड़क से डामर गायब हो गया है साथ ही गड्ढे भी हो गए है, इन गड्ढों को भरने के लिए बरसात के मौसम में अकसर ही प्रशासन के द्वारा बोल्डर व मुरम मिट्टी डलबा दी जाती है, लेकिन वर्तमान समय में उक्त सड़क पर बड़े बडे बोल्डर दिखाई देने लगे है, तथा गिट्टी उखड़ गई है, उखड़ी हुई गिट्टी तेज रफ्तार से निकलते वाहनों के पहियों से उचट कर सड़क किनारे स्थित दुकानो में पहुंच रही है जो कि नागरिको को घायल कर रही है।
वर्षों पूर्व बनी गैरतगंज गाडरवारा मुख्य मार्ग सिलवानी बजरंग चौराहा तक सड़क वर्तमान में बदहाल स्थिति में पहुंच गई। इस सड़क पर उदयपुरा रुट की दर्जनों बसें चलती हैं। साथ ही यहां से भोपाल,सागर, छिंदवाड़ा जैसे बड़े शहरों के लिए आवागमन होता है। इस कारण क्षेत्र का यह प्रमुख मार्ग कहलाता है। बावजूद इसके इस सड़क की मरमत की तरफ ध्यान नहीं दिया जा रहा है। इसी रोड से रेत से भरे डंपर और भारी वाहन तेजी से निकलते हैं। इस कारण बजरंग चौराहे पर सड़क जर्जर हो गई और जगह जगह गड्ढे नजर आने लगे हैं। इससे आए दिन दुर्घटना होने का अंदेशा बना रहता है।
हालांकि नागरिक अनेकों दफा सडक निर्माण की मांग कर चुके है लेकिन जायज मांग को तबज्जो नहीं मिल पा रही है, बजरंग चौराहा की सड़क के उक्त क्षतिग्रस्त हिस्से से कमोवेश प्रति दिन जन प्रतिनिधि व वरिष्ठ अधिकारी निकलते है, लेकिन किसी ने भी सड़क मरम्मत कराने को लेकर गंभीरता नहीं दिखाई। ज्ञात रहे कि विधानसभा व लोकसभा चुनाव के समय दोनों ही प्रमुख राजनैतिक दलों के वरिष्ठ नेताओं ने इस सड़क को दिन में कई बार नापा, लेकिन किसी ने भी बदहाल हो चुकी सड़क की मरम्मत या नव निर्माण को लेकर आवाज बुलंद नहीं की, फल स्वरुप क्षतिग्रस्त सड़क से आवगमन में वाहन चालकों, नागरिकों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा हैं।
सड़क 28 किलो मीटर- गड्ढे 200 से अधिक –
विधानसभा मुख्यालय सिलवानी से उदयपुरा जाने वाले मार्ग की लंबाई मात्र 28 किलो मीटर है लेकिन यह सड़क खस्ता हाल हो चुकी है। सड़क पर बन चुके गड्ढों के कारण यह समझ ही नहीं आता कि सड़क में गड्ढे है या गड्ढों में सड़क। उक्त 28 किलो मीटर की सड़क में करीब 200 से अधिक छोटे बड़े गड्ढे बन चुके है जो कि हादसे का कारण बनते जा रहे है। स्टेट हाइवे होने के कारण इस मार्ग से प्रतिदिन सैकड़ों की संख्या में दो पहिया, चार पहिया वाहन सहित यात्री बसें, रेत से भरे व खाली डंपर, ट्रक आदि वाहनो का आवागमन होता है। सड़क क्षतिग्रस्त होने के कारण आवागमन परेशानी भरा हो रहा है बल्कि वाहनों टूट फूट भी हो रही है।
गड्ढे बरसात में बनेंगे परेशानी का कारण –
उदयपुरा मार्ग पर कई फिट लंबाई, चौड़ाई व गहराई के बन चुक गड्ढे बरसात के मौसम में परेशानी का कारण बन सकते है। बरात का पानी गड्ढों में भरा जाने से पता ही चलता कि सड़क में गड्ढा है। और वाहन चालक पानी भरे गड्ढे में वाहन को डाल देते है। जिससे वाहन में टूट फूट होती है बल्कि वाहन के पलटने का भी अंदेशा बना हता है।
सडक निर्माण की दिशा में हो कार्रवाही-
उक्त सड़क का निर्माण कई साल पूर्व कराया गया था, इस सड़क पर से प्रति दिन 60 से 80 टन रेत से भरे हुए डंपर व ट्रक गुजरते है। चूंकि उक्त सड़क इतने अधिक भार क्षमता सहन करने के लायक नही है। फल स्वरुप अधिक भार क्षमता के कारण सड़क क्षतिग्रस्त होना बताया जा रहा है। हालांकि इस मार्ग का उपोगग जन प्रतिनिधि व अधिकारी लगातार करते है। लेकिन किसी ने भी सड़क की मरम्मत कराने या नवीन निर्माण कराए जाने को लेकर पहल नहीं की। नगर के नागरिक राज सेन, कमलेश सिंह, नीतेश सिंह, अजय रघु, अरुण सेन आदि ने अति शीघ्र ही उक्त क्षतिग्रस्त सड़क की मरम्मत कराने या नव निर्माण की मांग की हैं।
इस संबंध में सोनाली सिन्हा
एमपीआरडी सी, भोपाल का कहना है कि सड़क निर्माण एजेंसी को सड़क की मरम्मत के लिए निर्देशित किया गया है। एक दो दिन में सड़क मरम्मत का काम प्रारंभ हो जाएगा जिससे आवागमन में परेशानी नही होगी।

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