रात्रिकालीन स्लीपर कोच बसो मे चालक परिचालक की मनमानी
दो किमी दूर, फोरलाइन पर सवारियो को उतारकर चली जाती है बसे, लोगो मे भारी आक्रोश
रिपोर्टर : कुंदनलाल चौरसिया
गौरझामर । नागपुर से इलाज कर वापिस गौरझामर व आसपास के गांव लौटने वाले पेशेन्ट व उनके परिजनो को नागपुर से सागर आने वाली स्लीपर कोच नाइट बसो व्दारा यात्रियो को गौरझामर के अंदर मेन रोड से बस न ले जाकर दो किमी दूर फोर लाइन सडक पर घोर अंधकार के बीच में असुरक्षित व सुनसान जगह पर उतार कर चली जाती है यात्रियों व्दारा जब बस को गौरझामर के बस स्टेण्ड पर ले जाने की मांग चालक परिचालक से की जाती है तो उनके साथ गुण्डा गर्दी व अभद्र व्यवहार किया जाता है। लोगो का कहना है की जब बसे यात्रियो की सुविधा हेतु चलाई जा रही है तो चालक परिचालक व बस मालिको व्दारा इस प्रकार की मनमानी व अभद्र व्यवहार यात्रियो के साथ क्यो किया जा रहा है ? कलेक्टर महोदय ऐसे बस संचालको, चालको, परिचालको के खिलाफ सख्त कार्यवाही करे जो रात्रिकालीन बसो को मनमाने ढंग से चलाकर यात्रियो को वान्छित व सुरक्षित जगह पर न उतारकर सुनसान फोरलाइन सडक पर उतारकर उन्हे अनावश्यक रुप से परेशान करते है।



