सिलौंडी में टंकी लाइन के नलों से एक माह से नहीं आ रहा पानी, ग्रामीण परेशान

रिपोर्टर : सतीश चौरसिया
उमरियापान । विकासखंड ढीमरखेड़ा अंतर्गत ग्राम पंचायत सिलौंडी में इन दिनों भीषण पेयजल संकट बना हुआ है । गांव के वार्ड क्रमांक 2, 3, 4, 8 एवं 9 के लगभग 200 नल कनेक्शनधारी पिछले एक माह से पानी की समस्या से जूझ रहे हैं । नल जल योजना के तहत लगाए गए नलों में नियमित रूप से पानी नहीं आने के कारण ग्रामीणों का जनजीवन प्रभावित हो गया है।
ग्रामीणों का आरोप है कि पिछले एक महीने से टंकी लाइन से पानी की सप्लाई बेहद अनियमित हो गई है । कई बार दो से तीन दिन तक नलों में पानी नहीं आता और यदि आता भी है तो बहुत कम समय के लिए, जिससे जरूरत भर पानी भी नहीं भर पाता। भीषण गर्मी के इस मौसम में पेयजल संकट ने लोगों की परेशानी को और बढ़ा दिया है।
रिटायर्ड फौजी कमलेश राय, अनुराग राय, पुरुषोत्तम राय, जुगल राय, सतेंद्र राय एवं रवि राय सहित अन्य ग्रामीणों ने बताया कि पानी की समस्या के कारण उन्हें सुबह-सुबह कुएं और हैंडपंपों का सहारा लेना पड़ रहा है। कई बार दूर-दूर तक पानी के लिए भटकना पड़ता है। महिलाओं और बच्चों को सबसे ज्यादा कठिनाइयों का सामना करना पड़ रहा है, क्योंकि घरेलू कार्यों के लिए पर्याप्त पानी उपलब्ध नहीं हो पा रहा है।
ग्रामीणों ने बताया कि गांव में संचालित नल जल योजना से लोगों को नियमित पेयजल मिलने की उम्मीद थी, लेकिन वर्तमान स्थिति में योजना पूरी तरह लड़खड़ाती नजर आ रही है । कई घरों में पीने तक के पानी का संकट उत्पन्न हो गया है । ग्रामीणों का कहना है कि यदि जल्द समस्या का समाधान नहीं हुआ तो आने वाले दिनों में स्थिति और गंभीर हो सकती है।
समस्या को लेकर ग्रामीणों द्वारा कई बार संबंधित विभाग एवं पंचायत स्तर पर शिकायत की जा चुकी है। इसके अलावा सीएम हेल्पलाइन में भी शिकायत दर्ज कराई गई, लेकिन अब तक कोई स्थायी समाधान नहीं निकल पाया है। ग्रामीणों का आरोप है कि शिकायतों के बाद भी जिम्मेदार अधिकारी मामले को गंभीरता से नहीं ले रहे हैं।
ग्रामीणों ने प्रशासन एवं लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी विभाग से मांग की है कि टंकी लाइन की जांच कर जल्द से जल्द नियमित जल सप्लाई बहाल की जाए । साथ ही खराब पाइपलाइन, मोटर अथवा तकनीकी खामियों को तत्काल सुधारकर लोगों को राहत दिलाई जाए, ताकि भीषण गर्मी में ग्रामीणों को पेयजल संकट से निजात मिल सके ।



