Aaj ka Panchang आज का पंचांग गुरुवार, 27 जुलाई 2023
आचार्य श्री गोपी राम (ज्योतिषाचार्य) जिला हिसार हरियाणा मो. 9812224501
✦••• जय श्री हरि •••✦
🧾 आज का पंचाग 🧾
गुरुवार 27 जुलाई 2023
मंगल श्री विष्णु मंत्र :-
मङ्गलम् भगवान विष्णुः, मङ्गलम् गरुणध्वजः।
मङ्गलम् पुण्डरी काक्षः, मङ्गलाय तनो हरिः॥
☄️ दिन (वार) – गुरुवार के दिन तेल का मर्दन करने से धनहानि होती है । (मुहूर्तगणपति)
गुरुवार के दिन धोबी को वस्त्र धुलने या प्रेस करने नहीं देना चाहिए।
गुरुवार को ना तो सर धोना चाहिए, ना शरीर में साबुन लगा कर नहाना चाहिए और ना ही कपडे धोने चाहिए ऐसा करने से घर से लक्ष्मी रुष्ट होकर चली जाती है ।
गुरुवार को पीतल के बर्तन में चने की दाल, हल्दी, गुड़ डालकर केले के पेड़ पर चढ़ाकर दीपक अथवा धूप जलाएं ।
इससे बृहस्पति देव प्रसन्न होते है, दाम्पत्य जीवन सुखमय होता है ।
यदि गुरुवार को स्त्रियां हल्दी वाला उबटन शरीर में लगाएं तो उनके दांपत्य जीवन में प्यार बढ़ता है। और कुंवारी लड़कियां / लड़के यह करें तो उन्हें योग्य, मनचाहा जीवन साथी मिलता है।
🔮 शुभ हिन्दू नववर्ष 2023 विक्रम संवत : 2080 नल, शक संवत : 1945 शोभन
🌐 संवत्सर नाम अनला
🔯 शक सम्वत : 1945 (शोभकृत् संवत्सर)
☸️ काली सम्वत् 5124
🕉️ संवत्सर (उत्तर) पिंगल
☣️ अयन – दक्षिणायन
☀️ ऋतु – सौर वर्षा ऋतु
⛈️ मास – श्रावण मास
🌗 पक्ष – शुक्ल पक्ष
📅 तिथि – श्रावण मास शुक्ल पक्ष नवमी तिथि 03:48 PM तक उपरांत दशमी
🖍️ तिथि स्वामी – नवमी तिथि की स्वामी देवी दुर्गा हैं ऎसे में जातक को दुर्गा की उपासना अवश्य करनी चाहिए.
💫 नक्षत्र : नक्षत्र विशाखा 01:28 AM तक उपरांत अनुराधा
🪐 नक्षत्र स्वामी – नक्षत्र का स्वामी गुरू है। तथा विशाखा नक्षत्र के देवता इंद्र और अग्नि हैं।
📣 योग : शुभ योग 01:38 PM तक, उसके बाद शुक्ल योग
⚡ प्रथम करण : कौलव – 03:47 पी एम तक
✨ द्वितीय करण : तैतिल – 03:25 ए एम, जुलाई 28 तक
🔥 गुलिक कालः- गुरुवार का (शुभ गुलिक) 03:33:00 से 05:08:00 तक
⚜️ दिशाशूल – बृहस्पतिवार को दक्षिण दिशा एवं अग्निकोण का दिकशूल होता है । यात्रा, कार्यों में सफलता के लिए घर से सरसो के दाने या जीरा खाकर जाएँ ।
🤖 राहुकाल – दिन – 1:30 से 3:00 तक राहु काल में कोई भी शुभ कार्य नहीं करना चाहिए |
🌞 सूर्योदयः- प्रातः 05:22:00
🌅 सूर्यास्तः- सायं 06:38:00
👸🏻 ब्रह्म मुहूर्त : 04:16 ए एम से 04:58 ए एम
🌌 प्रातः सन्ध्या : 04:37 ए एम से 05:39 ए एम
🌟 अभिजित मुहूर्त : 12:00 पी एम से 12:55 पी एम
✡️ विजय मुहूर्त : 02:44 पी एम से 03:38 पी एम
🐃 गोधूलि मुहूर्त : 07:16 पी एम से 07:36 पी एम
🌃 सायाह्न सन्ध्या : 07:16 पी एम से 08:18 पी एम
💧 अमृत काल : 04:34 पी एम से 06:11 पी एम
🗣️ निशिता मुहूर्त : 12:07 ए एम, जुलाई 28 से 12:49 ए एम, जुलाई 28
⭐ सर्वार्थ सिद्धि योग : 01:28 ए एम, जुलाई 28 से 05:40 ए एम, जुलाई 28
❄️ रवि योग : पूरे दिन
🚓 यात्रा शकुन-बेसन से बनी मिठाई खाकर यात्रा पर निकलें।
👉🏽 आज का मंत्र-ॐ ग्रां ग्रीं ग्रौं स: गुरुवै नम:।
🤷🏻♀️ आज का उपाय-विष्णु मंदिर में पीतांबर भेंट करें।
🌳 वनस्पति तंत्र उपाय-पीपल के वृक्ष में जल चढ़ाएं।
⚛️ पर्व एवं त्यौहार – सर्वार्थसिद्धि योग/ रवि योग/ तिशाबी आव (ज्यू यहूदी), मिसाइलमैन डॉ. एपीजे अब्दुल कलाम पुण्य तिथि, राष्ट्रीय प्रशिक्षु दिवस, महाराष्ट्र मुख्यमंत्री उद्धव ठाकरे जन्म दिवस, भारत के भूतपूर्व उपराष्ट्रपति कृष्णकान्त स्मृति दिवस, केंद्रीय रिज़र्व पुलिस बल स्थापना दिवस, आज़ादी संघर्षकर्ता क्रांतिकारी कल्पना दत्त जयन्ती, डा.भीमराव अम्बेडकर की पत्नि माता रमाबाई स्मृति दिवस, अभिनेता गब्बर अमजद ख़ान पुण्य तिथि
✍🏼 विशेष – नवमी तिथि को काशीफल (कोहड़ा एवं कद्दू) एवं दशमी को परवल खाना अथवा दान देना भी वर्जित अथवा त्याज्य होता है। नवमी तिथि एक उग्र एवं कष्टकारी तिथि मानी जाती है। इस नवमी तिथि की अधिष्ठात्री देवी माता दुर्गा जी हैं। यह नवमी तिथि रिक्ता नाम से विख्यात मानी जाती है। यह नवमी तिथि कृष्ण पक्ष में मध्यम फलदायिनी मानी जाती है। नवमी तिथि के दिन लौकी खाना निषेध बताया गया है। क्योंकि नवमी तिथि को लौकी का सेवन गौ-मांस के समान बताया गया है।
🏘️ Vastu Tips 🏚️
वास्तु शास्त्र में आज आचार्य श्री गोपी राम से जानिए मंदिर में रखे फूलों के बारे में। भगवान को फूल बेहद प्रिय होते हैं। चाहे घर हो या ऑफिस, भगवान को फूल अवश्य चढ़ाएं जाते हैं। सुबह के समय हर कोई भोग के साथ-साथ भगवान के मंदिर में ताजे फूल भी चढ़ाता है, लेकिन यहां कुछ बातों का ध्यान रखना बेहद जरूरी है। कुछ लोग मंदिर में फूल तो चढ़ा देते हैं, लेकिन उन्हें हटाना भूल जाते हैं।
वास्तु शास्त्र के अनुसार मंदिर में सुबह के समय चढ़ाएं फूलों को शाम होने के बाद मंदिर से हटा लेना चाहिए. क्योंकि शाम तक ये सूख जाते हैं जो देखने में तो खराब लगते ही हैं। साथ ही शाम तक उनकी खुशबु भी चली जाती है और वास्तु की दृष्टि से सूखे या खराब फूल रखना अच्छा नहीं होता। इससे नकारत्मक ऊर्जा आती है और घर में तनाव का माहौल रहता है। सूखे फूलों को देखते ही गुस्सा आने लगता है। इसलिए शाम होते ही मंदिर से फूलों को हटा लें।
▶️ जीवनोपयोगी कुंजियां ⚜️
हर बार नहाते वक्त पेशाब आने का क्या संकेत है?
स्नायु तन्त्र की कमजोरी, प्रोटीन की कमी, अत्यधिक हस्त मैथुन के कारण से बार बार पेशाब आना, नहाते वक्त शरीर के पानी लगाते ही पेशाब आना होता है और प्रोटेस्ट बढ़न के कारण भी, एवम शरीर में एक डर भी बैठा होता है । जीवन शैली में बदलाव लाकर ठीक किया जा सकता है । धीरे धीर रात्रि में भी बहुमूत्र की शिकायत भी बढ़ सकती है ।
👀 आरोग्य संजीवनी 👁️
मॉनसून के मौसम में क्यों बढ़ जाती है कंजक्टिवाइटिस की बीमारी मॉनसून में बैक्टीरिया, वायरस और क्लैमाइडिया इंफेक्शन का खतरा ज्यादा होता है। दरअसल, इस मौसम में ह्यूमिडिटी की वजह से वायरस को जहां फैलने का मौका मिलता है वहीं, नमी की वजह से इंफेक्शन हमारे बीच लंबे समय तक के लिए रहता है। ऐसा ही कुछ कंजक्टिवाइटिस के साथ भी है। ये एडेनोवायरस, हर्पीस सिम्प्लेक्स वायरस और वैरिसेला जोस्टर जैसे वायरस की वजह से होता है। पर इस मौसम में ज्यादा पसीने आने की वजह से लोग अपनी आंखों को बार-बार छूते हैं और ये इंफेक्शन फैलने लगता है।
कंजक्टिवाइटिस से कैसे बचे
बार बार अपनी आंखों को छून से बचें।
आंखों की ठंडे पानी से सफाई करते रहें।
अपने तौलिए और रूमाल को किसी के साथ शेयर न करें।
घर से बाहर निकलते समय चश्मा पहने रहें।
अपने तकिए का कवर साफ रखें और इसे बदलते रहें।
आंखों में काजल और मस्कारा आदि लगाते समय मेकअप टूल्स की साफ-सफाई का खास ध्यान रखें।
आई लैंस की सफाई का खास ध्यान रखें।
📚 गुरु भक्ति योग 🕯️
आचार्य श्री गोपी राम ने अपने जीवन के अनुभवों को नीतिशास्त्र में पिरोया हैं जिसका अनुसरण अगर कोई मनुष्य कर लेता हैं तो उसका पूरा जीवन सरल और सफल हो जाता हैं।
हमने मनुष्य जीवन से जुड़े हर पहलु पर अपनी नीतियों का निर्माण किया हैं। आचार्य श्री गोपी राम ने अपने शास्त्र में माता पिता और संतान को लेकर बहुत महत्वपूर्ण विचार साझा किए हैं। हमने अपनी नीतियों के द्वारा बताया हैं कि मनुष्य का सबसे बड़ा पाप कौन सा है यानी महापाप क्या हैं जिसकी ईश्वर के घर भी माफी नहीं मिलती हैं तो आज हम आपको अपने इस लेख द्वारा उस महापाप के बारे में बता रहे हैं तो आइए जानते हैं।
आचार्य श्री गोपी राम की नीति अनुसार एक मनुष्य हथिया से अधिक अपने शब्दों से दूसरों को घायल कर सकता है। हमारी बात मानें तो कड़वे बोल ऐसी चीज़ है जो बिना हाथ लगाएं दूसरों पर वार कर सकते हैं। हमारे कहने के अनुसार जो व्यक्ति माता पिता के लिए अपनी जुबान की ताकत का इस्तेमाल करता है उससे बड़ा पाप जीवन में कोई और नहीं होता हैं इसे महापाप की श्रेणी में रखा गया हैं।
हमारा कहना है जो मनुष्य अपने माता पिता के लिए अपशब्द बोलता है उससे बड़ा महापापी और कोई नहीं हैं। क्योंकि माता पिता को ईश्वर का दर्जा प्राप्त हैं ऐसे में क्रोध या भूलकर भी अपने माता पिता के लिए कड़वे बोल का इस्तेमाल ना करें वरना आपको इस गलती की माफी ईश्वर के घर भी नसीब नहीं होगी।
❀꧁ 𓇽𝐻𝑎𝑟𝑒 𝐾𝑟𝑖𝑠ℎ𝑛𝑎𓇽꧂❀
⚜️ नवमी तिथि में माँ दुर्गा कि पूजा गुडहल अथवा लाल गुलाब के फुल करें। साथ ही माता को पूजन के क्रम में लाल चुनरी चढ़ायें। पूजन के उपरान्त दुर्गा सप्तशती के किसी भी एक सिद्ध मन्त्र का जप करें। इस जप से आपके परिवार के ऊपर आई हुई हर प्रकार कि उपरी बाधा कि निवृत्ति हो जाती है। साथ ही आज के इस उपाय से आपको यश एवं प्रतिष्ठा कि भी प्राप्ति सहजता से हो जाती है।
आज नवमी तिथि को इस उपाय को पूरी श्रद्धा एवं निष्ठा से करने पर सभी मनोरथों कि पूर्ति हो जाती है। नवमी तिथि में वाद-विवाद करना, जुआ खेलना, शस्त्र निर्माण एवं मद्यपान आदि क्रूर कर्म किये जाते हैं। जिन्हें लक्ष्मी प्राप्त करने की लालसा हो उन्हें रात में दही और सत्तू नहीं खाना चाहिए, यह नरक की प्राप्ति कराता है।
नवमी तिथि को जन्म लेने वाला व्यक्ति भाग्यशाली एवं धर्मात्मा होता है। इस तिथि का जातक धर्मशास्त्रों का अध्ययन कर शास्त्रों में विद्वता हासिल करता है। ये ईश्वर में पूर्ण भक्ति एवं श्रद्धा रखते हैं। धनी स्त्रियों से इनकी संगत रहती है तथा इसके पुत्र गुणवान होते हैं।

