नागपंचमी चौरसिया दिवस पर निकली विशाल शोभायात्रा
चौरसिया समाज ने किया चिहूटिया महाराज का विशेष पूजन
रिपोर्टर : सतीश चौरसिया
उमरियापान l पान की नगरी के नाम से महशूर उमरियापान में नागपंचमी पर्व पर चौरसिया समाज द्वारा बड़े हर्षोल्लास के साथ चौरसिया दिवस के रूप में मनाया गया l इस अवसर पर पान उत्पादक किसानों ने सुबह से अपने पान बरेजा पहुँच कर नागबेल की पूजा अर्चना कर दूध नारियल अर्पण किया l कार्यक्रम का शुभारंभ चिहूटिया महाराज के तैलचित्र एवं नाग प्रतिमा के समक्ष डीप प्रज्ज्वलित कर किया गया l समाज के बुजुर्गों का तिलक वंदन व माला पहनाकर सम्मान किया गया l इसके बाद नवयुवक मंडल के तत्वाधान में मंडी प्रांगण में विविध सांस्कृतिक कार्यक्रम हुए l सांस्कृतिक कार्यक्रम में महाविद्यालय उमरियापान की NSS प्रभारी डाक्टर अभिलाषा चौरसिया की अध्यक्षता रही l जिसमें समाज बच्चों ने एक से बढ़कर एक सांस्कृतिक प्रस्तुतियां दी l इस अवसर पर समाज के मेधावी छात्र छात्राओं को प्रोत्साहन प्रदान किया गया l नागपंचमी चौरसिया दिवस पर उमरियापान में विशाल शोभायात्रा निकाली गई। शाम करीब साढे 4 बजे मंडी प्रांगण से डीजे, बैंडबाजों के साथ नगर में विशाल शोभायात्रा निकाली गई। बडीमाई मंदिर मार्ग, अथैया मोहल्ला, कटराबाजार, न्यू बस स्टैंड, झंडाचौक, बरातरे सहित प्रमुख मार्गों में भ्रमण उपरांत शोभायात्रा का ढीमरखेडा रोड पर नहर के समीप चिहूटिया महाराज के चबूतरे में समापन हुआ। जहां मनियादेव, चिहूटिया महाराज की विशेष पूजा अर्चना की गई। जिसमें फूल मालाएं, बेलपत्र, दूध, खीर, गुड आदि अर्पण करने के बाद हवन किया गया। इस दौरान सभी ने एक स्वर में मनियादेव व चिहूटिया महाराज के जयकारे लगाये। उपरांत प्रसाद वितरण किया गया। इस अवसर पर बडी संख्या में चौरसिया समाज के लोगों की मौजूदगी रही l इस दौरान समाज के प्रबुद्ध जनों में मास्टर शिवकुमार चौरसिया, राजेश चौरसिया, मोहन चौरसिया, बंसत चौरसिया, जयप्रकाश चौरसिया, कमलेश चौरसिया, दिनेश चौरसिया, मनोज चौरसिया, आशीष चौरसिया, आनंद चौरसिया, हिमांशु चौरसिया, शल्लू चौरसिया, संजीव चौरसिया, चंद्र चौरसिया, सुखदेव चौरसिया, शरद चौरसिया, प्रदीप चौरसिया, राजेन्द्र चौरसिया, के के चौरसिया, प्रत्रकार सतीश चौरसिया सहित बडी संख्या में चौरसिया नवयुवक मंडल के पदाधिकारियों, सदस्यों सहित समाज के लोगों की उपस्थिती रही। कार्यक्रम में महिलाओं की भी उत्साहजनक भागीदारी रही।




