कोरोना का खौफ : जनसुनवाई का बदला ठिकाना
अब जन की सुनवाई बजाय कलेक्ट्रेट के सभाकक्ष के कृषि विभाग के समीप परिसर में होगी
रिपोर्टर : शिवलाल यादव
रायसेन। कोरोना ओमिक्रोन वेरिएंट की तीसरी लहर की खौफ के चलते जिला प्रशासन द्वारा जनसुनवाई का स्थान बदल दिया है। बजाय जनता की समस्याओं की सुनवाई कलेक्ट्रेट में सभाकक्ष के अब कृषि विभाग के नजदीक परिसर में होगी। ऐसा इसीलिए किया जा रहा है भीड़भाड़, लोगों को धक्कामुक्की से बचाने के लिए प्रांगण में कलेक्टर अरविंद दुबे की कुर्सी को दीवार के पास बीचोबीच रखा गया है। उनके अधीनस्थ प्रशासनिक अफसरों की कुर्सियों को दो गज दूरी पर व्यवस्थित तरीके से जमावट की गई है।
कोरोना संक्रमण से बचाव…. सावधानी जरूरी
कैंपस को रस्सी फीते से कवर्ड करते हुए प्रशासनिक अधिकारियों की कुर्सियों के सामने दो गज दूरी में आमजनों के लिए कुर्सियां रख दी गई है।भवन की दीवारों पर कोरोना संक्रमण से बचाव में ही हमसब की समझदारी है। दो गज दूरी फेसमास्क है जरूरी…. सैनिटाइजर से और स्वच्छ पानी में हाथों की धुलाई है बेहद जरूरी जैसे स्लोगन लिखे पंपलेट चस्पा कर दिए गए हैं।
इस संबंध में अरविंद दुबे कलेक्टर रायसेन का कहना है कि हमने लोगों को कोरोना महामारी की तीसरी लहर से बचाने के लिए यह नया अभिनव प्रयास किया है।कलेक्ट्रेट सभागार में भीड़ बढ़ जाती थी। उसे रोकने मुश्किल हो जाता था। लेकिन जगह को परिवर्तन करते हुए कलेक्ट्रेट कार्यालय भवन के सेकंड फ्लोर कैंपस में यह जनसुनवाई के लिए कारगर इंतजाम किए गए हैं।



