मृत बच्चे समेत पीड़ित परिवार को एम्बुलेंस के चालक ने उतारा बीस रास्ते, बस स्टाप पर

CM मोहन यादव के गृह ग्राम क्षेत्र का मामला, शर्मसार कर देने वाली महिदपुर तहसील की घटना
ब्यूरो चीफ : मनीष श्रीवास
भोपाल । मध्यप्रदेश सरकार द्वारा स्वास्थ्य सुरक्षा को लेकर चलाई जा रहीं विभिन्न प्रकार की योजना में एक विचित्र एवं शर्मसार करने वाला मामला देखने को मिला है! स्थानीय लोगों ने मीडिया को बताया कि ये मामला तहसील महिदपुर का है जहाँ मजदूरी करने वाले मृत बच्चे सहित परिजनो को एंबुलेंस चालक बस स्टैंड पर उतार कर चला गया था!वहीं कई घंटो तक परेशान होता रहा पीड़ित परिवार!
क्या कहाँ था पीड़ित से एम्बुलेंस के ड्राइवर ने – एम्बुलेंस के चालक ने पीड़ित परिवार से उन्हें उतारते हुये कहा कि बस से चले जाना घर, मरे हुए बच्चें को लेकर!
स्थानीय लोगों ने किया सहयोग – स्थानीय लोगों ने मृत बच्चे के परिवार की सहायता लोगों ने चंदा राशि एकत्रित कर पहुंचाया गया उनके घर!
महिदपुर शासकीय चिकित्सालय के कारनामे की हो रहीं जगह जगह चर्चाए!
क्या है पूरा मामला – मीडिया ने जब इस घटना को लेकर जाना तो पाया गया कि गुना के रहने वाले ये पीड़ित दम्पत्ति जो महिदपुर रोड़ के पास गोगपुर में रह कर रोड़ बनाने मे मजदूरी का काम कर रहे हैं। इनका 1 वर्ष का बच्चा बीमार हुआ था । जिसे ले कर वे शासकीय चिकिसालय महिदपुर आये। शासकिय चिकिसालय में इलाज के दौरान बच्चे की मौत हो गईं । मौत के बाद जब बच्चे का शव लेकर वे एम्बुलेंस से उन्हें गोगापुर जाना था। लेकिन जो एम्बुलेंस उन्हें लेकर निकली वो इन्हें महिदपुर बस स्टेण्ड में गुरुवार की दोपहर 1 बजे के दौरान बोल कर छोड़ कर चली गईं!
क्या उस एम्बुलेंस चालक का इस प्रकार से छोड़ना और ये कहना कि ये तो मर गया है आप इसे बस से लेकर चले जाओ मेरे पास दूसरी कॉल भी है मैं वहाँ जा रहा हूँ इन लोगों के पास बस के किराया तक ले जाने के पैसे भी नहीं थे। उसके बाद कई घंटों माँ अपने बच्चे के शव को लेकर बस स्टैंड के बाहर बैठी रोती रही।जब
आस पास के कुछ व्यापारियों को जब इस घटना का पता लगा तब व्यापारियों ने एकत्रित होकर प्रायवेट एम्बुलेंस बुला कर उन्हें अपने घर तक पहुंच। देखा जाये तो मुख्यमंत्री मोहन यादव के गृह क्षेत्र के महिदपुर में मानवता शर्मसार करती इस घटना ने सभी को झकझोर कर रख दिया है।



