शिवाजी महाराज के राज्याभिषेक दिवस पर मनाया हिंदू साम्राज्य दिवस

शिवाजी महाराज का समुदाय व्यक्तित्व सम्पूर्ण हिंदू समाज के लिए आज भी आदर्श मूर्ति है।
रिपोर्टर : मिथलेश मेहरा
उदयपुरा । उदयपुरा की शिवाजी तरुण शाखा की ओर से हिंदू साम्राज्य दिवस मनाया गया। इस अवसर पर धर्मजागरण जिला के निधि सह प्रमुख मिथलेश मेहरा मुख्य अतिथि रहे वही विस्तारक शैलेंद्र खरे ने अपना बौद्धिक दिया। उन्होंने बताया कि आज का दिन हिंदू समाज के लिए गर्व का दिन है। आज से 347 वर्ष पूर्व सन 1674 में छत्रपति शिवाजी महाराज का राज्याभिषेक हुआ था। इसी प्रकार याद कीजिए कि संघ परिवार ने प्रतिवर्ष अपने छह प्रमुख उत्सव में एक हिन्दू सम्राज्य दिवस को मनाता है। संघ ने राष्ट्र निर्माण के अपने अनवरत, सतत प्रयास के 96वें वर्ष में प्रवेश किया है। हम सभी को यह संकल्प लेने की आवश्यकता है कि कर्मयोगियों एवं भारत माँ के सपूतों से विरासत में मिले विचारों को नई पीढ़ी के प्रतिभागियों तक पहुँचाएँ। अन्यथा यह विचार लुप्त हो जायेगा। भारत को हिंदू राष्ट्र बनाने के लिए छत्रपति शिवाजी महाराज के उस देश काल खंड के प्रासंगिक विचार एवं आचरण का अनुसरण करना अत्यंत आवश्यक है। शिवाजी महाराज का समुदाय व्यक्तित्व सम्पूर्ण हिन्दू समाज के लिए आज भी आदर्श है। उन्होंने क्षत्रपति महाराज की पूरी जीवनी बताते हुए कहा कि वीर शिवाजी और गंजेब के दरबार से छूट कर निकले और पुनः संघर्ष के बाद अपना सिंहासन प्राप्त किया। इसी का परिणाम यह हुआ कि देश भर में अनेकों राजा समान कलह को भूलकर एकजुट होने लगे। नतीजतन विदेशी आक्रांताओं को राजस्थान से भागना पड़ा। आज उनका प्रत्येक अंश हमारे लिए दिग्दर्शक है। उस चरित्र की, उस नीति की, उस स्वरूप की, उस उद्देश्यों के पवित्रता की आज आवश्यकता है। वर्तमान परिप्रेक्ष्य में स्वयंसेवक शिवाजी महाराज के कृतत्व, उनके गुण, उनके चरित्र के द्वारा मिलनेवाले दिगदर्शन को साकार करना, समाज जीवन के लिए अनुकरणीय साकार करना, यही राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ का मुख्य उद्देश्य भी है। मंच संचालन अंकित भार्गव ने किया।



