शिक्षा विभाग की बिल्डिंग में चल रहा ढीमरखेड़ा का जनपद कार्यालय

खुद के भवन के लिये बांट जोह रहा ढीमरखेड़ा जनपद पंचायत
अध्यक्ष सुनीता संतोष दुबे के पत्राचार के बाद कलेक्टर ने की थी पहल, अभी तक नहीं मिली स्वीकृति
रिपोर्टर : सतीश चौरसिया
उमरियापान। ढीमरखेड़ा जनपद की है जहां पर शिक्षा विभाग की बिल्डिंग में जनपद कार्यालय का संचालन किया जा रहा है। जिले में ढीमरखेड़ा जनपद ही ऐसा है जिसका खुद का भवन नहीं है। वर्तमान में जो बिल्डिंग जनपद की है वह पूरी तरह से जर्जर हो गई है । जनपद पंचायत का जो पुराना भवन पूरी तरह से जर्जर हो चुका है व गिरने की कगार पर है। नवीन जनपद पंचायत भवन की फाइल का प्रकरण तैयार होकर कलेक्टर कटनी द्वारा भोपाल भेज दे दिया गया है।जो की संचालक/आयुक्त, पंचायत राज संचनालय, भोपाल कार्यालय में है। जनपद भवन की समस्त गतिविधियां आज भी शिक्षा विभाग के भवन से संचालित हो रही है। इस भवन में कार्यलयों की कमी के चलते भवन के शौचालयों को तोड़कर अधिकरियों के बैठने हेतु स्थान बनाया गया गया है। इस संबंध में ढीमरखेड़ा जनपद अध्यक्ष सुनीता संतोष दुबे ने कई बार पत्राचार किया गया लेकिन आज दिनांक तक भवन स्वीकृति के आदेश जारी नहीं किये गये है ।
कलेक्टर ने लिखा था पत्र
तत्कालीन कलेक्टर अवि प्रसाद के द्वारा जनपद अध्यक्ष के पत्र पर संज्ञान लेते हुये संचालक, पंचायतराज संचालनालय भोपाल को दिनांक 3 अक्टूबर 2023 को पत्र लिखा गया जिसमें उन्होंने बताया कि जनपद पंचायत ढीमरखेडा के लिए अध्यक्ष नवीन जनपद भवन निर्माण की मांग करते हुए लेख किया गया है कि जनपद पंचायत का पुराना भवन पूरी तरह जर्जर हो चुका है एवं गिरने की कगार पर है, साथ ही मुख्य कार्यपालन अधिकारी जनपद पंचायत ढीमरखेडा द्वारा संदर्भित पत्र में लेख किया गया है कि वर्तमान में जनपद की सगस्त गतिविधियां शिक्षा विभाग के बी.आर.सी. भवन में वैकल्पिक बैठक व्यवस्था बनायी गई है। इस संबंध में जनपद पंचायत ढीमरखेडा की सामान्य सभा की बैठक दिनांक 20 सितम्बर 2023 को जनपद भवन निर्माण हेतु प्रस्ताव पारित किया गया है । उक्त नवीन जनपद पंचायत भवन निर्माण हेतु कार्यपालन यंत्री ग्रामीण यांत्रिकी सेवा संभाग कटनी द्वारा संदर्भित पत्र के माध्यम से 112.10 लाख रूपए ( एक करोड बारह लाख दस हजार रूपए ) का तकनीकि स्वीकृति तैयार किया गया है ।
अनुशंसा के लिये जनपद अध्यक्ष ने मंत्री को लिखा पत्र
ढीमरखेड़ा जनपद अध्यक्ष सुनीता संतोष दुबे ने मंत्री ग्रामीण विकास विभाग प्रहलाद पटेल को पत्र लिखकर उपरोक्त गंभीर समस्या से अवगत कराया गया । चूंकि जहां पर वर्तमान में कार्यालय का संचालन किया जा रहा है वह पर पर्याप्त स्थान नहीं है इसके साथ ही अधिकारियों और अध्यक्ष के लिये बैठने को जो रूम है वह लेट्रिग और टायलेंट को तोड़कर वैकल्पिक व्यवस्था के तौर पर बनाये गये है जिस कारण से कहीं न कहीं अधिकारियों का मन भी खिन्न रहता है। लिहाजा उपरोक्त गंभीर समस्या पर ध्यान देते हुये प्रहलाद पटेल मंत्री म.प्र. शासन को पत्र लिखकर अनुशंसा की मांग की गई थी। यदि अनुशंसा प्रदान कर दी जाती है तो ढीमरखेड़ा जनपद को नया भवन मिल जायेगा और कार्यालय संचालन के लिये पर्याप्त जगह भी मिल जावेगी। वर्तमान में जहां कार्यालय का संचालन किया जा रहा है वह शिक्षा विभाग की है ऐसे में किसी भी समय यदि शिक्षा विभाग को उक्त भवन की जरूरत पड़ती है तो वह उसे वापिस ले लेगा। ऐसे में सवाल यह उठता है कि यदि भवन को शिक्षा विभाग ले लेता है तो जनपद के कार्यालय का संचालन कहां पर किया जायेगा। समय रहते जनपद का नवीन भवन नितांत आवश्यक है ।
इस संबंध में सुनीता संतोष दुबे, अध्यक्ष जनपद पंचायत ढीमरखेड़ा कहना है कि ढीमरखेड़ा जनपद का पुराना भवन जर्जर होकर जीर्ण-क्षीर्ण अवस्था में पहुंच गया है । वर्तमान में जिस भवन में जनपद का कार्यालय है वह शिक्षा विभाग का है । जनपद के नवीन भवन के लिये कई बार पत्राचार किया गया है जिसमें तत्कालीन कलेक्टर अवि प्रसाद के द्वारा आयुक्त संचालनालय को पत्र भी प्रेषित किया गया था लेकिन आज दिनांक तक स्वीकृत प्रदान नहीं की गई है । इस संबंध में प्रहलाद पटेल मंत्री पंचायत एवं ग्रामीण विभाग को भी अनुशंसा बावत पत्र सौंपा जाकर ढीमरखेड़ा जनपद के नवीन भवन की मांग की गई है।



