मध्य प्रदेश

पंचायत चुनाव के महिनों बाद भी अपडेट नहीं हुये पोर्टल भूतपूर्व सरपंच-सचिव का नाम हो रहा प्रदर्शित

रिपोर्टर : सतीश चौरसिया
उमरियापान । त्रि-स्तरीय पंचायत चुनाव लगभग दो से तीन माह का समय व्यतीत हो चुका है इसके बाद भी शासन के विभिन्न पोर्टलों में भूतपूर्व सरपंच-सचिवों के नाम दर्शित हो रहै है इसमें से कुछ सचिव ऐसे है जिनका तबादला दूसरे पंचायत में कर दिया गया है इसके बाद भी पहले वाली पंचायत में उनका नाम दर्शित हो रहा है।
उल्लेखनीय है कि लगभग 2 से 3 माह पहले पंचायत चुनाव संपन्न हुये थे जिसका परिणाम भी आ चुका है और लगभग हर पंचायत में नव निर्वाचित जनप्रतिनिधियों ने पद्भार भी ग्रहण कर लिया है इसके बाद भी पंचायत दर्पण के पोर्टल में पुराने सरपंच और जो सचिव पंचायतों में पदस्थ भी नहीं है ऐसे सचिवों के नाम दर्शित हो रहे हैं। लिहाजा चुनाव संपन्न होने के बाद दो-तीन माह बाद भी पोर्टल अपडेट नहीं करना संबंधित कर्मचारियों की घोर लापरवाही को दर्शित करता है।
ग्रामवासी होते हैं भ्रमित
संबंधित कर्मचारियों के लापरवाहीपूर्ण रवैये के कारण कभी-कभी ग्रामवासी परेशान हो जाते है और यदि उन्हें किसी कारण से संबंधित जनप्रतिनिधि का नाम या मोबाईल नम्बर लेना हो तो गलत जानकारी पोर्टल में प्रदर्शित हो रही है। लिहाजा कर्मचारियों की लापरवाही का परिणाम जनता भोग रही है और शासन द्वारा जहां एक ओर डिजिटल इंडिया को बढ़ावा देने के लिये आमजनों को प्रोत्साहित किया जाता है वहीं दूसरी ओर इंटरनेट प्रोद्योगिकी को बढ़ावा देने के लिये शासन द्वारा पंचायती राज व्यवस्था संचालन के लिये कई पोर्टल बनाये गये है जिनका उद्देश्य पंचायत की सभी जानकारियों स्वतंत्र रुप से आम व्यक्ति को पता चल सके।
फिडिंग का काम बाकी
सूत्रों ने बताया कि नवनिर्वाचित जनप्रतिनिधियों के नाम अभी तक फीड नहीं हुये है इस कारण से पोटल में पुराने नाम दर्शित हो रहे है और यदि यह बात सही है तो संबंधित कर्मचारी की यह घोर लापरवाही है कि उसके द्वारा दो से तीन माह बाद भी पोर्टल में नाम अपडेट नहीं किये जा रहे है जिससे भ्रम की स्थितियां उत्पन्न हो रही है और पोर्टल में गलत नाम प्रदर्शित हो रहे है।

Related Articles

Back to top button