बौद्ध यूनिवर्सिटी सांची की बिल्डिंग निर्माण में ठेकेदार कर रहा गड़बड़झाला, बिल्डिंगों को बनाने ठेकेदार कर रहा मनमानी
जंग लगे लोहे का बीम में उपयोग कर भवनों की गुणवत्ता पर उठने लगे सवाल जिम्मेदार विभाग के आला अधिकारी बने खामोश
रिपोर्टर : शिवलाल यादव
रायसेन। सलामतपुर के त्रिमूर्ति तिराहे के समीप वर्ल्ड की दूसरे दर्जे की साँची बौद्ध यूनिवर्सिटी की बिल्डिंगों का निर्माण गोल पहाड़ी पर हो रहा है।यूनिवर्सिटी की बिल्डिंगों के निर्माण का ठेका संजना कंस्ट्रक्शन कंपनी के ठेकेदार सचिन सागर को करोड़ों रुपये की लागत से दिया गया है।शुरुआती दौर से ही बिल्डिंगों के घटिया निर्माण की शिकायतें मिल रही हैं।लेकिन भवनों के घटिया सामग्री से निर्माण तमाम नियम कायदों को ताक पर रखकर किया जा रहा है।जब कुछ मीडिया कर्मियों ने शिकायत मिलने पर साँची बौद्ध यूनिवर्सिटी की ठेकेदार सचिन सागर द्वारा मनमानी पूर्ण व भवनों के घटिया सामग्री से बिल्डिंगों के निर्माण कराए जाने की बातें सामने आई हैं। मीडिया कर्मियों ने बौद्ध यूनिवर्सिटी साँची प्रबन्धन से जुड़े अधिकारियों से इस मामले में जब बातचीत की तो ठेकेदार सचिन सागर की गलती बताई।
जंग लगे लोहे छड़, घटिया सीमेंट से बिल्डिंगों के भरे जा रहे बीम….
जब मीडिया कर्मियों द्वारा आसपास के दुकानदारों , रहवासियों से हुई बातचीत में यह मामला और सच्चाई सामने आई कि ठेकेदार सचिन सागर और उनके मिस्त्रियों द्वारा बारिश में खुले मैदान में रखे जंग लगी लोहे की रॉड का बीमों के निर्माण में सरेआम इस्तेमाल किया जा रहा है। जो कि सरासर गलत व अनुचित है।जंग लगा लोहे और छड़ों का उपयोग ठेकेदार सागर के इशारे पर घटिया बिल्डिंगों का निर्माण हो रहा है।इस घटिया भवन निर्माण को कोई रोकने टोकने वाला नहीं है।कुछ जिम्मेदार ठेकेदार सचिन सागर से करते हैं तो उसे अनसुनी कर दी जाती है।
पोकलिन मशीनों से मुरम का अवैध खनन कर बाजार में बेंची जा रही…..
गोल पहाड़ी जहां बौद्ध यूनिवर्सिटी साँची की बिल्डिंगों का ठेकेदार संजना कॉन्ट्रेक्शन कंपनी सचिन सागर भोपाल के अधिकारियों कर्मचारियों द्वारा पोकलिन मशीनों से पहाड़ी से टनों अवैध मुरम की खुदाई कर उसे बाजार में विक्रय कर जमकर कमाई की जा रही है।जिला प्रशासन सहित माइनिंग विभाग के अधिकारी इस अवैध मुरम उत्खनन के मामले में पर्दा डाले हुए हैं।
मैं चाहे घटिया बिल्डिंगों का निर्माण कराऊँ मेरी मर्जी
मैं बौद्ध यूनिवर्सिटी साँची की बिल्डिंगों का घटिया निर्माण कराऊँ या फिर पहाड़ी पर अवैध मुरम का अवैध मुरम खनन कराऊँ। मेरी मनमर्जी से ही इन बिल्डिंगों का निर्माण कराया जाएगा।यह कहना है संजना कंस्ट्रक्शन कंपनी के ठेकेदार सचिन सागर का। उन्होंने मीडिया कर्मियों को गैर जिम्मेदाराना बयान देते हुए कहा कि मेरा कोई कुछ नहीं बिगाड़ सकता। यूनिवर्सिटी के भवनों का निर्माण मेरी मनमर्जी से ही होता है। क्योंकि मैं ऊपर तक के मंत्रियों अफसरों को कमाई का हिस्सा जो देता हूँ।



