शासकीय उचित मूल्य दुकान के विक्रेता पर भारी गड़बड़ी का आरोप, आवश्यक वस्तु अधिनियम के तहत प्राथमिकी दर्ज

खाद्यान्न की हेराफेरी में विक्रेता लल्लू राम तिवारी के विरुद्ध बड़ी कार्रवाई, ₹13 लाख से अधिक का गबन
रिपोर्टर :सतीश चौरसिया
उमरियापान । ढीमरखेडा थाना क्षेत्र अंतर्गत शासकीय उचित मूल्य दुकान खम्हारिया बागरी के विक्रेता लल्लू राम तिवारी के खिलाफ आवश्यक वस्तु अधिनियम 1955 की धारा 3/7 के तहत प्राथमिकी दर्ज की गई है । यह कार्रवाई कनिष्ठ आपूर्ति अधिकारी ब्रजेश कुमार जाटव की शिकायत पर की गई, जिसमें खाद्यान्न वितरण में गंभीर अनियमितताओं का आरोप लगाया गया है।
शिकायत के अनुसार, शासकीय उचित मूल्य दुकान के पीओएस मशीन द्वारा प्रदर्शित ऑनलाइन स्टॉक और भौतिक स्टॉक में बड़ा अंतर पाया गया। ऑनलाइन रिकॉर्ड के मुताबिक, दुकान में गेहूं की मात्रा 228.15 क्विंटल, चावल 264.55 क्विंटल, नमक 4.09 क्विंटल और शक्कर 0.35 क्विंटल होनी चाहिए थी । लेकिन जब भौतिक निरीक्षण किया गया, तो मात्र 10 क्विंटल गेहूं और 20.50 क्विंटल चावल ही स्टॉक में पाया गया। नमक और शक्कर की मात्रा सही पाई गई।
इस भारी गड़बड़ी के चलते गेहूं में 218.15 क्विंटल और चावल में 244.05 क्विंटल की कमी पाई गई । खाद्यान्न की हेराफेरी की कीमत ₹13,72,704 आंकी गई है। आरोप है कि विक्रेता लल्लू राम तिवारी ने जानबूझकर खाद्यान्न वितरण में अनियमितता की और शासकीय संपत्ति का गबन किया।
दस्तावेजों के आधार पर कार्रवाई:
कनिष्ठ आपूर्ति अधिकारी ब्रजेश कुमार जाटव ने शिकायत के साथ कई दस्तावेज प्रस्तुत किए हैं, जिनमें राजस्व आदेश पत्रक, जांच रिपोर्ट, पंचनामा, सामूहिक कथन, विक्रेता का कथन, ऑनलाइन स्टॉक रिपोर्ट, दुकान खुलने के दिन की जानकारी, कारण बताओ नोटिस, विक्रेता का जवाब और उनका खुद का कथन शामिल है। इन दस्तावेजों के आधार पर थाना ढीमरखेडा में प्राथमिकी दर्ज की गई और मामले की जांच शुरू कर दी गई है ।
कनिष्ठ आपूर्ति अधिकारी ब्रजेश कुमार जाटव ने कहा कि “सरकारी उचित मूल्य दुकानों का उद्देश्य गरीबों को सस्ते दाम पर खाद्यान्न उपलब्ध कराना है । लेकिन लल्लू राम तिवारी ने इस व्यवस्था का दुरुपयोग किया है। ऐसे मामलों में कड़ी कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी।
इस कार्रवाई के बाद स्थानीय नागरिकों में आक्रोश और निराशा है। वे उम्मीद कर रहे हैं कि दोषी के खिलाफ सख्त कार्रवाई होगी और भविष्य में ऐसी घटनाओं की पुनरावृत्ति नहीं होगी। इस मामले में दोषी पाए जाने पर लल्लू राम तिवारी को सख्त सजा हो सकती है।



