18 सूत्रीय मागों के निराकरण को लेकर अनिश्चितकालीन काम बंद कर हड़ताल पर गए सफाई कामगार
सीएमओ ने दिया सेवा समाप्ति का नोटिस, एसडीएम को दिया ज्ञापन
नगर की सफाई व्यवस्था प्रभावित, नगर परिषद कार्यालय के सामने बैठ कर दे रहे धरना
सिलवानी। मांगों का निराकरण ना होने, अनेको दफा आवेदन निवेदन करने के बाद सुनवाई ना होने से रुष्ट सफाई कामगारो ने अखिल भारतीय सफाई मजदूर कांग्रेस के वेनर तले कामबंद हड़ताल प्रारंभ कर दी है। तथा हड़ताली कर्मचारी नगर परिषद के बाहर बैठ कर धरना दे रहे है। नगर परिषद सिलवानी के सफाई कामगारो के कामबंद हड़ताल पर चले जाने से नगर की सफाई व्यवस्था प्रभावित हो रही है।
आंदोलनकारियो की मांग है कि मध्य प्रदेश की समस्त नगर निगम, नगर पालिका, नगर परिषदों में सफाई कार्य में ठेका प्रथा को पूर्णता समाप्त कर स्थाई भर्ती की जाए। मध्य प्रदेश के सफाईदार कर्मचारियों द्वारा सेवाकाल में रहते हुये मेडिकल के आधार पर स्वेच्छिक सेवानिवृत्ति लेकर उनके परिवार के किसी एक सदस्य को सफाईदार पद या योग्यता अनुसार उसकी नियुक्ति दी जावे।
शनिवार को सफाई कामगारों ने रैली निकाल कर तहसील कार्यालय पहुंचे और एसडीएम के नाम तहसीलदार डॉ. हर्ष विक्रम सिंह को ज्ञापन सौंपा। ज्ञापन में उल्लेख किया है की सीएमओ नगर परिषद द्वारा हड़ताली कामगारों की सेवा समाप्त करने का नोटिस दिया गया। पूर्व में सूचना देने के बाद भी हम लोगो की समस्या नहीं सुनी, और धमकी दी जा रही है।
मध्य प्रदेश के समस्त नगर निगम, नगर पालिकाओं एवं नगर परिषदों में सफाई कामगार के पद से रोस्टर प्रणाली को मुक्त कर नियम में शिथिलता की जाये। मध्य प्रदेश के नगर पालिका, नगर निगम में सफाईदार वर्ग के कर्मचारी जो अन्य पदों पर कार्यरत है, जैसे वाहन चालक, सुपरवाईजर फायर, हेल्पर इत्यादि उनके पद नाम के साथ समान पद, समान वेतन का लाभ दिया जाए।
मध्य प्रदेश की समस्त नगर पालिका, नगर निगम व नगर परिषद के अंतर्गत कार्यरत सफाई कर्मचारियों पिता /पति, पत्नि में से सेवा में रहतें हुए आकस्मिक मृत्यु होती है तो उस परिवार के किसी एक सदस्य को अनुकंपा नियुक्ति प्रदान की जाए। मध्य प्रदेश में सभी नगर निगमों, नगर पालिकाओं, नगर परिषदों में कार्यरत सफाई कामगारों को जो आज दिनांक तक कार्यरत है।
चाहे वह दैनिक वेतन भोगी संविदा अंशकालीन मस्टर या आउट सोर्स एवं अस्थाई दैनिक वेतन पर कार्यरत हैं उन सभी को नियमितीकरण कर स्थाईकरण का लाभ दिया जाये। मध्यप्रदेश शासन द्वारा आदर्श कार्मिक संरचना 2014 को लागू किया गया है जिसमें 500 की आबादी पर 1 पद सफाई कामगार का सर्जन होता है जिसकी वजह से हमारे पदो वृद्धि नहीं हो पा रही है। जिसमें संशोधन किया जावे। संपूर्ण मध्य प्रदेश में कार्यरत नगर निगम, नगर पालिका, नगर परिषदों में कार्यरत सफाई कामगार दैनिक वेतन भोगी संविदा विनियमित आउटसोर्स कर्मचारियों को एक समान वेतन पच्चीस हजार रुपए प्रतिमाह का भुगतान किया जावे। इसके अतिरिक्त अन्य मागों का भी समावेश किया गया है।



