मध्य प्रदेश

सरस्वती विद्या मंदिर में भारत विभाजन विभीषिका स्मृति दिवस मनाया गया

सिलवानी। सोमवार को सरस्वती शिशु विद्या मंदिर में पूर्व छात्रों एवं वर्तमान छात्र समस्त शिक्षकगण द्वारा अखंड भारत दिवस समारोह आयोजित किया गया । जिसमें अखंड भारत की रंगोली द्वारा मानचित्र बनाया गया एवं भारत माता के चित्र पर माला, पुष्प एवं भारत माता की आरती की गई और भारत को पुनः अखंड भारत बनाने का संकल्प लिया गया । 14 अगस्त 2023 को अखंड भारत स्मृति (भारत विभाजन विभीषिका) दिवस मनाया गया जिसमें कार्यक्रम के मुख्य अतिथि आलोक रघुवंशी नगर कार्यवाह, विशिष्ट अतिथि विद्यालय के पूर्व छात्र अनिल साहू अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद, जय यादव भाग संयोजक एबीवीपी , छात्र छात्राओं को सम्बोधित करते हुए अनिल साहू ने कहा कि भारतवासियों को आज भी सही इतिहास की जानकारी नहीं है। हमारा इतिहास आज के भारत में ही नहीं बल्कि अफगानिस्तान से लेकर कम्बोडिया, लाओस, तिब्बत, भूटान से लेकर श्रीलंका तक फैला है। हिन्दू धर्म और बौद्ध धर्म के मंदिर अफगानिस्तान, कम्बोडिया तिब्बत और यहां तक कि चीन और जापान में भी मिल रहे हैं। शारदा पीठ और हिंगला माता का मंदिर पाकिस्तान अधिकृत कश्मीर में है। कम्बोडिया में अंकोरवाट का विश्व का सबसे बड़ा मंदिर है। ढाकेश्वरी माता का मंदिर बांग्लादेश के ढाका में है। इतना ही नहीं, भगवान शंकर का कैलाश पर्वत और मानसरोवर भी आज चीन का हिस्सा है। प्रमाण हर जगह हैं, जरूरत है तो सिर्फ आंखे खोलने की। अनिल साहू ने बताया कि हमारे देश से नेपाल भूटान अफगानिस्तान पाकिस्तान बांग्लादेश एवं श्रीलंका किस तरह अलग हुए और हमारा देश एक छोटा सा देश बन कर रह गया उनके द्वारा भैया बहनों को संकल्प दिलाया गया कि खंडित भारत को पुनः अखंड बनाने का प्रयास करें इस अवसर पर विद्यालय विद्यालय के प्राचार्य सहित समस्त आचार्य परिवार और विद्यालय के पूर्व छात्र उपस्थित रहे।

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