प्रशासन को रजिस्ट्री कर भेजें 2500 से अधिक पोस्टकार्ड, सिहोरा जिले की मांग एक बड़ा मुद्दा
सिहोरा नगर की गलती क्या , नागरिक उपभोक्ता मंच ने की प्रेस कांफ्रेंस
ब्यूरो चीफ : मनीष श्रीवास
जबलपुर । जबलपुर महानगर की सीमा से लगा सिहोरा क्षेत्र का मुद्दा बड़ा पेचीदा होता जा रहा हैं । विगत कई वर्षों से उपेक्षा का शिकार हो रहा सिहोरा । बढ़ती जरूरतों को पूरा और समाजिक सरोकार के लिए अधूरा रह जाना स्थानीय लोगों के लिए बड़ी विचित्र स्थिति बन कर खड़ी हैं । इन सभी विभिन्न प्रकार की समस्याओ व जिला सिहोरा की बढ़ती हुई मांग को लेकर गुरुवार को सुबह 11बजे एक प्रेस वार्ता का आयोजन किया गया ।
प्रेस वार्ता में रखी सिहोरा नगर की विभिन्न प्रकार अहम बाते- प्रेस वार्ता के दौरान
नागरिक उपभोक्ता मार्गदर्शक मंच ने अपनी बात को रखते हुये बताया कि आप सभी यह नाम जानते ही होंगे यह मंच राष्ट्रीय स्तर पर अपनी अलग पहचान बन चुका है। इसके मार्गदर्शक नाज पांडे एवं आरटीआई एक्टिविस्ट जैसी बड़ी शख्सियतो मनीष शर्मा का नाम जुड़ा है। देखा जाए तो निश्चित ही तौर पर यह समाज सेवा एवं अन्य माध्यमों से लोगों की समस्याएं हल करती चली आ रही है। इसी संबंध में हमारे मार्गदर्शक मनीष शर्मा से मुलाकात हुई। एवं हमने उनके सामने अपने सिहोरा जिले को लेकर एक पक्ष रखा की क्या हमें मार्गदर्शक मंच के माध्यम से कोई सहयोग मिल सकता है। तो हमारे इस आग्रह को उन्होंने सहर्ष स्वीकार कर लिया और कहा कि निश्चित तौर पर हमसे जो भी बन सकेगा हम आपके लिए जरुर करेंगे।
अब विषय यह होता है कि हम उनके पास ही क्यों गए मदद मांगने के लिए तो उसका कारण यह है कि नागरिक उपभोक्ता मार्गदर्शक मंच के द्वारा गाडरवारा एवं बालाघाट को जिला बनाने को लेकर मंच के समर्थन में आंदोलन चलाया जा रहा है। इसी अनुभव के आधार से हमने मनीष शर्मा से संपर्क किया और उनसे कहा कि हमें आपसे मार्गदर्शन भी मिले एवं आगे ऐसा क्या किया जाए कि शीघ्र अति शीघ्र हमारे सिहोरा जिले की मांग पूरी हो जाए । आज से लगभग एक माह पूर्व सिहोरा में उपभोक्ता मार्गदर्शक मंच के द्वारा जिले को लेकर आंदोलन की शुरुआत की गई। मंच के माध्यम से पोस्टकार्ड के द्वारा भारत सरकार, गृहमंत्री अमित शाह को नागरिक उपभोक्ता मंच के द्वारा चलाये जा रहे सर्वे की जानकारी प्रदान कराई जा रही है । वही इस प्रयास में लगभग 2500 लोगो से संपर्क व्यक्तिगत हुआ एवम 3 से 4 हजार लोगों तक मीडिया मोबाइल एवम अन्य माध्यमो से मिलकर उनकी राय जानी एवम इस सर्वे की जानकारी गृह मंत्री के अलावा भारतीय जनता पार्टी राष्ट्रीय अध्यक्ष जेपी नड्डा एवं प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी को पत्र व्यवहार के द्वारा सिहोरा जिले के विषय की जानकारी से अवगत कराया गया। मंच के द्वारा जिला नही तो बीजेपी को वोट नही का भी मुद्दा उठाया गया। वर्तमान परिस्थितियों को देखते हुए आचार संहिता के चलते सिहोरा जिले के आंदोलन को अल्प विराम देने का निर्णय हमारे द्वारा लिया गया है लेकिन संविधान मर्यादाओं का आचार संहिता का पालन करते हुए सिहोरा के हित में जो भी किया जा सकता है वह कार्य जारी रहेगा। नागरिक उपभोक्ता मार्गदर्शक मंच के द्वारा सिहोरा हमारी जन्मभूमि से जुड़े सारे मुद्दों पर संघर्ष किया जाएगा । फिर चाहे वह गौशाला का मुद्दा या फिर नगर पालिका के फ्लाई ओवर ब्रिज का हो या नदी, नाले, तालाब, पार्क, कब्जे हो, शिक्षा से लेकर हॉस्पिटल से जुड़ी विभिन्न प्रकार की समस्या । सभी के लिए संघर्ष अनवरत जारी रहेगा जब तक ईश्वर सलामत रखेगा। यह कार्य हम पहले भी करते थे । अब मंच के अनुभवी लोगो के सानिध्य में यह संघर्ष जल्दी ही परिणाम के रूप में परिवर्तित होते दिखाई देगा।
इस कार्यक्रम के दौरान नितेश उर्फ मोनू खारया, संतोष वर्मा, ओम प्रकाश पटेल, जितेंद्र श्रीवास के साथ स्थानीय पत्रकार साथी उपस्थित रहे ।



