मृत्युभोज, नशाखोरी और सामाजिक कुरीतियों के विरुद्ध वर्षभर अभियान चलाने का निर्णय

अ.भा. सर्व चड़ार समाज का नववर्ष मिलन कार्यक्रम सम्पन्न
ब्यूरो चीफ : शब्बीर अहमद
बेगमगंज । ब्लॉक के ग्राम कल्याणपुर में नए वर्ष के पहले दिन अखिल भारतीय सर्व चड़ार समाज सभा रायसेन द्वारा कार्यकर्ता नववर्ष मिलन एवं वैचारिक संवाद कार्यक्रम का आयोजन किया गया। बैठक का उद्देश्य नए वर्ष की शुरुआत सामाजिक चेतना, संगठनात्मक मजबूती और वैचारिक स्पष्टता के साथ करना रहा।
कार्यक्रम की शुरुआत नववर्ष की शुभकामनाओं के साथ हुई, जिसके बाद संगठन के आगामी कार्यक्रमों और वर्षभर की कार्ययोजना पर गहन विचार विमर्श किया गया। बैठक में यह स्पष्ट रूप से कहा गया कि समाज को केवल आयोजन नहीं, बल्कि सकारात्मक सामाजिक बदलाव की दिशा में संगठित प्रयास करने की आवश्यकता है।
बैठक में सर्वसम्मति से यह निर्णय लिया गया कि समाज में व्याप्त मृत्युभोज जैसी कुप्रथा को समाप्त करने के लिए जागरूकता अभियान चलाया जाएगा। वक्ताओं ने कहा कि मृत्युभोज न केवल आर्थिक रूप से कमजोर परिवारों पर बोझ डालता है, बल्कि यह सामाजिक दिखावे की एक विकृत परंपरा बन चुका है, जिसे समाप्त करना समय की मांग है।
इसके साथ ही समाज में तेजी से बढ़ रही नशे की लत पर गहरी चिंता व्यक्त की गई। निर्णय लिया गया कि आने वाले वर्ष में युवाओं को नशे से दूर रखने के लिए गांव-गांव जागरूकता अभियान, संवाद कार्यक्रम और प्रेरक बैठकों का आयोजन किया जाएगा। वक्ताओं ने कहा कि नशा समाज की जड़ों को खोखला कर रहा है और यदि समय रहते इसे नहीं रोका गया तो आने वाली पीढ़ी गंभीर संकट में फंस जाएगी।
बैठक में यह भी तय किया गया कि संगठन की प्राथमिकता समाज की युवा पीढ़ी को शिक्षा, संस्कार और सामाजिक जिम्मेदारी से जोड़ना होगी। युवाओं को केवल रोजगार तक सीमित न रखकर उन्हें समाज सुधार और संगठनात्मक गतिविधियों से जोड़ने की रणनीति पर चर्चा की गई।
बैठक में समाज के सिद्ध संत जूडीराम जी की जयंती आगामी 19 मार्च को धूमधाम और गरिमा के साथ मनाने का निर्णय लिया गया। इस अवसर पर सामाजिक एकता, सद्भाव और संत परंपरा के मूल्यों को जन-जन तक पहुँचाने के लिए विशेष कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे।
बैठक में संगठन के राष्ट्रीय अध्यक्ष तुलाराम अठ्या ने कहा कि समाज को केवल भावनात्मक एकता नहीं, बल्कि वैचारिक और सामाजिक अनुशासन की आवश्यकता है। उन्होंने कहा कि संगठन का उद्देश्य समाज को कुरीतियों से मुक्त कर आत्मसम्मान और जागरूकता की दिशा में आगे बढ़ाना है।
इस अवसर पर जिलाध्यक्ष वृंदावन अठ्या सहित वरिष्ठ कार्यकर्ताओं ने भी अपने विचार रखे और संगठन को मजबूत करने के लिए निरंतर सक्रिय रहने का आह्वान किया।
बैठक में प्रमुख रूप से उपस्थित कार्यकर्ता गयाप्रसाद चड़ार, भाईसाहब अठ्या, जमनाप्रसाद, भगवत सिंह, रामसिंह, तुलसीपार, दीनदयाल, नर्वदाप्रसाद (कस्बा चौका), विश्राम सिंह, वृंदावन (देवरीगंज), जाहर सिंह (पिपरिया), रामलाल (कल्याणपुर), जितेंद्र कुमार, महेन्द्र कुमार, नर्वदाप्रसाद सहित बड़ी संख्या में संगठन के सक्रिय कार्यकर्ता उपस्थित रहे।
नव वर्ष के अवसर पर आयोजित यह बैठक केवल औपचारिक मिलन नहीं, बल्कि समाज को नशामुक्त, कुरीतिमुक्त और संगठित बनाने की दिशा में एक ठोस पहल के रूप में सामने आई। बैठक में लिए गए निर्णय आने वाले समय में समाज में सकारात्मक बदलाव की मजबूत नींव रखेंगे—ऐसा विश्वास कार्यकर्ताओं ने व्यक्त किया।
कार्यक्रम के अंत में सभी ने दाल बाटी भर्ता का आनंद लिया।



