Aaj ka Panchang आज का पंचांग सोमवार, 17 जुलाई 2023
आचार्य श्री गोपी राम (ज्योतिषाचार्य) जिला हिसार हरियाणा मो. 9812224501
✦••• जय श्री हरि •••✦
🧾 आज का पंचाग 🧾
सोमवार 17 जुलाई 2023
17 जुलाई 2023 दिन सोमवार को शुद्ध श्रावण मास के कृष्ण पक्ष कि अमावस्या तिथि है। आज श्रावण सोमवार व्रत एवं सोमवार की अमावस्या है। आज स्नान-दानादि की पुन्यतमा अमावस्या का व्रत भी है इसे हरियाली अमावस्या भी कहा जाता है। आज जिस स्त्री को सौभाग्य वृद्धि की कामना हो उसे आज पीपल वृक्ष के मूल में भगवान विष्णु का आवाहन करके विविध उपचारों से पूजन एवं अभीष्ट फल प्राप्ति हेतु 108 परिक्रमा करनी चाहिए। आज पुनर्वसु नक्षत्र के तृतीय चरण औए कर्क राशी में (रात्रि 10:19 PM पर) भगवान सूर्य देवता का प्रवेश हो जायेगा। इसलिए सूर्यदेवता आज से ही दक्षिणायन हो जायेंगे। जिससे आज से दैत्यों का दिन एवं देवताओं की रात्रि आरम्भ हो जाएगी। साथ ही आज से ही वर्षा ऋतू का आरम्भ भी हो जायेगा। आज मन्दाकिनी (गंगा) स्नान एवं देशी गाय के घी का दान करना पुण्यदायी माना जाता है। झारखण्ड में मनसा पूजन आरम्भ एवं कर्क राशी के सूर्य होनेपर केश निकलवाना अथवा धोना भी वर्जित बताया गया है। आप सभी सनातनियों को श्रावण सोमवार व्रत एवं सोमवारी अमावस्या की हार्दिक शुभकामनायें।।
महा मृत्युंजय मंत्र – ॐ त्र्यम्बकं यजामहे सुगन्धिं पुष्टिवर्धनम्। उर्वारुकमिव बन्धनान्मृत्योर्मुक्षीय माऽमृतात्।।
☄️ दिन (वार) – सोमवार के दिन क्षौरकर्म अर्थात बाल, दाढ़ी काटने या कटाने से पुत्र का अनिष्ट होता है शिवभक्ति को भी हानि पहुँचती है अत: सोमवार को ना तो बाल और ना ही दाढ़ी कटवाएं ।
सोमवार के दिन भगवान शंकर की आराधना, अभिषेक करने से चन्द्रमा मजबूत होता है, काल सर्प दोष दूर होता है।
सोमवार का व्रत रखने से मनचाहा जीवन साथी मिलता है, वैवाहिक जीवन में लम्बा और सुखमय होता है।
जीवन में शुभ फलो की प्राप्ति के लिए हर सोमवार को शिवलिंग पर पंचामृत या मीठा कच्चा दूध एवं काले तिल चढ़ाएं, इससे भगवान महादेव की कृपा बनी रहती है परिवार से रोग दूर रहते है।
सोमवार के दिन शिव पुराण के अचूक मन्त्र “श्री शिवाये नमस्तुभ्यम’ का अधिक से अधिक जाप करने से समस्त कष्ट दूर होते है. निश्चित ही मनवाँछित लाभ मिलता है।
🔮 शुभ हिन्दू नववर्ष 2023 विक्रम संवत : 2080 नल, शक संवत : 1945 शोभन
🌐 संवत्सर नाम अनला
🔯 शक सम्वत : 1945 (शोभकृत् संवत्सर)
☸️ काली सम्वत् 5124
🕉️ संवत्सर (उत्तर) पिंगल
☣️ आयन – दक्षिणायन
☀️ ऋतु – सौर वर्षा
🌤️ मास – श्रावण मास
🌚 पक्ष – कृष्ण पक्ष
📆 तिथि – श्रावण मास कृष्ण पक्ष अमावस्या तिथि 12:01 AM तक उपरांत प्रतिपदा
✏️ तिथि स्वामी – अमावस्या के स्वामी पितर होते हैं। अमावस्या तिथि के देवता हैं अर्यमा जो पितरों के प्रमुख हैं।
💫 नक्षत्र – नक्षत्र पुनर्वसु 05:11 AM तक उपरांत पुष्य
🪐 नक्षत्र स्वामी : नक्षत्र का स्वामी गुरु बृहस्पति होता है। तथा तथा राशि स्वामी चन्द्रमा है।
🔊 योग : व्याघात योग 08:57 AM तक, उसके बाद हर्षण योग
⚡ प्रथम करण : चतुष्पाद – 11:02 ए एम तक
✨ द्वितीय करण : नाग – 12:01 ए एम, जुलाई 18 तक
🔥 गुलिक काल : – सोमवार का शुभ (गुलिक काल) दोपहर 1:30 से 3 बजे तक ।
⚜️ दिशाशूल – सोमवार को पूर्व दिशा का दिकशूल होता है ।यात्रा, कार्यों में सफलता के लिए घर से दर्पण देखकर, दूध पीकर जाएँ ।
🤖 राहुकाल -सुबह -7:30 से 9:00 तक राहु काल में कोई भी शुभ कार्य नहीं करना चाहिए |
🌞 सूर्योदय – प्रातः 06:08:48
🌅 सूर्यास्त – सायं 19:19:19
👸🏻 ब्रह्म मुहूर्त : 04:12 ए एम से 04:53 ए एम
🌇 प्रातः सन्ध्या : 04:33 ए एम से 05:34 ए एम
🌟 अभिजित मुहूर्त : 12:00 पी एम से 12:55 पी एम
🔯 विजय मुहूर्त : 02:45 पी एम से 03:40 पी एम
🐃 गोधूलि मुहूर्त : 07:19 पी एम से 07:40 पी एम
🏙️ सायाह्न सन्ध्या : 07:20 पी एम से 08:22 पी एम
💧 अमृत काल : 02:32 ए एम, जुलाई 18 से 04:18 ए एम, जुलाई 18
🗣️ निशिता मुहूर्त : 12:07 ए एम, जुलाई 18 से 12:48 ए एम, जुलाई 18
⭐ सर्वार्थ सिद्धि योग : 05:11 ए एम, जुलाई 18 से 05:35 ए एम, जुलाई 18
🚓 यात्रा शकुन- मीठा दूध पीकर यात्रा करें।
👉🏽 आज का मंत्र-ॐ सौं सोमाय नम:।
🤷🏻♀️ आज का उपाय-किसी विप्र को आम भेंट करें।
🪵 वनस्पति तंत्र उपाय- पलाश के वृक्ष में जल चढ़ाएं।
⚛️ पर्व एवं त्यौहार – सर्वार्थसिद्धि योग/देवपितृकार्य अमावस्या/हरियाली-सोमवती अमावस्या, दर्श अमावस्या/ सोमवती अमावस्या/ आड़ी अमावस्या (तमिलनाडु)/ चितलागी अमावस्या (उड़ीसा)/ दीप पूजन/ अभिनेता रवि किशन शुक्ला जन्म दिवस, भारतीय रिज़र्व बैंक आई. जी. पटेल स्मृति दिवस, अंतर्राष्ट्रीय आपराधिक न्याय के लिए विश्व दिवस, विश्व इमोजी दिवस, गलत तरीका कोरिगन दिवस, पीला सुअर दिवस, राष्ट्रीय पीच आइसक्रीम दिवस , विश्व इमोजी दिवस, राष्ट्रीय टैटू दिवस, विश्व अंतरराष्ट्रीय न्याय दिवस, अमावस्या समाप्ति 12.00
✍🏼 विशेष – अमावस्या को मैथुन एवं प्रतिपदा को कद्दू और कूष्माण्ड के फल का दान तथा भक्षण दोनों ही त्याज्य होता है। शास्त्रों में अमावस्या तिथि को सम्भोग वर्जित तिथि बताया गया है। अमावस्या तिथि एक पीड़ाकारक और अशुभ तिथि मानी जाती है। अमावस्या तिथि पितृगणों को समर्पित तिथि है अर्थात इसके स्वामी पितृगण हैं। यह केवल कृष्ण पक्ष में ही होती है तथा अशुभ फलदायिनी मानी जाती है।
🏘️ Vastu Tips 🏚️
वास्तु शास्त्र में आज आचार्य श्री गोपी राम से जानिए फिटकरी के बारे में। अगर आपके घर या ऑफिस में किसी भी प्रकार का वास्तु सम्बन्धी समस्या है तो उसे दूर करने को लिए आज ही 50 ग्राम फिटकरी का टुकड़ा लेकर उसे घर या ऑफिस के हर कमरे या कोने में रख दें। जहां किसी और की जल्दी से नजर नहीं जाती हो। इससे विभिन्न वास्तु दोषों से होने वाली परेशानियों से आपको छुटकारा मिलेगा और आपके घर में सुख-शांति के साथ धन-सम्पदा में भी वृद्धि होगी। ध्यान रहे कि कुछ-कुछ दिनों में जब फिटकरी का रंग बदलने लगे तो उसे नई फिटकरी से बदल दें।
इससे विभिन्न वास्तु सम्बन्धी होने वाली परेशानियों में कमी आयेगी और सुख-शांति के साथ धन-संपदा में भी वृद्धि होगी। इसके अलावा अगर सोने से पहले काले कपड़े में फिटकरी बांधकर सिरहाने पर तकिये के नीचे रखें तो बुरे सपने नहीं आते और अज्ञात भय से मुक्ति मिलती है।
♻️ जीवनोपयोगी कुंजियां ⚜️
गर्भावस्था के दौरान महिलाओंं को खानपीन पर विशेष ध्यान देना होता है। उन्हें संतुलित भोजन खाने की सलाह दी जाती है। उन्हें पोषक तत्व, विटामिन और मिनरल्स आदि से भरपूर चीजों का सेवन करने की सलाह दी जाती है।
ये चीजें महिला और होने वाले बच्चे के लिए लाभकारी होती है। आज हम आपको ऐसी चीजों के बारे में जानकारी देने जा रहे हैं, जिनसे गर्भावस्था के दौरान महिलाओं को दूरी बना लेनी चाहिए। इन चीजों से बच्चे की सेहत पर बुरा प्रभाव पड़ता है।
गर्भावस्था के दौरान महिलाओंं को डिब्बाबंद और पहले से पैक किए गए फूड आइटम्स से दूरी बना लेनी चाहिए। इन चीजों से भ्रूण को नुकसान पहुंचा सकता है।
बहुत अधिक कैफीन से महिला को गर्भपात का सामना करना पड़ सकता है। कैफीन के कारण एनीमिया की दिक्कत हो सकती है। वहीं बिना धुली सब्जियों और फलों का सेवन भी नहीं करना चाहिए। इनमें मौजूद कीटाणू भ्रूण के लिए हानिकारक हो सकते हैं।
💉 आरोग्य संजीवनी 🩸
दांत दर्द के लिए घरेलू इलाज
दांत के दर्द के कारण हमेशा परेशान रहता है। यह भी संभव नहीं है कि बार-बार होने वाले दांत दर्द के इलाज के लिए रोगी अपना काम-धंधा छोड़कर डॉक्टर के पास चला जाए। इसलिए घरेलू उपचार की जरूरत पड़ती है। अगर आप भी परेशान हैं, तो दांत दर्द के लिए घरेलू उपाय आजमा सकते हैं।
दांत में दर्द होना वैसे तो एक आम समस्या है, लेकिन ये बेहद असहनीय होता है। दांत दर्द की वजह से कई बार चेहरे पर सूजन भी आ जाती है। यहां तक कि सिर में दर्द भी हो सकता है। दांत का दर्द किसी भी उम्र में हो सकता है।
☝🏼 दांत दर्द के प्रकार
दांत दर्द दो तरह के होते हैंः-
इसमें दांतों में तेज दर्द होता है, जिसे कहते हैं। यह कुछ खाते समय, या बात करते समऔर पढ़े दांतों के रोग में चित्रक के फायदेय एकदम तेजी से होता है।
इसमें दर्द ज्यादा गरम या ठण्डा खाना खाने के कारण होता है। इस दर्द को भी कहते हैं। यह हल्का तथा ज्यादा लम्बे समय तक रहता है।
दांत दर्द के कारण
📖 गुरु भक्ति योग 🕯️
आचार्य श्री गोपी राम ने मानव जीवन से जुड़े हर पहलु पर अपनी नीतियां बनाई हैं जिसका पालन करके मनुष्य सफलता को हासिल कर सकता हैं और मुसीबतों से कोसों दूर रह सकता हैं। हमने अपनी नीतियों के जरिए कुछ ऐसी बातें भी कही हैं जो मनुष्य को दूसरों से चार कदम आगे और सफलता के करीब लेकर जाती हैं तो आज हम इसी विषय पर चर्चा कर रहे हैं, तो आइए जानते हैं।
सफलता पाने के लिए आचार्य श्री गोपी राम ने अपने एक श्लोक के जरिए बताया हैं कि व्यक्ति को ज्यादा सीधा नहीं होना चाहिए। क्योंकि वन में सीधे पेड़ पहले काटे जाते हैं। क्योंकि टेढ़े पेड़ के मुकाबले सीधे पेड़ों को काटने में अधिक मेहनत नहीं लगती हैं। यही कारण है कि व्यक्ति के सीधेपन का हर कोई लाभ उठा लेता हैं ऐसे में अगर आपको कलयुग में सफलता हासिल करनी है तो थोड़ी चालाकी जरूरी हैं। इसके अलावा अगर आप अपना भविष्य बदलना चाहते हैं तो सही समय, सही मित्र, सही ठिकाना, धन कमाने का सही साधन, पैसे खर्च करने का सही तरीका और अपनी ऊर्जा स्तोत्र पर जरूर ध्यान दें। क्योंकि यही आपको हर मार्ग में सफलता प्रदान कर सकते हैं।
हमारी बात मानें तो अगर आपको सफलता हासिल करनी है तो हमेशा ही सही मार्ग अपनाना चाहिए। क्योंकि गलत मार्ग को अपनाने से सही चीजें भी गलत मानी जाती हैं। ऐसे में किसी भी तरह का फैसला करने से पहले सही गलत की परख रखें। सफलता और सम्मान पाने के लिए मनुष्य को अपने कर्म और गुणों पर ध्यान देना चाहिए।
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⚜️ अमावस्या को दूध का दान श्रेष्ठ माना जाता है। किसी कुआँ, तलाब, नदी अथवा बहते जल में दो-चार बूंद दूध डालने से कार्यों में आनेवाली परेशानियाँ दूर होती है। जौ दूध में धोकर नदी में प्रवाहित करने से सौभाग्य की वृद्धि होती है। इस तिथि को पीपल में जल देना परिक्रमा करना मिश्री दूध में मिलाकर अर्घ्य देना अत्यन्त शुभ फलदायी माना जाता है।
ऐसा करने से शनिदेव का प्रकोप कम होता है तथा भगवान नारायण एवं माँ लक्ष्मी कि पूर्ण कृपा प्राप्त होती है। अमावस्या को तुलसी और बिल्वपत्र नहीं तोड़ना चाहिये। आज घर की सफाई करना और कबाड़ बेचना शुभ माना जाता है। अमावस्या को भूलकर भी सम्भोग (स्त्री सहवास) नहीं करना चाहिये। घर के मन्दिर एवं आसपास के नजदीकी मन्दिर में तथा तुलसी के जड़ में सायंकाल में घी का दीपक जलाना चाहिये इससे लक्ष्मी माता प्रशन्न होती हैं।

