Aaj ka Panchang आज का पंचांग शुक्रवार, 17 फरवरी 2023
आचार्य श्री गोपी राम (ज्योतिषाचार्य) जिला हिसार हरियाणा मो. 9812224501
✦••• जय श्री हरि •••✦
🧾 आज का पंचाग 🧾
शुक्रवार 17 फरवरी 2023
ॐ श्री महालक्ष्म्यै च विद्महे विष्णु पत्न्यै च धीमहि तन्नो लक्ष्मी प्रचोदयात् ॐ॥
🌌 दिन (वार) – शुक्रवार के दिन दक्षिणावर्ती शंख से भगवान विष्णु पर जल चढ़ाकर उन्हें पीले चन्दन अथवा केसर का तिलक करें। इस उपाय में मां लक्ष्मी जल्दी प्रसन्न हो जाती हैं।
शुक्रवार के दिन नियम पूर्वक धन लाभ के लिए लक्ष्मी माँ को अत्यंत प्रिय “श्री सूक्त”, “महालक्ष्मी अष्टकम” एवं समस्त संकटो को दूर करने के लिए “माँ दुर्गा के 32 चमत्कारी नमो का पाठ” अवश्य ही करें ।
शुक्रवार के दिन माँ लक्ष्मी को हलवे या खीर का भोग लगाना चाहिए ।
शुक्रवार के दिन शुक्र ग्रह की आराधना करने से जीवन में समस्त सुख, ऐश्वर्य की प्राप्ति होती है, दाम्पत्य जीवन सुखमय होता है बड़ा भवन, विदेश यात्रा के योग बनते है।
🔮 शुभ विक्रम संवत्-2079, शक संवत्-1944, हिजरी सन्-1443, ईस्वी सन्-2022
🌐 संवत्सर नाम-राक्षस
✡️ शक संवत 1944 (शुभकृत् संवत्सर)
☸️ काली सम्वत 5123
☣️ अयन- उत्तरायण
🌦️ ऋतु – सौर शिशिर ऋतु
🌤️ मास – फाल्गुन मास
🌗 पक्ष – कृष्ण पक्ष
📆 तिथि – द्वादशी 20:05 PM बजे तक उपरान्त त्रयोदशी तिथि है।
✏️ तिथि स्वामी – इस तिथि के स्वामी श्री हरि विष्णु जी हैं। इस दिन विष्णु सहस्रनाम का पाठ करना होता है. परंतु इस दिन तुलसी तोड़ना निषिद्ध है।
💫 नक्षत्र – पूर्वाषाढ़ा 17:13 PM तक उपरान्त उत्तराषाढ़ा नक्षत्र है।
🪐 नक्षत्र स्वामी – नक्षत्र का स्वामी शुक है। तथा राशि स्वामी शुक्र।
📣 योग – सिद्धि 21:04 PM तक उपरान्त व्यतिपात योग है।
⚡ प्रथम करण : कौलव – 01:15 पी एम तक
✨ द्वितीय करण – तैतिल – 11:36 पी एम तक
⚜️ दिशाशूल – शुक्रवार को पश्चिम दिशा की यात्रा नहीं करनी चाहिये, यदि अत्यावश्यक हो तो दही खाकर यात्रा कर सकते है।
🔥 गुलिक काल : शुक्रवार का (अशुभ ) काल 08:22 ए एम से 09:47 ए एम
🤖 राहुकाल (अशुभ) – सुबह 17:30 बजे से 12:00 बजे तक राहु काल में कोई भी शुभ कार्य नहीं करना चाहिए |
🌞 सूर्योदय – प्रातः 06:24:38
🌅 सूर्यास्त – सायं 17:36:32
👸🏻 ब्रह्म मुहूर्त : 05:16 ए एम से 06:07 ए एम
🌇 प्रातः सन्ध्या : 05:42 ए एम से 06:58 ए एम
🌟 अभिजित मुहूर्त : 12:13 पी एम से 12:58 पी एम
🔯 विजय मुहूर्त : 02:28 पी एम से 03:13 पी एम
🐃 गोधूलि मुहूर्त : 06:10 पी एम से 06:36 पी एम
🏙️ सायाह्न सन्ध्या : 06:12 पी एम से 07:29 पी एम
💧 अमृत काल : 04:09 पी एम से 05:35 पी एम
🗣️ निशिता मुहूर्त : 12:09 ए एम, फरवरी 18 से 01:00 ए एम, फरवरी 18
🚓 यात्रा शकुन-शुक्रवार को मीठा दही खाकर यात्रा पर निकलें।
👉🏻 आज का मंत्र-ॐ द्रां द्रीं द्रौं स: शुक्राय नम:।
🤷🏻♀️ आज का उपाय-किसी मंदिर में अमान्य (सीदा) भेंट करें।
🪵 वनस्पति तंत्र उपाय-गूलर के वृक्ष में जल चढ़ाएं।
⚛️ पर्व एवं त्यौहार – विजया एकादशी व्रत (निम्बार्क)/ भागवत एकादशी, बुधु भगत जयन्ती, सरदार पूरन सिंह जयन्ती, जीवनानंद दास जयंती, कल्वाकुंतला चंद्रशेखर राव की जयंती, स्वतंत्रता सेनानी रानी गाइदिनल्यू पुण्य तिथि, भारतीय दार्शनिक जिद्दू कृष्णमूर्ति (जे कृष्णमूर्ति) पुण्य तिथि, भारतीय क्रांतिकारी वासुदेव बलवंत फड़के शहिद दिवस, मुख्यमंत्री के. चन्द्रशेखर राव जन्मोत्सव, उत्पादकता सप्ताह
✍🏼 विशेष – द्वादशी तिथि को मसूर की दाल एवं मसूर से निर्मित कोई भी व्यंजन नहीं खाना न ही दान देना चाहिये। यह इस द्वादशी तिथि में त्याज्य बताया गया है। द्वादशी तिथि के स्वामी भगवान श्री हरि नारायण हैं। आज द्वादशी तिथि के दिन भगवान नारायण का श्रद्धा-भाव से पूजन करना चाहिये। साथ ही भगवान नारायण के नाम एवं स्तोत्रों जैसे विष्णुसहस्रनाम आदि के पाठ एवं जप से धन, यश एवं प्रतिष्ठा की प्राप्ति होती है।
🌷 Vastu tips 🌸
वास्तुशास्त्र के अनुसार मेहंदी के पौधे में नकारात्मक शक्तियों का वास होता है इसे में इसे घर में नहीं लगाना चाहिए मान्यता है कि मेहंदी के पौधे को घर में लगाने से घर परिवार की सुख शांति चली जाती है और कई परेशानियां भी आती है। वास्तु की मानें तो इमली का पेड़ नकारात्मकता लाने का काम करता है ऐसे में इसे घर में लगाने से हमेशा ही भय का माहौल बना रहता है इसलिए भूलकर भी इस पेड़ को लगाने की गलती न करें।
घर के आंगन में खजूर का पेड़ भी नहीं लगाना चाहिए इसे अशुभ माना जाता है ये पेड़ देखने में तो बेहद सुंदर होता है लेकिन इसे घर में लगाने से कर्ज का बोझ बढ़ जाता है और धीरे धीरे परिवार पर कंगाली छाने लगती है। अगर घर में लगा कोई पेड़ पौधा सूख रहा है तो उसे हटा देना ही बेहतर होता है वास्तु अनुसार सूखे पेड़ पौधे उदासी का कारण बनते है और इनकी वजह से परिवार में अशांति बनी रहती है। घर में कांटेदार भी पौधो को नहीं लगाना चाहिए इससे परिवार में तनाव का माहौल बना रहता है और आपसी मतभेद भी पैदा होने लगता है।
▶️ जीवनोपयोगी कुंजियां ⚜️
सीने में जलन को इन घरेलू उपचार से करें ठीक
सीने में अगर आपको बहुत तेज जलन हो रही है तो आप पुदीना फ्लेवर्ड के चुइंगम चबाएं. इसे चबाने से जलन एकदम कम होगा. आपके दांत और शरीर को आराम मिलेगा. और एक चीज जब भी चबाएं तो शुगर फ्री चुइंगम ही चबाएं.
सीने में जलन को कम करने के लिए बेकिंग सोडा बहुत कारगर है. इसके लिए आप एक गिलास पानी लें उसमें एक चौथाई बेकिंग सोडा डालें और फिर इसे मिक्स करके पी लें. इससे आपको 15 मिनट में आराम मिलेगा. आपको बेकिंग सोडा पीने के बाद बैचेनी, उल्टी और सीने में जलन की समस्या कम होती है.
कैमोमाइल चाय सीने में जलन को कम करने के लिए आप कैमोमाइल चाल भी पी सकते हैं. इसमें मौजदू कई तरह के गुण पेट के लिए काफी फायदेमंद होता है. इसे आप खाने के बाद पिएंगे तो काफी ज्यादा आराम मिलेगा.
बादाम एक मुट्ठी बादाम भी आपके हार्ट बर्न की समस्या को तुरंत ठीक कर देती है.
🥒 आरोग्य संजीवनी 🍓
छिलके वाले आलू आजकल ज्यादातर लोग छिलके वाले आलू की सब्जी खाते हैं लेकिन क्या आपको पता है इसका सेवन करने से आपकी किडनी धीरे-धीरे खराब होने लगती है. इसलिए आलू को हमेशा छीलकर ही खाना चाहिए.
टमाटर अगर आप रोजाना ज्यादा मात्रा में टमाटर का सेवन करते हैं तो ये आपको परेशानी में डाल सकता है. ऐसा इसलिए क्योंकि टमाटर में पोटैशियम काफी ज्यादा मात्रा में होती है जो आपकी किडनी को खराब कर सकता है.
दूध और दही दूध और डेयरी प्रोडक्ट को इन लोगों को बिल्कुल नहीं खाना चाहिए जिसको किडनी में दिक्कत है. ऐसा इसलिए क्योंकि डेयरी प्रोडक्ट का सेवन करने से किडनी पर अधिक दबाव पड़ता है जिसकी वजह से आपकी दिक्कत बढ़ सकती है.
📖 गुरु भक्ति योग 📖
सप्ताह में शुक्रवार का दिन माता लक्ष्मी की पूजा को समर्पित होता है, इस दिन भक्त देवी मां लक्ष्मी की विधिवत पूजा करते है और उपवास रखते है मान्यता है कि ऐसा करने से देवी लक्ष्मी की कृपा हमेशा बनी रहती है वही इसके अलावा आज के दिन अगर जरूरतमंदों और गरीबों को दान दिया जाए तो भी मां प्रसन्न होकर भक्तों की झोली भरती है
ऐसे में अगर आप भी माता लक्ष्मी का आशीर्वाद पाना चाहते है आज के दिन गरीबों को दान दें और बुजुर्गों की सेवा जरूर करें ज्योतिष अनुसार शुक्रवार के दिन कुछ विशेष चीजों का दान करने से माता लक्ष्मी अपने भक्तों पर धन वर्षा करती है साथ ही इस दिन दान करने से ग्रह दशा भी सुधर जाती है तो आज हम आपको बता रहे है कि शुक्रवार के दिन किन चीजो का दान उत्तम होता है तो आइए जानते है आचार्य श्री गोपी राम से।
शुक्रवार को करें इन चीजों का दान—ज्योतिष अनुसार शुक्रवार का दिन माता लक्ष्मी और शुक्र ग्रह को समर्पित होता है ऐसे में इस दिन छोटे बच्चों और कन्याओं को सफेद मिष्ठान खिलाएं और जरूतमंदों को भी सफेद अन्न का दान करें मान्यता है कि ऐसा करने से कुंडली में शुक्र की स्थिति मजबूत होती है जिससे वैवाहिक जीवन में सुख शांति बनी रहती है। वही आज के दिन विवाहित महिलाओं को श्रृंगार की सभी चीजों का दान करना भी उत्तम होता है लेकिन इस बात का ध्यान रखें कि ये सभी चीजें लाल रंग की हो इसे शुभ माना जाता है
ऐसा करने से जीवन की परेशानियां समाप्त हो जाती है। आज के दिन सफेद रंग की चीजों का भी दान करना उत्तम माना जाता है शुक्रवार के दिन आप नमक, चीनी और दही का दान कर सकते है इससे सुख समृद्धि आपके घर में आती है और धन की कोई कमी नहीं रहती है। ज्योतिष अनुसार शुक्रवार के दिन रेशमी वस्त्रों, पुरानी चादरों आदि का दान भी करना चाहिए इससे घर परिवार में सुख शांति और समृद्धि बनी रहती है साथ ही वैवाहिक जीवन भी मधुर रहता है।
●●●●●★᭄ॐ नमः श्री हरि नम: ★᭄●●●●●
⚜️ द्वादशी तिथि के दिन तुलसी नहीं तोड़ना चाहिये। आज द्वादशी तिथि के दिन भगवान नारायण का पूजन और जप आदि करने से मनुष्य का कोई भी बिगड़ा काम भी बन जाता है। यह द्वादशी तिथि यशोबली अर्थात यश एवं प्रतिष्ठा प्रदान करने वाली तिथि मानी जाती है। यह द्वादशी तिथि सर्वसिद्धिकारी अर्थात अनेकों प्रकार के सिद्धियों को देनेवाली तिथि भी मानी जाती है। यह द्वादशी तिथि भद्रा नाम से विख्यात मानी जाती है। यह द्वादशी तिथि शुक्ल पक्ष में शुभ तथा कृष्ण पक्ष में अशुभ फलदायिनी मानी जाती है।
द्वादशी तिथि में जन्म लेनेवाले व्यक्ति का स्वभाव अस्थिर होता है। इनका मन किसी भी विषय में केन्द्रित नहीं हो पाता है। इस व्यक्ति का मन हर पल चंचल बना रहता है। इस तिथि के जातक का शरीर पतला व कमज़ोर होता है। स्वास्थ्य की दृष्टि से इनकी स्थिति अच्छी नहीं होती है। ये यात्रा के शौकीन होते हैं और सैर सपाटे का आनन्द लेते रहते हैं।

