गरीब बेटी का कन्यादान कर लोधी दंपत्ति ने निभाया फ़र्ज़, सनातन हिंदू समाज में की मिसाल पेश
पिता का साया बेटी पूजा के सिर से उठ चुका था, घर में हुई चोरी से गहने भी चुरा ले गए थे चोर, मकान मालिक डॉ राजेश लोधी ने निभाया जिम्मा
रिपोर्टर : शिवलाल यादव
रायसेन। रायसेन शहर के लोधी समाज से डॉक्टर दंपत्ति ने जहां एक ओर मृत्युभोज की प्राचीन रूढ़िवादी कुरीतियों को तोड़ते हुए यादव समाज की एक बेटी का हिन्दू रीति रिवाज से धूमधाम से विवाह कराकर वास्तव में सनातन हिंदु समाज में एक मिसाल पेश की है। जिससे गरीब बेटी पूजा यादव का विवाह धूमधाम से संपन्न हुआ।बल्कि लोधी समाज की दंपत्ति ने मृत्यु भोज न कराने का भी संदेश दिया है।
जिसकी लोगों द्वारा चौतरफा उस लोधी परिवार की तारीफ की जा रही है।लोगों को इस मिसाल से प्रेरणा लेकर गरीब लोगों की दो कदम आगे आकर भरपूर मदद करना चाहिए।
रायसेन शहर में श्रीराम लीला ग्राउंड के समीप क्लीनिक संचालित करने वाले पेशे से डॉक्टर राजेश लोधी अपने परिवार की आजीविका आराम से चला रहे हैं। डॉ राजेश लोधी की माताजी लीलाबाई लोधी का स्वर्गवास कोविड की दूसरी लहर 23 अप्रैल 2021 को हो गया था। मां लीला बाई के निधन के बाद उनका मृत्युभोज नहीं कराने का फैसला किया। साथ ही उन्होंने यह तय किया कि इस राशि का किसी गरीब जरूरतमंद पर खर्च कर मदद करना है। इसके बाद उन्होंने गरीब और आर्थिक रूप से कमजोर गरीब बेटी का विवाह कराने का संकल्प लिया।
पिता का साया पहले ही उठ चुका था, फिर घर में हुई जेवरात की चोरी ने कमर तोड़ी….
श्रीजी सिटी कॉलोनी में यादव परिवार डॉ राजेश लोधी के मकान में किराए से रहता है। इसके परिवार में उनकी 5 बेटियां और 2 बेटे हैं। इनके सिर से पिता का साया पहले ही उठ चुका था।दोनों बेटे मजदूरी कर अपने परिवार का पेट पाल रहे हैं। इनकी चौथे नंबर की बेटी पूजा यादव की सगाई धनियाखेड़ी साँची निवास यादव परिवार के युवक से हुई। बाद में इनके घर में लाखों के जेवरों की चोरी भी हो गई।साथ ही चोर उनके घर की जमा पूंजी भी चुरा ले गए थे। अब इस यादव परिवार के सामने पूजा के विवाह का संकट खड़ा हो गया । जब यह बात डॉ राजेश लोधी तक पहुंची। उन्होंने अपनी धर्मपत्नी ममता लोधी की सहमति से गरीब बेटी पूजा यादव के हाथ पीले करने की ठान ली। पूजा यादव के भाई संजू यादव भाभी मीना यादव का कहना है कि डॉ राजेश लोधी ने पिता की तरह साथ दिया उनका यह सहयोग समाज के लिए अनुकरणीय है।



