थाना परिसर में क्वार्टर होने के बावजूद कटनी से अप-डाउन कर रहे थाना प्रभारी महेंद्र जायसवाल

स्थानीय जनप्रतिनिधियों ने जताई चिंता, बोले—उमरियापान थाना बनने के बाद पहली बार देख रहे ऐसी जयस्थिति; कई लोग थाना प्रभारी को पहचानते तक नहीं
रिपोर्टर : सतीश चौरसिया
उमरियापान । उमरियापान थाना प्रभारी महेंद्र जायसवाल की कार्यप्रणाली को लेकर स्थानीय स्तर पर सवाल उठने लगे हैं । स्थानीय जनप्रतिनिधियों के अनुसार, थाना परिसर में थाना प्रभारी के रहने के लिए क्वार्टर उपलब्ध होने के बावजूद वे वहां नहीं रुकते और कटनी से आवागमन करते हैं । उनके आने-जाने के समय को लेकर भी लोगों में स्पष्ट जानकारी का अभाव बताया जा रहा है ।
स्थानीय जनप्रतिनिधियों का कहना है कि जब से उमरियापान थाना अस्तित्व में आया है, तब से यह पहली बार देखने में आ रहा है कि थाना प्रभारी परिसर में बने अपने क्वार्टर में नहीं रुक रहे हैं । उनका मानना है कि थाना प्रभारी की क्षेत्र में नियमित मौजूदगी और सक्रिय भ्रमण से आम नागरिकों को अपनी समस्याएं रखने में आसानी होती है तथा पुलिस और जनता के बीच बेहतर समन्वय स्थापित होता है ।
*क्षेत्र में कम भ्रमण को लेकर भी चर्चा*
स्थानीय लोगों के मुताबिक, थाना प्रभारी महेंद्र जायसवाल का क्षेत्र में भ्रमण कम होने के कारण थाना क्षेत्र के कई लोग उन्हें व्यक्तिगत रूप से पहचानते तक नहीं हैं । ऐसे में पुलिस की स्थानीय स्तर पर सक्रियता और थाना प्रभारी की क्षेत्र में मौजूदगी को लेकर चर्चा हो रही है ।
थाना प्रभारी की जिम्मेदारी केवल थाने में बैठकर कार्यों का संचालन करने तक सीमित नहीं होती, बल्कि क्षेत्र की स्थिति से परिचित रहना, आम नागरिकों से संवाद बनाए रखना और कानून-व्यवस्था पर निगरानी रखना भी महत्वपूर्ण माना जाता है । ऐसे में स्थानीय जनप्रतिनिधियों ने थाना प्रभारी की उपलब्धता और क्षेत्र में भ्रमण को लेकर स्थिति स्पष्ट किए जाने की आवश्यकता जताई है ।
*जवाबदेही और जनसंपर्क पर उठे सवाल*
स्थानीय जनप्रतिनिधियों का कहना है कि पुलिस अधिकारी की क्षेत्र में नियमित मौजूदगी से आम लोगों में सुरक्षा का भरोसा मजबूत होता है । इसलिए थाना प्रभारी के मुख्यालय पर रुकने, उनके निर्धारित कार्य समय और क्षेत्रीय भ्रमण की स्थिति स्पष्ट होना जरूरी है ।



