नीलम पार्क में दिव्यांग एवं नेत्रहीन बच्चों ने अपनी मांगों को लेकर किया प्रदर्शन
रिपोर्टर : शिवकुमार साहू
भोपाल । सामाजिक न्याय एवं निशक्तजन कल्याण द्वारा विशेष विद्यालय का संचालन किया जाता है परंतु अत्यंत खेद का विषय है कि मध्य प्रदेश के कई विद्यालयों ने विगत कई वर्षों से प्रशिक्षित शिक्षकों की कमी संचालन में दिव्यांग छात्रों की अनदेखी हो रही है । अतः निम्नलिखित बिंदुओं पर ध्यान आकर्षित करते हुए समस्याओं का तुरंत निराकरण करने का आग्रह किया है स्थिति यह है कि शासकीय उ.मा. दृष्टि एवं श्रवण बाधित विद्यालय की वाहन व्यवस्था बिना कोई वैकल्पिक व्यवस्था किए 5 वर्षों से बंद है यह पूरे भोपाल में एकमात्र शासकीय दिव्यांगजन विद्यालय है इससे पूरे भोपाल से दृष्टिहीन बाधित बालक एवं बालिकाओं पढ़ने आते हैं दृष्टि बाधित बालक और बालिकाएं अकेले स्कूल नहीं आ सकते हैं जिसके कारण लगभग 5 वर्षों से किसी भी तरह की कोई स्कूल द्वारा वाहन नहीं आ रहा है जिससे कि दृष्टिहीन बालक एवं बालिकाओं को बहुत परेशानी का सामना करना पड़ रहा है एवं दृष्टिहीन बालक बालिकाओं की मांग है कि तत्काल वाहन व्यवस्था शुरू करने की कार्यवाही की जाए ताकि इन बालक बालिकाओं का जीवन बर्बाद होने से बच सकें तथा समाज में यह मुख्यधारा से जुड़ सकें।



