सिटी बसो का दायरा बढाकर पचास किलोमीटर तक किया जावे, लोकल यात्रियो की मांग
रिपोर्टर : कुंदन लाल चौरसिया
गौरझामर । यात्रियो ने सागर मे संचालित सिटी बसो का क्षेत्रफल पचास किलोमीटर तक बढाने की मांग नगर निगम सागर से की है। बताया जाता है की जबसे राज्य परिवहन कालीन यहां सागर से सुरखी, सागर से गौरझामर, सागर से देवरी, सागर से केसली, सागर से महाराजपुर, सागर से बरमान, चलने वाली नियमित यात्री बसो को बन्द किया है तभी से यात्रियो की मुश्किले बढ गई है वर्तमान मे यहां चलने वाली निजी यात्री बसो जिनमे नरसिहपुर, नागपुर, छिंददवाडा, सिवनी, होशंगाबाद, पिपरिया आदि लम्बी दूरी की एक्सप्रेस यात्री बसो, स्लिपर कोच बसो मे चितोरा, सुरखी, ज्वाप, बरकोटी, बिजोरा, जैतपुर कछया, सरखेडा गुरू चोपडा, खामखेडा, गौरझामर, बस स्टेण्डो से जुडे पचासो गांव कस्बो के हजारो यात्रियो को इन बसो मे सीट नही मिलने पर मजबूरन खडे खडे यात्रा करना पडती है इनमे महिलाये, बच्चे, वृद्ध, बीमार, दिव्यांग सभी कष्टप्रद यात्रा करते है। यही नही इन बसो मे यात्रियो से पूरा व मनमाना किराया बसूलने के बाद भी ठूंस ठूंस कर भेड बकरियो की तरह अमानवीय व असम्मान जनक रुप से खडे खडे यात्रा कराई जाती है जो बेहद दुखद व चिन्ता जनक है। लोकल बस टाइमिगो के बंद होने के स्थान पर विकल्प के रुप मे यदि सिटी बसो को पचास किलो मीटर तक बढाकर चलाया जाता है तो इसका लाभ उन यात्रियो को मिलेगा जो रोज खडे खडे यात्रा करते है, साथ ही घाटे मे चलने वाली सिटी बसो का घाटा भी पूरा होगा व यह बसे लाभ मे चलेगी इस दायरे मे गौरझामर, रहली, गढाकोटा, खुरई, बन्डा, सुरखी, बिलहरा, राहतगढ आदि आ जावेगे। इनसे जुडे आसपास के सैकडो गांव के लोग जो रोजाना बाजार करने, व्यवसाय करने, छात्र छात्राये स्कूल कालेज पढने नौकरी पेशा अधिकारी कर्मचारी नौकरी करने अपडाउन करते है उन्है यह बसे वरदान के साथ साथ सुविधाजनक भी होगी।



